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मधुबाला का 88वां जन्मदिन:ताउम्र सच्चे प्यार के लिए तरसती रही थीं मधुबाला, दिलीप कुमार ही नहीं, किशोर कुमार ने भी अंतिम दिनों में छोड़ दिया था साथ

7 महीने पहले
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एक दौर ऐसा था जब हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में गिने-चुने चेहरे ही दर्शकों को लुभाते थे। 1940 के दशक में एक ऐसी ही हीरोइन थी जिसकी खूबसूरती को लोग आज भी नहीं भूल पाए हैं। वो जिसे हम मधुबाला के नाम से जानते हैं। फिल्म 'मुगल-ए-आजम' में मधुबाला ने अनारकली का जो किरदार निभाया वो आज भी लोगों के दिलों में बसा हुआ है।

मधुबाला का जन्म 14 फरवरी, 1933 को दिल्ली में एक पश्‍तून मुस्लिम परिवार में हुआ था। उन्होंने यूं तो फिल्मों में एंट्री बाल कलाकार के तौर पर 1942 में आई फिल्म 'बसंत' से कर दी थी। उस वक्त उनकी उम्र सिर्फ 9 साल थी, लेकिन बतौर अभिनेत्री उन्होंने 1947 में 'नीलकमल' में काम किया। जिसे फिल्ममेकर केदार शर्मा ने बनाई थी। इसके बाद उन्होंने 1947 में 'दिल की रानी' और 1948 में 'अमर प्रेम' में काम किया। ये सभी फिल्में उन्होंने 'द शो मैन' कहे जाने वाले राज कपूर के साथ की थीं।

मधुबाला का बचपन का नाम मुमताज बेगम जहां देहलवी था। वो अपने माता-पिता की पांचवीं संतान थी और उनके अलावा उनके 10 भाई-बहन थे। अपनी पांच बहनों में वो सबसे ज्यादा कमाती थीं। उन्होंने छोटी सी उम्र में ही फिल्मों में काम करना शुरू कर दिया था जिसके चलते वो स्कूल नहीं जा सकीं। उन्हें उर्दू आती थी, लेकिन अंग्रेजी का एक शब्द भी नहीं बोल पाती थीं।

मधुबाला की छोटी बहन मधुर भूषण (असली नाम जाहिदा) की मानें तो वे ताउम्र सच्चे प्यार के लिए तरसती रही थीं। एक इंटरव्यू में उन्होंने इस बात का खुलासा किया था कि मधुबाला को सिर्फ दिलीप कुमार ने नहीं बल्कि किशोर कुमार ने भी धोखा दिया था।

दिलीप कुमार की शर्त ने छीन लिया मधुबाला का प्यार

मधुबाला की बहन की मानें तो दिलीप कुमार से उनका रिश्ता बी. आर. चोपड़ा की फिल्म 'नया दौर' के वजह से टूटा न कि उनके पिता अताउल्लाह खान की जिद से। इस फिल्म के कुछ हिस्सों की शूटिंग कर चुकी मधुबाला को मेकर्स ने बाकी शूटिंग के लिए ग्वालियर भेजना चाहा। डकैत इलाका होने के चलते पिता ने मेकर्स से लोकेशन चेंज करने का आग्रह किया। जिसके लिए वे राजी नहीं हुए। तब मेरे पिता ने मधुबाला को फिल्म छोड़ने और मेकर्स के पैसे लौटाने के लिए कहा।

उस दौरान दिलीप कुमार की सगाई मधुबाला से हो चुकी थी। इस लिहाज से चोपड़ा ने दिलीप को मधुबाला से बात करने के लिए भेजा। दिलीप से मधुबाला को खूब समझाया, लेकिन वे पिता के खिलाफ जाने के लिए राजी नहीं हुईं। फिर चोपड़ा प्रोडक्शन ने मधुबाला के खिलाफ केस फाइल किया, जो लगभग एक साल तक चला। इसी बीच दोनों के रिश्ते में दरार आई।

दिलीप साहब ने उनके सामने फिल्में छोड़, शादी करने का प्रस्ताव रखा। मधुबाला ने कहा कि वे तभी शादी करेंगी जब दिलीप उनके पिता से माफी मांगे। दिलीप के इनकार के बाद, दोनों की राहें जुदा हो गई। शायद वह 'एक माफी' इनकी जिंदगी बदल सकती थी। मधुबाला ने उम्र के आखिरी दिन तक दिलीप साहब को प्यार किया था।

बहन बोलीं-बीमारी का पता लगते ही दूर हुए किशोर कुमार

जब मधुबाला बीमार थीं और लंदन में इलाज के लिए जाने की हम प्लानिंग कर रहे थे। उस दौरान किशोर कुमार ने उनको प्रपोज किया। पिता चाहते थे कि मधुबाला डॉक्टर्स की राय लें और पूरी तरह ठीक होने के बाद ही शादी करें। लेकिन दिलीप साहब के व्यवहार से गुस्साई मधुबाला ने तुरंत किशोर कुमार से शादी कर ली। 27 साल की उम्र में साल 1960 में इनकी शादी हुई।

जैसे ही डॉक्टर्स ने बताया- कि वे ज्यादा दिनों तक नहीं जी पाएंगी- तब किशोर भाई ने मुंबई के कार्टर रोड में बंगला खरीद, उन्हें वहां नर्स और ड्राइवर के साथ छोड़ दिया। चार महीने में एक बार वे मिलने आया करते थे। उन्होंने मधुबाला का फोन उठाना भी बंद कर दिया था। किशोर भाई मधुबाला से बेइंतहा प्यार करते थे, लेकिन जैसे ही वह लंदन से आईं, उन्होंने मधुबाला को धोखा दे दिया। वह अच्छे पति नहीं थे।

मधुबाला इस बात से बेहद दुखी थीं कि उनसे कोई भी मिलने नहीं आता था। एक वक्त वे बॉलीवुड की हॉट प्रॉपर्टी हुआ करती थीं। लेकिन जब वे बीमार और मरने की कगार पर थीं, तो कोई एक भी उनका हाल जानने नहीं आया। उन दिनों मधुबाला ने तैयार होना भी छोड़ दिया था। वह हर वक्त नाइट गाउन में रहती थीं। 36 साल की उम्र में उनकी डेथ हो गई।

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