वैलेंटाइन वीक स्पेशल:Bumble और Tinder जैसे डेटिंग ऐप से है खतरा? वैलेंटाइन डे से पहले समझें, इससे कैसे रहें सुरक्षित?

8 महीने पहले

नेटफ्लिक्स पर 2 फरवरी को एक डॉक्यूमेंट्री रिलीज हुई। नाम है– The Tinder Swindler। टिंडर एक डेटिंग ऐप है। स्विंडलर का मतलब है, ठग। यह कहानी एक रियल स्टोरी पर बेस्ड है। ठग किरदार का नाम है साइमन लिवाय जो असल में शिमोन हएत की जिंदगी की कहानी है। वह फ्रांस का रहने वाला है। कई बार फर्जीवाड़े के केस में फंस चुका है। फ्रांस पुलिस को चकमा देकर वह इजराइल भाग जाता है। वहां Tinder के जरिए लड़कियों से दोस्ती करता है। उन्हें मनगढ़ंत कहानी सुनाकर पैसे लेता है। वह लगभग 75 करोड़ रुपए Tinder पर दोस्ती कर ऐंठता है।

साइमन जैसे Tinder Swindler से रहें सतर्क
साइमन जैसे Tinder Swindler से रहें सतर्क

डॉक्यूमेंट्री रिलीज होने के बाद Tinder ने साइमन को अपने प्लेटफॉर्म से बैन कर दिया है। Tinder के प्रवक्ता ने कहा कि इस नाम से या किसी और नाम से कोई फ्रॉड उनके प्लेटफॉर्म पर नहीं है, लेकिन डिजिटल जालसाजी के युग में ऐसा बार-बार संभव है। आपको यह डॉक्टूमेंट्री देखनी चाहिए। इससे आप जान पाएंगे कि साइमन की पूरी कहानी क्या है? उसके फ्रॉड करने का तरीका क्या है, ताकि हम डेटिंग ऐप पर मौजूद साइमन जैसे ठगों के जाल में फंसने से बच सकें।

लड़के भी बन रहे हैं डेटिंग ऐप पर Victim
पहला केस

महाराष्ट्र के ठाणे में 36 वर्षीय एक व्यक्ति को एक महिला ने कैद करके रखा। धीरे-धीरे उससे 6 लाख रुपए वसूल लिए। पीड़ित इस महिला से एक डेटिंग ऐप के जरिए मिला था। महिला ने उसे अपने शहर बुलाया और अन्य आरोपियों की मदद से कैद कर लिया। महिला ने उसे छोड़ने के बदले 10 लाख रुपए की मांग की थी।

दूसरा केस
गुड़गांव के 27 वर्षीय एक बिजनेसमैन ने जैसे ही डेटिंग ऐप पर अपना अकाउंट खोला, कंपनी के कर्मचारियों ने फीस के नाम पर तुरन्त ही अपने अलग-अलग बैंक अकाउंट में 65 लाख वसूल लिए। अकाउंट खोलने के बाद कंपनी की एक महिला कर्मचारी उसके संपर्क में आई। बिजनेसमैन को जब शक हुआ और उसने पैसे देने से मना किया, तब महिला ने रेप का इल्जाम लगाने की उसे धमकी दी।

Bumble, Tinder, TrulyMadly, OkCupid और Grindr न जाने कितने ऐसे डेटिंग ऐप हैं जिसका इस्तेमाल आज की यंग जनरेशन कर रही है। वे इससे नए फ्रेंड रोजाना बना रहे हैं। ऐसे ही ऐप कई बार आपके लिए मुसीबत का कारण बन सकते हैं। आप ऑनलाइन धोखे के चंगुल में फंस सकते हैं। अगर आप सिंगल हैं और सोच रहे हैं कि इस वैलेंटाइन डे के पहले किसी डेटिंग ऐप के माध्यम से दोस्ती कर ली जाए तो हो जाएं सावधान।

जरूरत की खबर में आज हम बता रहे हैं कि किस तरह से डेटिंग ऐप का इस्तेमाल करना चाहिए। ऐसी कौन-सी बातें हैं जिसका ध्यान रखना चाहिए।
ऐसे कई मामले सामने आ चुके हैं, जहां ऑनलाइन डेटिंग के जरिए ठगी हुई। ठग सामने वाली की कमजोरी का फायदा उठाता है। ऐप के जरिए नकली प्यार, रोमांस कर रिलेशनशिप स्ट्रॉन्ग करता है। जब उसे लगता है कि सामने वाला झूठे प्यार में फंस गया है तब वह उससे पैसे की मांग करता है।

