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खुदकी बेटी की थी शादी, साथ ही करा दी समाज की 7 और बेटियों की शादी

इतना ही नहीं उन्होंने इन सात बेटियों का कन्यादान भी किया।

Danik Bhaskar | Apr 29, 2018, 05:21 AM IST
नव दम्पती जोड़ों के साथ (लाल घेरे में) आत्माराम भाई देसाई। नव दम्पती जोड़ों के साथ (लाल घेरे में) आत्माराम भाई देसाई।

पाटण(सूरत). उत्तर गुजरात में पाटण जिले के अजीमाणा गांव से गुरुवार को सामाजिक समरसता का अनुकरणीय संदेश दिया गया। दरअसल, आत्मारामभाई देसाई ने अपनी बेटी के विवाह के साथ ही वाल्मीकि समाज की सात बेटियों का भी विवाह करवाया। वाल्मीकि समाज के सहयोग से ये विवाह संपन्न हुए। आत्मारामभाई ने इन सभी विवाह के खान-पान की व्यवस्था आदि का पूरा खर्च वहन किया। इतना ही नहीं उन्होंने इन सात बेटियों का कन्यादान भी किया।

- नव दंपत्तियों को आशीर्वाद देने के लिए ढीमा के संत शिरोमणि महामंडलेश्वर स्वामी जानकीदास महाराज और वाल्मीकि समाज के नरेशबापू विशेष रूप से अजीमणा गांव पहुंचे।

पहले भी आयै था ये मामला

251 लड़कियां एकसाथ बनीं थीं दुल्हन, व्यापारी ने कराई थी शादी

25 दिसंबर 2017 को सूरत शहर में एकसाथ 251 लड़कियां दुल्हन बनीं थीं। खास बात ये थी कि लड़कियों की शादी उनके धर्म के मुताबिक की गई। 251 शादियों में से ईसाई दूल्हे ने अपनी दुल्हन को घूमने वाली मशीन पर रिंग पहनाकर रस्म अदायगी की। वहीं, 5 मुस्लिम लड़कियों का निकाह कराया गया। बाकी की शादी हिंदू रीति-रिवाज से की गई। बगैर पिता की इन लड़कियों की शादी बड़े ही धूमधाम से की गई।

1 लाख से ज्यादा लोग दावत में शामिल हुुए

- रविवार को शहर में 251 जोड़ों की सामूहिक शादी की गई। ये प्रोग्राम अब्रामा रोड के पीपी सवाणी चैतन्य विद्या संकुल ग्राउंड में किया गया।
- एक तरफ हिंदू धर्म के मुतबिक 245 लड़कियों की शादी हो रही थी तो वहीं दूसरी तरफ 5 मुस्लिम लड़कियों का भी निकाह पढ़ा गया। 1 लाख से ज्यादा लोग दावत में शामिल हुए।
- मोटा वराछा-अब्रामा में पीपी सवाणी परिवार और बटुक भाई मोवलिया परिवार द्वारा ये शादी समारोह कराया गया। इस माैके पर 5 मुस्लिम और एक ईसाई लड़की का भी कन्यादान किया गया।

251 जोड़े और इतने ही प्रकार की मिठाइयां भी

- महेश सवाणी के मुतबिक, इस शादी समारोह के साथ ही उनके परिवार में कन्यादान करने वालों की संख्या 700 से अधिक हो गई। जम्मू-कश्मीर में शहीद हुए सैनिकों की पत्नियों के हाथों समारोह का दीप प्रज्ज्वलित किया गया।
- महेश सवाणी ने बताया कि यह समारोह रिकॉर्ड के लिए जाना जाएगा। इस मौके पर 251 जोड़ों के साथ इतने ही प्रकार की मिठाइयां भी बनाई गई।
- इसी शादी समारोह में सवाणी परिवार के जय हिम्मत सवाणी और मितुल महेश भाई सवाणी भी शादी बंधन में बंधे।
- पिछले 5 सालो में सवाणी परिवार द्वारा जिन जोड़ों का शादी कराया उन्हाेंने इस साल के सामूहिक शादी के इंतजाम किए। लकी ड्राॅ के जरिए 10 कपल को सिंगापुर-मलेशिया भेजा जाएगा। साथ ही 30 कपल को हेलीकॉप्टर से सूरत दर्शन कराया जाएगा और 100 जोड़ों को कुल्लू-मनाली भेजा जाएगा।

खास बात ये थी कि लड़कियों की शादी उनके धर्म के मुताबिक की गई। खास बात ये थी कि लड़कियों की शादी उनके धर्म के मुताबिक की गई।
एकसाथ 251 लड़कियां दुल्हन बनीं और शादी के बंधन में बंधी। एकसाथ 251 लड़कियां दुल्हन बनीं और शादी के बंधन में बंधी।