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गुजरात गवर्नर ने भंग की 13वीं विधानसभा, नई सरकार के गठन की प्रक्रिया शुरू

मुख्यमंत्री के तौर पर निवर्तमान विजय रूपाणी को फिर से दोहराया जा सकता है।

Danik Bhaskar | Dec 21, 2017, 08:08 AM IST
गुजरात विधानसभा भवन। गुजरात विधानसभा भवन।

गांधीनगर. राज्यपाल ओपी कोहली ने बुधवार को 13 वीं विधानसभा को भंग कर दिया हालांकि मुख्यमंत्री विजय रूपाणी अगली व्यवस्था (नयी सरकार के गठन) होने तक कार्यकारी मुख्यमंत्री बने रहेंगे। कोहली ने संविधान की धारा 174 (2) (ख)में दी गई शक्तियों का उपयोग करते हुए ऐसा किया है। बता दें कि 14 वीं विधानसभा के चयन के लिए नौ और 14 दिसंबर को दो चरणों में हुए चुनाव की 18 दिसंबर को हुई मतगणना में सत्तारूढ़ भाजपा को स्पष्ट बहुमत मिला है। 13 वीं विधानसभा का कार्यकाल वैसे 22 जनवरी तक था पर नए सरकार के गठन की प्रक्रिया की शुरूआत के लिए इसे भंग किया जाना जरूरी था।


उधर समझा जाता है कि भाजपा के विधायक दल की नेता (अगले मुख्यमंत्री) के चयन के लिए 22 दिसंबर को यहां बैठक हो सकती है। यह भी माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री के तौर पर इन पदों पर निवर्तमान विजय रूपाणी और नितिन पटेल को फिर से दोहराया जा सकता है। भाजपा ने हालांकि लगातार छठी जीत हासिल की थी पर उसकी सीटों की संख्या 99 ही रही जो पिछली बार से 16 कम है। पार्टी ने 150 से अधिक का लक्ष्य तय किया था। ऐसे में यह भी अटकलें लगाई जा रही है कि मुख्यमंत्री किसी और को बनाया जा सकता है।

मुख्यमंत्री विजय रूपाणी और डिप्टी सीएम नितिन पटेल के 2019 के आम चुनाव तक पद पर बने रहने की उम्मीद

भाजपा सूत्रों ने बुधवार को कहा कि रूपाणी की जगह चाहने वालों में गुजरात में नरेंद्र मोदी सरकार में रहने वाले मंत्री शामिल हैं। भाजपा में रूपाणी और पटेल को 2019 के आम चुनाव तक पदों पर बनाए रखने की संभावना दिख रही है। सूत्रों ने कहा कि रूपाणी पार्टी में एक स्वीकार्य चेहरा हैं और भाजपा ने उनके गृह जनपद में अच्छा प्रदर्शन किया है। लेकिन भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के बार-बार 150 सीटों पर जीत के दावों के बाद भी भाजपा के सीटों की संख्या 100 तक नहीं पहुंचने से रूपाणी व पटेल के खिलाफ शिकायतें भी हैं।