सुनो फिल्मी फसाने:गाना गाने से पहले किशोर कुमार की अजीबो-गरीब डिमांड सुनकर मुश्किल में पड़ गए थे राजेश खन्ना

एक महीने पहले

बात उनीस सो सड़सठ अड़सठ की है। दिग्गज डायरेक्टर शक्ति सामंत अपनी एक फिल्म पर काम कर रहे थे। फिल्म का नाम था आराधना। हीरो थे राजेश खन्ना। 1966 में बॉलीवुड में राजेश का डेब्यू हो चुका था। लेकिन, कोई बड़ी पहचान नहीं मिली थी।

आराधना राजेश खन्ना के लिए पहला बड़ा ब्रेक था। फिल्म के संगीत पर काम चल रहा था। एस.डी. बर्मन फिल्म के संगीतकार थे और उनके ही बेटे आर.डी. बर्मन असिस्टेंट म्यूजिक डायरेक्टर थे। तय हुआ राजेश खन्ना का एंट्री सॉन्ग किशोर कुमार से गवाया जाए।

एस.डी. बर्मन और शक्ति सामंत ने किशोर कुमार से बात की। धुन सुनाई। किशोर दा अपनी अजीब शर्तों के लिए जाने जाते थे। उन्हें जब पता चला कि फिल्म में कोई नया हीरो है तो वे अड़ गए।

किशोर दा ने एस.डी. बर्मन से कहा - गाना तो तभी गाऊंगा जब हीरो को देख लूंगा, उससे बात कर लूंगा।

बर्मन दा ने कहा - ऐसा क्यों?

किशोर दा ने जवाब दिया - मैं नहीं चाहता मैं किसी भी ऐरे-गेरे एक्टर के लिए गाता फिरूं।

मामला उलझ गया।

किशोर दा उस जमाने में इंडस्ट्री के स्टेब्लिश्ड एक्टर, डायरेक्टर, प्रोड्यूसर और गायक थे। उनका कहा टाला नहीं जा सकता था। तय किया गया राजेश को इंटरव्यू के लिए किशोर दा के पास भेजा जाए।

किशोर दा की शर्त का पता चला तो राजेश खन्ना की हालत भी टाइट हो गई। फिल्म के लिए ऑडिशन तो सुना था, प्लेबैक सिंगर गाना गाने से पहले हीरो का इंटरव्यू ले ये अपने आप में पहली घटना थी।

शक्ति सामंत और बर्मन दा ने राजेश खन्ना को समझा-बुझाकर किशोर दा के घर भेज दिया।

अब राजेश खन्ना और किशोर कुमार पहली बार आमने-सामने थे। आधा घंटा बीत गया। घबराहट के कारण राजेश का गला सूख रहा था और किशोर दा ने उनसे पानी तक का नहीं पूछा।

इधर-उधर की बातें होती रहीं। किशोर दा राजेश को सिर से पैर तक देखते रहे।

फिर एकदम किशोर दा की तरफ से सवाल आया - फिल्में क्यों करना चाहते हो?
दो पल को राजेश अवाक रह गए। ये कैसा सवाल।

घबराए राजेश ने जवाब दिया - जी, मैं लोगों की सेवा करना चाहता हूं।

किशोर दा ने फिर सवाल दागा - फिल्मों में काम करके कैसी सेवा?

राजेश का जवाब आया - फिल्मों में काम करके मैं लोगों का मनोरंजन करूंगा। मनोरंजन करना भी एक तरह की सेवा ही है।

राजेश के स्मार्ट जवाब से किशोर दा खुश हो गए।

नौकर को आवाज दी। राजेश के लिए चाय-नाश्ता लाओ।

किशोर दा को खुश देखकर राजेश की जान में जान आई। किशोर दा ने कहा - तुमने बहुत अच्छी बात कही। मैं तुम्हारे लिए गाऊंगा। कई गाने गाऊंगा।

और इस इंटरव्यू के बाद रिकॉर्ड हुआ आराधना का पहला गाना..जिसने पूरे देश में धूम मचाई, राजेश खन्ना को हीरो से स्टार बनाया।

गाना था मेरे सपनों की रानी कब आएगी तू….