अदनान सामी ने पहले गाने पर की बात:बोले- लिफ्ट करा दे… गाने के वक्त मुझे वाकई लिफ्ट की जरूरत थी

मुंबई2 महीने पहलेलेखक: उमेश कुमार उपाध्याय
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अदनान सामी इन दिनों अपने ट्रांसफॉर्मेशन और नए सिंगल वीडियो ‘अलविदा…’ को लेकर चर्चा में बने हुए हैं। इस मौके पर अदनान ने दैनिक भास्कर से उनके वीडियो से लेकर पुराने गानों पर बातचीत की पढ़िए बातचीत का अंश-

लंबे समय बाद सिंगल वीडियो ‘अलविदा…’ लेकर आए हैं। क्या वजह रही इतने गैप की?
ऑफकोर्स, कोविड-19 की वजह से पूरी दुनिया ही रुक गई थी। उस वक्त कुछ करने का मतलब नहीं बन रहा था, बल्कि उस वक्त का मैंने फायदा उठाया। बहुत सारी चीजों के बारे में सोचने का मौका मिला। मैंने अपनी जिंदगी के बारे में सोचा कि कौन-सी चीज है, जिसे दोबारा ठीक करना है। अपनी म्यूजिक के बारे में भी नए अंदाज से सोचा और तैयार हो गया, तब एक नई सोच, नए अवतार के साथ दर्शकों के सामने आया। अब यही दुआ है कि लोगों को यह पसंद आए।

आप अपने नाम अदनान सामी के आगे ‘2.O’ लगाते हैं। इसका मतलब क्या है?
मैंने अदनान 2.O लिखा था। वह इसलिए था कि एक नए अवतार के साथ आ रहा हूं। मैंने सोचा कि नए अंदाज में आ रहा हूं, तब क्यों न इस चीज को लोगों के सामने बयां करूं। अब नई चीजें चल रही हैं। बहुत सारे गाने लाइनअप हैं, अब एक के बाद एक गाने रिलीज होते रहेंगे। उम्मीद है कि दर्शक इसका भरपूर आनंद लेंगे।

भीगी-भीगी रातों में…गाना हो या फिर लिफ्ट करा दे…हो, ये सबके फेवरेट गाने रहे हैं। इनके पीछे की यादगार बात?
बड़ी सिंपल-सी बात है। लिफ्ट करा दे… गाने के वक्त मुझे वाकई लिफ्ट की जरूरत थी, क्योंकि मैंने इंडस्ट्री में कदम रखा ही था। मुझे वाकई में एक ब्रेक की तलाश थी। इसलिए मेरे दिल से यह दुआ निकली थी, जिसकी वजह से यह गाना बना। दूसरा गाना- भीगी भीगी रातों में… गाने को मैंने एक्चुअली, मुंबई में कंपोज किया था, वह भी मानसून के दौरान। उस वक्त जबरदस्त बारिश हो रही थी। बारिश जब जमीन पर गिरती, तब थपाक की जो आवाज आती थी, उससे इंस्पायर होकर तबला, ढोलक का थपाक को रिदम पैटर्न बनाया। मैं मुंबई के बांद्रा इलाके में रहता था। इस गाने के साथ मुंबई का गहरा नाता है।

आप अपना वजन कम करने के लिए जाने जाते हैं। कितना वजन कम किया?
मैंने 130 किलो वजन कम किया। अब तकरीबन 75 से 80 किलो के बीच वजन रहता है। मैं स्क्वाश खेलता हूं, यह मेरे रूटीन में है। खाना बहुत कम खाता हूं, पर छोटे-छोटे मील्स लेता हूं। वजन कम करने का मेरा यही वसूल है।

15 अगस्त को आपका बर्थडे भी है और इस बार 15 अगस्त को स्वतंत्रता का अमृत महोत्सव भी मनाया जा रहा है। कुछ बात, याद शेयर करेंगे?
अफकोर्स, 15 अगस्त मेरी सालगिरह है। बहुत खुशी है कि यह सालगिरह हिंदुस्तान के साथ मनाता हूं। मुझे यह बात हमेशा महसूस हुई कि इतने अच्छे दिन में सालगिरह हुई, इसके पीछे ऊपर वाले का ही इशारा था कि तुम्हारी जिंदगी और तुम्हारे दिल का जो तार है, वह हिंदुस्तान के साथ जुड़ी हुई है और वहां पर अपने मुस्तक दिल को जाकर ढूंढ़ो। इस तरह अहिस्ता-अहिस्ता मेरा दिल हिंदुस्तान की तरफ खिंचने लगा। आखिरकार यहां आकर बस गया। तकरीबन 23 साल हो गए, यह पर खुशी के साथ यहां पर बसा हुआ हूं। मेरे लिए इससे बढ़कर खुशी की बात हो ही नहीं सकती।

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