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एक्ट्रेस का खुलासा:नीना गुप्ता बोलीं- बेटी मसाबा को पालने के लिए झाडू लगाने और बर्तन मांझने का काम भी करती, लेकिन किसी से पैसे नहीं मांगती

3 महीने पहले
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दिग्गज एक्ट्रेस नीना गुप्ता की मानें तो उन्होंने अपनी बेटी मसाबा की परवरिश अपने दम पर की है। उनके मुताबिक उन्होंने हमेशा यह सुनिश्चित किया कि वे मसाबा के पालन-पोषण के लिए वे किसी से पैसे नहीं मांगेंगी। बकौल नीना, "मुझे पूरा भरोसा था कि मैं किसी से पैसे या कुछ नहीं नहीं मांगूंगी। मैं कुछ न कुछ कर लूंगी। मुझे कोई काम करने में शर्म नहीं आती। ये मेरी मां से सीखा। मैं झाडू लगा लूंगी, मैं बर्तन मांझ लूंगी, लेकिन मैं मांगूंगी नहीं। इसलिए मुझमें वो कॉन्फिडेंस था।"

प्यार में समझ नहीं आता आगे क्या होगा
मसाबा नीना गुप्ता और वेस्ट इंडीज के पूर्व क्रिकेटर विवियन रिचर्ड्स की बेटी हैं। 80 के दशक में नीना और विवियन का अफेयर खूब चर्चा में रहा। लेकिन उनकी शादी नहीं हो सकी। टाइम्स नाउ से बातचीत में नीना ने आगे कहा, "लेकिन उस उम्र में जब आप प्यार में होते हैं तो आप यह नहीं सोचते कि आगे क्या होगा। मैंने अपने भाई या पिता या दोस्त किसी से एक रुपया भी नहीं मांगा। न ही फाइनेंशियल और न ही इमोशनल सपोर्ट। और यही मेरी ताकत है और इसी की वजह से मैं जिंदगी में एक समस्या से दूसरी समस्या पर आगे बढ़ गई।"

कभी डिलीवरी के लिए पैसे नहीं थे
नीना अपनी शानदार अदाकारी के लिए जानी जाती हैं और आज वे लग्जरी लाइफ जी रही हैं। लेकिन एक वक्त था, जब डिलीवरी के लिए उनके पास सर्जरी कराने के पैसे नहीं थे। 61 साल की एक्ट्रेस ने इस बात का खुलासा अपनी ऑटोबायोग्राफी 'सच कहूं तो' में किया है। पिछले महीने नीना की बेटी मसाबा ने सोशल मीडिया पर ऑटोबायोग्राफी के कुछ अंश शेयर किए थे, जिनमे उनके जन्म के समय का यह किस्सा भी शामिल था।

मसाबा की पोस्ट के मुताबिक, नीना ने किताब में लिखा है कि उनके जन्म के समय वे सिर्फ नॉर्मल डिलीवरी का खर्च उठा सकती थीं। क्योंकि इसके लिए सिर्फ 2000 रुपए चाहिए थे, जो कि उनके बैंक खाते में थे। जबकि उस वक्त सी-सेक्शन सर्जरी का खर्च लगभग 10 हजार रुपए आता था। एक्ट्रेस के मुताबिक, डिलीवरी के कुछ दिन पहले ही 9000 रुपए का टैक्स रिम्बर्समेंट आया था। इससे उनके खाते में 12 हजार रुपए हो गए और उन्होंने सी-सेक्शन डिलीवरी कराई।

नीना ने बुक में लिखा है, "अच्छा हुआ कि पैसे आ गए। क्योंकि मेरे डॉक्टर ने मुझे बताया था कि मेरी सी-सेक्शन डिलीवरी ही करानी पड़ेगी। मेरे पिता, जो बेटी के जन्म के समय मदद के लिए साथ आए, गुस्से में थे। उनके मुताबिक, हमसे ज्यादा पैसे ऐंठने के लिए यह डॉक्टर्स की चाल थी।"

मौका मिलता तो बिन ब्याही मां न बनतीं
जब विवियन रिचर्ड नीना के लिए अपने परिवार को छोड़ने को तैयार नहीं हुए तो प्रेग्नेंट नीना ने बिन ब्याही मां बनने और सिंगल पैरेंट बनकर मसाबा की परवरिश करने का फैसला लिया था। एक बातचीत में उन्होंने कहा था, "अगर मुझे अपनी गलती सुधारने का एक मौका मिलता तो मैं बगैर शादी के मां नहीं बनती। हर बच्चे को दोनों पैरेंट्स की जरूरत होती है। मैं मसाबा के प्रति ईमानदार थी। इस वजह से हमारे रिश्ते पर असर नहीं पड़ा। लेकिन मैं जानती हूं कि उसने काफी कुछ सहा है।"

नीना को उनके पिता का बराबर साथ मिला
करीब एक साल पहले 'इंडियन आइडल' में पहुंचीं नीना गुप्ता ने खुलासा किया था कि उनकी बेटी की परवरिश में उनके पिता का बड़ा योगदान रहा है। उन्होंने इमोशनल होते हुए कहा था, "पापा मुझे मदद करने के लिए खासतौर पर मुंबई शिफ्ट हो गए थे। मैं बयां नहीं कर सकती कि उनकी कितनी शुक्रगुजार हूं। मेरी जिंदगी के सबसे मुश्किल दौर में वे मेरी बैकबोन थे।"

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