कोविड -19 की वजह से डेटिंग ऐप पर यूजर्स की संख्या बढ़ी है। ऐसे में ऑनलाइन डेट करते वक्त अलर्ट रहने की जरूरत है। ऑनलाइन दोस्ती के बाद कोई पैसे की मांग कर रहा है तो पैसे देने से पहले इस बारे में जरूर सोचें। फिर भी आप अगर धोखाधड़ी के शिकार हो जाते हैं तो बिना डरे शिकायत करें।

डेटिंग ऐप्स की तुलना करें: वे कितने सुरक्षित हैं?
किसी भी ऐप पर दोस्ती न करें। सारे ऐप की आपस में तुलना करें। देखें कौन-सा ऐप सही है सुरक्षा के लिहाज से। सेफ्टी, सिक्योरिटी और प्राइवेसी के आधार पर ही डेटिंग ऐप पर प्रोफाइल बनाएं।

सेफ्टी गाइडलाइन
नई प्रोफाइल बनाने की प्रक्रिया हर ऐप की अलग होती है। आमतौर से साइन अप करने में केवल एक फोन नंबर या ई-मेल एड्रेस, नाम, एज और जगह की आवश्यकता होती है। ज्यादा सेफ्टी वाले जो ऐप होंगे, वहां ऐप यूज करने वालों को थोड़ा ज्यादा ही सवालों का जवाब देना पड़ सकता है, इसलिए सेफ्टी गाइड को फॉलो करें, जल्दबाजी नहीं।

ब्लॉक करने और शिकायत की सुविधा
पैसे खर्च कर रजिस्टर करने वाले ऐप में प्राइवेसी की सुविधा रहती है। उदाहरण के लिए टिंडर पर अगर आप अपनी लोकेशन नहीं बताना चाहेंगे तो उसके लिए टिंडर प्लस का इस्तेमाल करना होगा। उसके लिए आपको कुछ पैसे खर्च करने पड़ेंगे। इसी तरह टिंडर और ट्रूली मैच नाम के दूसरे ऐप पर आपको बातचीत शुरू करने के बाद 'अनमैच' करने का विकल्प मिलता है।

डेटिंग ऐप पर अकाउंट खोलने से पहले क्या करें?
सावधानी जरूरी

प्रोफाइल बनाते समय थोड़ी सावधानी बरतें, ताकि बाद में आपको अपने बारे में दी गई कुछ जानकारी डिलीट नहीं करनी पड़े। कभी भी शुरुआत में अपने बारे में ज्यादा जानकारी नहीं देनी चाहिए। बेहतर रहेगा कि ऐसे किसी ऐप के लिए एक अलग नंबर रखें, ताकि जब भी जरूरत पड़े तब आप उसे स्विच ऑफ कर सकते हैं।

निजी जानकारी न दें
अपनी पर्सनल डीटेल्स देने से बचें। लास्ट नेम, निकनेम, सोशल मीडिया पर किस नाम से हैं, अपनी ई-मेल ID और फोन नंबर ऑनलाइन डेटिंग प्रोफाइल में शामिल न करें। डेटिंग ऐप या वेबसाइट पर रजिस्टर करते समय अपने फेसबुक अकाउंट से लॉग इन की सलाह से बचें।

ऐप डाउनलोड करने से पहले चेक करें
जिस ऐप का इस्तेमाल करने की आप सोच रहे हैं, चेक करें कि उसके बारे में कोई शिकायत तो दर्ज नहीं हुई है। लोकल लेवल पर बनने वाले ऐप को डाउनलोड न करें। मोबाइल मैसेज से किसी ऐप को डाउनलोड करने की सलाह दी जा रही है तो उसे डिलीट करें।

फेसबुक और इंस्टाग्राम की फोटो न लगाएं
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लगी फोटो को डेटिंग ऐप की प्रोफाइल पिक्चर न बनाएं। ऐसे करने से सामने वाला आपकी सारी जानकारी रिवर्स इमेज सर्च से पता कर सकता है। उसे पता चल सकता है कि आप कौन हैं, कहां से हैं। अगर कोई ठग होगा तो निजी जानकारी का गलत फायदा उठाएगा। डेटिंग ऐप पर मौजूद रहने वाला हर व्यक्ति गलत नहीं है। पूरी तरह से जांच के बाद आप दोस्ती कर सकते हैं। इसके बावजूद कुछ बातों का ध्यान रखें।