• Hindi News
  • Gujarat
  • Wind will move from west to east at 12 km speed, two wheeler ban on all flyovers

मकर संक्रांति / 12 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेगी हवा, बारिश की संभावना भी नहीं; यह स्थिति पतंग उड़ाने के लिए अनुकूल

उत्तरायण की मस्ती उत्तरायण की मस्ती
Wind will move from west to east at 12 km speed, two-wheeler ban on all flyovers
X
उत्तरायण की मस्तीउत्तरायण की मस्ती
Wind will move from west to east at 12 km speed, two-wheeler ban on all flyovers

  • प्रशासन की अपील: सुरक्षा पर ध्यान दें, ताकि जिंदगी की डोर न कटे
  • 14-15 को कई फ्लाईओवर पर दोपहिया वाहन ले जाने पर रोक लगी

Dainik Bhaskar

Jan 14, 2020, 04:01 PM IST

सूरत. मंगलवार को मकर संक्रांति पर बारिश की संभावना नहीं है। हवा भी 12 से 14 किमी की रफ्तार से से उत्तर से पश्चिम की ओर चलेगी। मौसम विभाग द्वारा दी गई यह जानकारी पतंग के शौकीनों के लिए सुखद है। खुशी के इस माहाैल में पतंग कटे, पर किसी की जिंदगी की डोर न कट जाए इसका ध्यान रखने की अपील प्रशासन ने की है। पुलिस व प्रशासन ने लोगों की सुरक्षा के लिए कई रास्ते बंद करने और फ्लाईओवर पर दोपहिया वाहन ले जाने पर रोक लगा दी है।

अधिकतम तापमान 29.4 डिग्री

मौसम विभाग के मुताबिक सोमवार को अधिकतम तापमान 29.4 डिग्री और न्यूनतम तापमान 21.8 डिग्री रहा। हवा की गति दक्षिण पश्चिम से 7 किमी प्रति घंटे रही। मौसम विशेषज्ञ दिलीप हिंडिया ने बताया कि उत्तर राजस्थान पर साइक्लोनिक सर्क्यूलेशन डेवलप होने से मौसम में भारी बदलाव देखने को मिल रहा है। आगामी 24 घंटे तक इसका असर दक्षिण गुजरात समेत पूरे राज्य में रहेगा। मकर संक्रांति पर मंगलवार को सुबह हवा की गति प्रतिघंटा 8 से 10 किमी और दिन में 12 से 14 किमी रहने की संभावना है।


कैटरिंग के ऑर्डर बढ़े
मकर संक्रांति पर कैटरिंग के ऑर्डर 20% बढ़े हैं। उंधियु और जलेबी के दाम 300 से 350 रुपए प्रति किलो तक हैं। साउथ गुजरात कैटरर्स एसोसिएशन के सेक्रेटरी धवल नाणावती ने कह कि इस बिजनेस में मंदी आती ही नहीं है। विक्रेता मुंकुंद महंत ने कहा कि पिछले साल 120 किलो उंधियु बेचा था, इस बार 75 किलो बिक्री होने का अनुमान है।

त्योहार की पूर्व संध्या पर बाजारों में उमड़े लोग

भागल चार रास्ता पर इतनी भीड़ कि तिल रखने की जगह नहीं। मकर संक्रांति की पूर्व संध्या पर शहरभर के बाजारों में खरीदारों की भीड़ रही। सोमवार की रात 10.30 बजे भागल चार रास्ता पर इतनी भीड़ हुई कि चलने को रास्ता नहीं मिल रहा था। इस बार पतंग-मांजे के दाम 20% बढ़े, लेकिन कारोबार में तेजी नहीं आ पाई. पिछले साल की तुलना में इस बार पतंग और मांजे के दाम 20% बढ़े, लेकिन कारोबार में 40% की गिरावट आई। शहर का पतंग और मांजे का सबसे पुराना राजमार्ग स्थित डबगरवाड बाजार भी मकर संक्रांति के एक दिन पहले सोमवार की शाम 4 से 5 बजे काफी सुस्त नजर आया।

