पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App
  • Hindi News
  • NBCC To Complete Unfinished Projects Of Jaypee Infratech

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

जेपी इंफ्राटेक के अधूरे प्रोजेक्ट्स को अब भारत की नवरत्न कंपनी एनबीसीसी करेगी पूरा

एक वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
  • सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान एनबीसीसी ने प्रोजेक्‍ट पूरा करने पर सहमति दी
  • एनबीसीसी तीन हफ्ते में पेश करेगी सीलबंद लिफाफे में नया प्रस्ताव

नई दिल्ली. जेपी इंफ्राटेक के अधूरे प्रोजेक्ट्स को पूरा करने का जिम्मा एनबीसीसी ने लिया है। गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान एनबीसीसी ने प्रोजेक्‍ट पूरा करने पर सहमति दी है।
 
नेशनल बिल्डिंग्स कंस्ट्रक्शन कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एनबीसीसी) भारत सरकार की नवरत्न कंपनियों में से एक है। कुछ दिन पहले ही सुप्रीम कोर्ट ने एनबीसीसी को नोटिस जारी कर पूछा था कि क्या वह ये जिम्मेदारी निभाने को तैयार है? एनबीसीसी के हामी भरने पर सुप्रीम कोर्ट ने एनबीसीसी को तीन हफ्ते में सीलबंद लिफाफे में नया प्रस्ताव पेश करने को कहा है। एनबीसीसी के पास पहले ही आम्रपाली समूह के प्रोजेक्ट्स पूरे करने का जिम्मा है।
 

एनसीडीआरसी ने यूनिटेक को 33 बायर्स को हर्जाना देने को कहा
उपभोक्ता विवाद मामलों में देश की सबसे बड़ी संस्था नेशनल कंज्यूमर डिसप्यूट रिड्रेसल कमीशन (एनसीडीआरसी) ने यूनिटेक बिल्डर को 33 घर खरीदारों को हर्जाना देने का आदेश दिया है। कमीशन ने 9 महीने में निर्माण कार्य पूरा करने को भी कहा है। इन फ्लैट को तैयार होने के 2 महीने में बायर्स को सौंपने का भी आदेश दिया गया है।
 
कमीशन ने कहा कि रियल स्टेट कंपनी उस तारीख से हर्जाना दे जिस तारीख को उसने फ्लैट की डिलीवरी का वादा किया था। उस तारीख से 8 फीसदी के दर से ब्याज लगा कर हर्जाने की रकम दी जाए। कंप्लेंट करने वालों को 50 हजार रुपए की रकम कोर्ट केस के खर्च के रूप में देने का आदेश भी दिया गया है। कंप्लेंट करने वालों ने नोएडा सेक्टर 117 के यूनिवर्ल्ड प्रोजेक्ट में फ्लैट बुक कराए थे।

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- पिछले रुके हुए और अटके हुए काम पूरा करने का उत्तम समय है। चतुराई और विवेक से काम लेना स्थितियों को आपके पक्ष में करेगा। साथ ही संतान के करियर और शिक्षा से संबंधित किसी चिंता का भी निवारण होगा...

और पढ़ें