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मोदी ने 9 नेताओं के नाम गिनाए, बोले- मुझे नीच, बंदर, रावण, भस्मासुर तक बोला गया

सोनिया गांधी और उनके परिवार से लेकर रेणुका चौधरी, जयराम रमेश, आनंद शर्मा, दिग्विजय सिंह समेत कुल 9 नेताओं के नाम लिए।

Danik Bhaskar | Dec 09, 2017, 05:04 AM IST
{पीएम ने कहा-कांग्रेस को स्वीक {पीएम ने कहा-कांग्रेस को स्वीक

भाभर(गुजरात). प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को मध्य गुजरात के भाभर से तो कांग्रेस अध्यक्ष बनने जा रहे राहुल गांधी ने 254 किमी दूर तारापुर से दूसरे चरण का प्रचार अभियान शुरू किया। मोदी ने दिनभर में 4 और राहुल ने 3 सभाएं कीं। मोदी ने उन्हें नीच कहने वाले निलंबित नेता मणिशंकर अय्यर के बहाने पूरी कांग्रेस पार्टी पर हमला बोला। सोनिया गांधी और उनके परिवार से लेकर रेणुका चौधरी, जयराम रमेश, आनंद शर्मा, दिग्विजय सिंह सहित कुल 9 नेताओं के नाम लिए। कहा कि इन नेताओं ने उनके लिए नीच, बंदर, रावण, भस्मासुर, हिटलर, मुसोलिनी और गद्दाफी जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया। उन्होंने पूछा कि कपिल सिब्बल को भी पार्टी से क्यों नहीं निकाल देते? उन्होंने कहा कि कांग्रेस एक के बाद एक पूरे देश से साफ हो गई। जहां से इनके नेतृत्व की पांच पीढ़ी आई, उस उत्तर प्रदेश में भी पार्टी का सूपड़ा साफ हो गया। पूरा देश जिस पार्टी को निकालने के लिए टूट पड़ा है, गुजरात उसे स्वीकार करने की गलती कभी नहीं कर सकता। पीएम मोदी ने चुनाव में भाजपा को 150 से ज्यादा सीट दिला कर जिताने की अपील की।

अय्यर क्या मेरी सुपारी देने पाकिस्तान गए थे : मोदी
मैं गाली की बात नहीं करता। यह सुनने की आदत हो गई है। मैं जब प्रधानमंत्री बना था, तब वह (अय्यर) पाकिस्तान गए थे। वहां कहा था कि जब तक मोदी को रास्ते से नहीं हटाया जाता, तब तक भारत-पाक के संबंध नहीं सुधर सकते। रास्ते से हटाने का क्या मतलब होता है भाई? क्या मोदी की सुपारी देने पाकिस्तान गए थे? पाक जाकर मोदी को हटाने की बात करने वाले की बात कांग्रेस ने तीन साल क्यों दबाकर रखी? क्यों मणिशंकर पर कार्रवाई नहीं की?

कांग्रेस को कपिल सिब्बल को भी निकालना चाहिए

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को एक बार फिर कांग्रेस पर हमला बोला। उन्होंने राम मंदिर पर सुनवाई बाद में करने की अपील करने वाले कांग्रेस नेता कपिल सिब्बल को पार्टी से निकालने की मांग की। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की मनसुख भाई नाम के बुजुर्ग से मुलाकात का जिक्र भी किया। बोले- क्या आप जानते हैं राजकोट में गुरुवार को क्या हुआ था? डॉ. मनमोहन सिंह से बुजुर्ग मनसुख काका मिले। काका ने उन्हें यूपीए सरकार में हुए घोटालों की एक किताब भेंट की। मैं सच और ईमानदारी का साथ देने के लिए उन्हें बधाई देता हूं।

अय्यर ने फिर दी सफाई; कहा- कांग्रेस को नुकसान पहुंचाने का नहीं था इरादा

मणिशंकर अय्यर ने शुक्रवार को कहा, ‘पीएम के खिलाफ बयान से यदि कांग्रेस को नुकसान पहुंचा है तो मुझे अफसोस है। मेरा इरादा पार्टी को नुकसान पहुंचाना नहीं था। बयान के लिए पार्टी जो भी दंड देगी, स्वीकार होगा।’ इससे पहले भी अय्यर ने विवादित बयान दिया था। वे नवंबर 2015 में पाकिस्तान गए थे। एक चैनल के कार्यक्रम में उनसे पूछा गया-भारत-पाक संबंध सुधारने के लिए क्या करने की जरूरत है?अय्यर बोले-‘पहले तो मोदी को निकालो। नहीं तो बात आगे बढ़ने वाली नहीं है।’ मोदी को निकालो आईएसआई या किससे कह रहे हैं, इस सवाल पर अय्यर ने कहा- ‘नहीं-नहीं। मेरा कहना है कि हमें 4 साल और इंतजार करना होगा।’

कर्नाटक के गृह मंत्री बोले- भाजपा नेता आतंकवादी, अमित शाह उनके सरगना

वहीं, पीएम पर टिप्पणी पर उठा विवाद थमा भी नहीं था कि कर्नाटक के गृह मंत्री ने भाजपा नेताओं को आतंकवादी कह नया विवाद शुरू कर दिया। गृह मंत्री रामलिंगा रेड्‌डी ने बेलगांव में कहा, “कर्नाटक में भाजपा नेता आतंकवादी हैं। वह आईएसआईएस की तरह हैं और अमित शाह उनके सरगना हैं।’ विवाद बढ़ने पर उन्होंने सफाई में कहा, “मैंने कभी भाजपा नेताओं को आतंकी नहीं कहा। सिर्फ यही कहा था कि कुछ भाजपा नेताओं का बर्ताव आईएसआईएस जैसा है। यह बातें मैंने केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार और भाजपा सांसद प्रताप सिन्हा के लिए कही थीं।’ भाजपा ने रेड्‌डी की इस टिप्पणी पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। पार्टी नेता एस सुरेश कुमार ने कहा कि ऐसे लोगों की वजह से आज कर्नाटक जिहादी गतिविधियों का केंद्र बन गया है।

अब पास नेता बांभणिया हुए बागी, बोले कांग्रेस पाटीदार को धोखा दे रही है

गांधीनगर में पहले चरण के चुनाव की पूर्व संध्या पर शुक्रवार को पास की कोर कमेटी के सदस्य दिनेश बांभणिया ने बागी रुख अपना लिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पाटीदारों को धोखा दे रही है और हार्दिक चुप हैं। हार्दिक के करीबी और उनके साथ राजद्रोह मामले में आरोपी बांभणिया ने कहा कि वह पास से त्यागपत्र नहीं दे रहे और न ही भाजपा में जाएंगे। पर यह साफ हो गया है कि कांग्रेस आरक्षण के मामले पर धोखा दे रही है। इसने पाटीदारों को आरक्षण देने की बात को विस्तार से घोषणा पत्र में शामिल नहीं किया।