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19 बार सुसाइड की कोशिश में कामयाब न होने पर की 20 वीं कोशिश, इस बार मौत

गुरुवार को नियाज शेख ने साबरमती में लगाई मौत की छलांग, दोस्तों ने आर्थिक सहायता भी की थी।

Danik Bhaskar | Jun 29, 2018, 12:35 PM IST
सुपुर्दे खाक के लिए भी नहीं थे पैसे। सुपुर्दे खाक के लिए भी नहीं थे पैसे।
  • बीमारी के चलते गई नौकरी, आखिर अधेड़ ने चुना मौत का रास्ता।
  • 19 बार किसी न किसी ने उसे बचा लिया, पर इस बार उसे मिली मौत।

अहमदाबाद । आत्महत्या का सिलसिलेवार प्रयास करने वाले अहमदाबाद के 50 वर्षीय नियाज शेख की मौत हो गई है। गुरुवार को साबरमती नदी में लगाई मौत की छलांग नियाज की अंतिम छलांग साबित हुई। इसके पहले 19 प्रयास विफल साबित हुए थे...

इससे पहले यह व्यक्ति आत्महत्या के 19 प्रयास कर चुका था। कारण वह साल 2010 से बेरोजगार बैठा था। एक रोग का शिकार होने के चलते 2010 में नौकरी छूट गई थी। रोग का प्रतिकूल असर होने के चलते उसे नई जगह भी कहीं काम धंधा नहीं मिल रहा था। इसके चलते उसे ऐसा लगता था कि वह परिवार पर बोझ बन गया है। इसी उधेड़-बुन में वह आत्महत्या के प्रयास करता था। अभी तक के प्रयासों में किसी न किसी ने उसे बचा लिया था। गुरुवार सुबह 10.30 बजे उसने साबरमती में छलांग लगाई, जिसने उसकी जान ले ली। नियाद शेख, पत्नी शमशादबानू के साथ अहमदाबाद के सरखेज में रहता था। उसकी पत्नी घर पर नाश्ते, पान आदि परचूरन सामान का ठेला लगाकर घर का गुजारा चलाती है।

आपबीती सामने आने पर मिली थी मदद

नवंबर-2016 में 'भास्कर' ने नियाज शेख की आपबाती और परिवार की दुश्वारियों के संघर्ष को पाठकों से साझा किया था। आर्थिक तंगी के चलते एक बच्चे की पढ़ाई छूट गई, क्योंकि परिवार फीस नहीं भर पा रहा था। वहीं दूसरे एक बच्चे को दिल पर पत्थर रख कर गोद दे देना पड़ा, ताकि बच्चे को अच्छी परवरिश और खाना मिलता रहे। अहमदाबाद के युवाओं के समूह के अलावा विदेश में रहने वाले गुजरातियों ने भी इस शेख परिवार की आर्थिक मदद की थी।

दो साल पहले अहमदाबाद के युवकों ने उसकी मदद की थी। दो साल पहले अहमदाबाद के युवकों ने उसकी मदद की थी।
नियाज शेख नियाज शेख