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परिवर्तन की जिद / अब ऑटो पार्ट्स बनाएगी राजकोट की महिलाएं

Dainik Bhaskar

Jan 14, 2019, 07:31 AM IST


Women from Rajkot will now make auto parts
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Women from Rajkot will now make auto parts

  • पैकिंग से लेकर प्रोडक्शन तक महिलाएं करंेगी, राजकोट के बाद देशभर में गृह उद्योग शुरू होगा
  • मशीन की मास्टर बनेगी रसोई की रानी, महिलाओं को विशेषज्ञों द्वारा दिया जाएगा विशेष प्रशिक्षण

राजकोट. ऑटो मोबाइल मार्केट के लिए राजकोट देशभर में हब माना जा रहा है। ऑटो मोबाइल के पार्ट्स बनने में पुरुषों की पकड़ रही है। अब आगामी दिनों में इस क्षेत्र में परिवर्तन आएगा। हरेक क्षेत्र में आगे रहने वाली राजकोट की महिलाएं अब ऑटो पार्ट्स बनाएगी। जिसमें पैकिंग से लेकर प्रोडक्शन तक सभी काम महिलाएं ही करेगी। इसके लिए महिलाओं को शुरूआत के तीन से चार महीनों तक प्रशिक्षण दिया जाएगा।

 

राजकोट से इस उद्योग की शुरूआत होगी और इसके बाद चरण बद्ध देशभर में इस उद्योग को शुरू किया जाएगा। गुजरात महिला क्रेडिट को ऑपरेटिव की 15 बहनों की टीम राज्य में पहली बार राजकोट में इस प्रकार महिला संचालित उद्योग शुरू कर रही है। महिला संचालित ऑटो पार्ट्स उद्योग राजकोट के पास स्थित औद्योगिक इलाके में शुरू किया जाएगा। इसकी मालिकी किसी व्यक्तिगत नहीं रहेगी। शुरूआत में 100 बहनों को इसमें रोजी-रोटी उपलब्ध कराई जाएगी।

 

इसके बाद पूरे देशभर की बहनों को इस उद्योग से जोड़ा जाएगा। महिला संचालित उद्योगों में ही ऑटो पार्ट्स बनाया जाएगा। उन्हें देशभर में एक्सपोर्ट किया जाएगा। पूरा उद्योग महिला संचालित रहेगा। इसके लिए ऑटो पार्ट्स बनाने के लिए मशीनें कहां से लाई जाए ये सभी निर्णय महिलाएं स्वयं ही तय करेगी। शुरूआत में 5 करोड़ खर्च से उद्योग शुरू किया जाएगा और इसके बाद धीरे-धीरे निवेश बढ़ाया जाएगा।

 

इस संदर्भ में जानकारी देते हुए महिला क्रेडिट को ऑपरेटिव सोसाइटी के डायरेक्टर शर्मिला बेन बांभणिया ने बताया कि निरक्षर से लेकर उच्च शिक्षा प्राप्त बहनों को अपने मन पसंदीदा काम मिलता रहे और वे राष्ट्र के विकास में मदद रूप हो यहीं एकमात्र उद्देश्य है। इंजीनियर, एमबीए, मैकेनिकल जैसी उच्च डिग्री एवं इस प्रकार के कामों के अनुभव प्राप्त बहनों की शादी हो चुकी है ऐसी महिलाओं को भी इसमें शामिल किया जाएगा।

 

विशेषत: उन्हें पढ़ाई और अनुभव का उपयोग किया जा सकें और उन्हें रोजगार मिल सकें। इस प्रोजेक्ट के लिए प्रपोजल केंद्र सरकार को भेज दिया गया है। राजकोट में स्थित गुजरात महिला क्रेडिट को ऑपरेटिव सोसाइटी महिलाओं को आर्थिक, सामाजिक तौर पर आगे लाने का प्रयास कर रही है।

 

भिखारियों को रोजी-रोटी उपलब्ध कराने 300 महिलाओं ने चला रखा है जागृति अभियान
रोड, होटल-रेस्टोरेंट पर जो लोग भिख मांग रहे है ऐसे लोगों को बाहर निकालने के लिए राजकोट की 300 महिलाएं एक जागृति अभियान चला रही है। जबकि ये महिलाएं जब भी भीख मांगने जाए तब उन्हें भीख के बदले में काम देने की बात कही जाए। भीख मांगने की प्रवृत्ति बंद कराने के लिए उनका काउंसिलिंग भी किया जा रहा है। समाज में भीख मांगने की प्रवृत्ति कम हो इसके लिए 300 बहनों की टीम सामान्य लोगों में जनजागरूकता कर रहे है।

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