विक्रेता चिंतित

पतंग-मांझे के विक्रेता इस बात को लेकर आखरी दिन तक चिंतित रहे। पतंग-मांजे के विक्रेता धर्मेश छतरीवाला ने बताया कि पिछले साल की तुलना में कारोबार आधा रहा। हर साल जनवरी की पहली तारीख से पतंग का कारोबार शुरू हो जाता है, लेकिन इस बार पहले सप्ताह में कुछ भी व्यापार नहीं हुआ। दूसरे सप्ताह मे भी बिक्री काफी धीमी है।

सिविल अस्पताल में डॉक्टर बढ़ाए

पतंग उत्सव के दौरान घायल लोगों के तत्काल इलाज के लिए सिविल अस्पताल के सर्जरी, ऑर्थो और ईएमटी विभाग में डॉक्टरों की संख्या बढ़ा दी गई है। सिविल अस्पताल के आरएमओ डॉ. केतन नायक ने बताया कि तीनों विभागों के डॉक्टरों को अतिरिक्त काम दिया जाएगा। घायल पक्षियों के लिए अस्पताल कैंपस में नर्सिंग एसोसिएशन और सहस्त्रफण संस्था मेडिकल कैंप लगाएंगे। पक्षियों को रेस्क्यू को हेल्पलाइन नंबर 99099927924, 9979087053, 9825596892, 825504766, 9825525637 पर फोन कर जानकारी दे सकते हैं।

पतंग उड़ाते समय छत से गिरा बच्चा

टेक्सटाइल मार्केट में काम करने वाले भठेना के खोडियार नगर निवासी शशिकांत शर्मा का 11 वर्षीय बेटा लक्ष्य सोमवार को अपने घर की छत पर पतंग उड़ा रहा था। वह नीचे गिर पड़ा। स्मीमेर अस्पताल में उसका इलाज किया गया। वहीं अमरोली चार रास्ता के पास रहने वाले साजिद दीवान अपनी 7 वर्षीय बेटी जिन्नत को बाइक पर बैठाकर बाहर निकले थे। सरथाणा जकातनाका के पास अचानक जिन्नत का सिर मांझे में फंस गया, जिससे वह घायल हो गई। स्मीमेर अस्पताल में इलाज के बाद उसे घर भेज दिया गया। पिछले एक सप्ताह में पतंग-मांझे से आठ लोग घायल हो चुके हैं। एक बच्चे के तो दोनों पैर कट गए थे।

अब तक 8 लोग हुए घायल, इसलिए दो दिन का प्रतिबंध
सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने कहा है कि मकर संक्रांति के दौरान 14 और 15 जनवरी को शहर के सभी फ्लाईओवर ब्रिजों के दोनों तरफ दोपहिया वाहनों पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। पहले के वर्षों में वराछा फ्लाई ओवरब्रिज तथा कतारगाम ललिता चौकी चार रास्ता पर पतंग की डोरी से दोपहिया वाहन चालकों की मृत्यु हो चुकी है। पिछले एक सप्ताह में पतंग-मांझे से आठ लोग घायल हो चुके है। इन सबको देख इस बार ऐसे दुर्घटनाओं से लोगों को बचाने के लिए पुलिस ने यह निर्णय लिया है। 14 जनवरी को सुबह 6 बजे से 15 जनवरी को रात 10 बजे तक शहर के सभी फ्लाईओवर ब्रिजों पर दोपहिया वाहनों के जाने पर प्रतिबंध रहेगा। पुलिस ने नियम पालन के लिए सभी से अपील की है।


आदेश का पालन नहीं करने वालों पर होगी कार्रवाई
पुलिस अधिक जानकारी देते हुए बताया कि नदी के ऊपर से गुजरने वाले सभी ब्रिज को छोड़कर शहरभर के सभी ब्रिजों के नीचे से जाने के लिए कहा है। अगर दोपहिया वाहन चालक अपनी गाड़ी के आगे सेफ्टी गार्ड लगाएंगे तो इस प्रतिबंध से मुक्त रहेंगे। नदी के ऊपर से जाने वाले दोपहिया चालकों को भी इस प्रतिबंध से छूट दी गई है। आदेश नहीं मानने वालों को भारतीय फौजदारी अधिनियम 1860 की धारा 188 और गुजरात पुलिस अधिनियम 1951 की धारा 131 के तहत सजा का हकदार माना जाएगा।

COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना