--Advertisement--

स्कूल के लिए निकली बेटी को बाप ने उतारा मौत के घाट

पति-पत्नी के विवाद के बाद बाप को वहम हुआ था कि बेटी उसकी नहीं है।

Dainik Bhaskar

Nov 25, 2017, 03:08 PM IST
बाप ने मासूम को हनुमान मंदिर की झाड़ी वाले रास्ते पर ले जाकर उतारा मौत के घाट। बाप ने मासूम को हनुमान मंदिर की झाड़ी वाले रास्ते पर ले जाकर उतारा मौत के घाट।

पाटण। पति-पत्नी के विवाद के बाद पति को यह वहम हुआ कि बेटी उसकी नहीं है, इसलिए उसने स्कूल जाती हुई बेटी को रास्ते पर रोककर उसे बेरहमी से मौत के घाट उतार दिया। उल्लेखनीय है कि 4 महीने पहले ही मृतक के भाई की मौत हो गई थी। उसकी मौत की वजह भी यही हो सकती है। धड़ और सिर काटकर की बेरहमी से हत्या…

पाटण तहसील के बालीसणा गांव में उगमणावास में रहने वाले रमेश लक्ष्मणजी ठाकोर की 11 वर्षीय बेटी अंजलि रोज की तरह सुबह 10 बजे स्कूल जाने के लिए निकली। कुछ ही देर बाद उसका बाप पुलिस स्टेशन पहुंचा और कहने लगा कि उसकी बेटी को 3 लोग जर्बदस्ती उठाकर ले गए और टींडेश्वर महादेव और हनुमान मंदिर जाने के रास्ते पर उसकी हत्या कर दी। पुलिस तुरंत हरकत में आई। उसने मौके का मुआयना किया।

स्कूल यूनिफार्म में मासूम लहूलुहान हालत में मृत मिली

पुलिस ने घटनास्थल पर जाकर देखा कि मासूम को बहुत ही बेरहमी से मार डाला गया है। उसका सिर और धड़ अलग-अलग था। हत्या के लिए इस्तेमाल में लाया गया हथियार भी वहीं झाड़ियों के बीच मिल गया। पुलिस ने जब मृतक के माता-पिता एवं परिवार वालों से पूछताछ शुरू की, तब मासूम का बाप टूट गया, फिर उसने स्वीकार किया कि बेटी की हत्या उसी ने की है। इसकी वजह उसने यही बताई कि उसे यह वहम था कि बेटी उसकी नहीं है। इस संबंध में पहले भी कई बार पति-पत्नी में झगड़ा हुआ था।

चार महीने पहले मृतक के भाई की मौत हो गई थी

मृतक अंजलि के 6 वर्षीय भाई आयुष की चार महीने पहले मौत हो गई थी। इसकी वजह सर्पदंश बताया गया था। मृतक के चाचा ने यह आशंका व्यक्त की कि आयुष की मौत की पीछे भी यही कारण हो सकता है।

खेत में पति-पत्नी में हुआ था झगड़ा

बालीसणा पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराते हुए बताया कि सुबह हम दोनों कपास बीनने खेत गए थे। वहां हमारे बीच झगड़ा हुआ था। इस पर पति रमेश घर गया और स्कूल जाती हुई बेटी अंजलि को साइकिल पर बिठाकर ले गया। इस बीच रास्ते में उसकी बेरहमी से हत्या कर दी। चार महीने पहले मेरे बेटे को भी उसी ने मार डाला होगा।

आगे की स्लाइड्स में देखें PHOTOS

बाप को वहम था कि बेटी उसकी नहीं है। बाप को वहम था कि बेटी उसकी नहीं है।
शुक्रवार की सुबह दस बजे अंजलि रोज की तरह स्कूल जाने के लिए निकली थी। शुक्रवार की सुबह दस बजे अंजलि रोज की तरह स्कूल जाने के लिए निकली थी।
स्कूल यूनिफार्म में अंजलि की लाश लहूलुहान हालत में मिली थी। स्कूल यूनिफार्म में अंजलि की लाश लहूलुहान हालत में मिली थी।
पुलिस की सख्ती पर पिता ने स्वीकारा कि बेटी की हत्या उसी ने की है। पुलिस की सख्ती पर पिता ने स्वीकारा कि बेटी की हत्या उसी ने की है।
अंजलि पांचवीं कक्षा की छात्रा थी। अंजलि पांचवीं कक्षा की छात्रा थी।
अपनी सहेली के शव को देखकर दूसरी छात्राओं के चेहरे मुरझा गए। अपनी सहेली के शव को देखकर दूसरी छात्राओं के चेहरे मुरझा गए।
चार महीने पहले ही अंजलि के भाई की मौत हो गई थी। चार महीने पहले ही अंजलि के भाई की मौत हो गई थी।
X
बाप ने मासूम को हनुमान मंदिर की झाड़ी वाले रास्ते पर ले जाकर उतारा मौत के घाट।बाप ने मासूम को हनुमान मंदिर की झाड़ी वाले रास्ते पर ले जाकर उतारा मौत के घाट।
बाप को वहम था कि बेटी उसकी नहीं है।बाप को वहम था कि बेटी उसकी नहीं है।
शुक्रवार की सुबह दस बजे अंजलि रोज की तरह स्कूल जाने के लिए निकली थी।शुक्रवार की सुबह दस बजे अंजलि रोज की तरह स्कूल जाने के लिए निकली थी।
स्कूल यूनिफार्म में अंजलि की लाश लहूलुहान हालत में मिली थी।स्कूल यूनिफार्म में अंजलि की लाश लहूलुहान हालत में मिली थी।
पुलिस की सख्ती पर पिता ने स्वीकारा कि बेटी की हत्या उसी ने की है।पुलिस की सख्ती पर पिता ने स्वीकारा कि बेटी की हत्या उसी ने की है।
अंजलि पांचवीं कक्षा की छात्रा थी।अंजलि पांचवीं कक्षा की छात्रा थी।
अपनी सहेली के शव को देखकर दूसरी छात्राओं के चेहरे मुरझा गए।अपनी सहेली के शव को देखकर दूसरी छात्राओं के चेहरे मुरझा गए।
चार महीने पहले ही अंजलि के भाई की मौत हो गई थी।चार महीने पहले ही अंजलि के भाई की मौत हो गई थी।
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..