Hindi News »Gujarat »Surat» Navapur Railway Station Divides In Two States

इस रेलवे स्टेशन पर टिकट कटता है महाराष्ट्र में तो ट्रेन रुकती है गुजरात में

पश्चिम रेलवे के इस स्टेशन की खासियत यह है कि इसका आधा हिस्सा महाराष्ट्र में और आधा गुजरात में पड़ता है।

​लवकुश मिश्रा | Last Modified - Nov 26, 2017, 05:05 AM IST

  • इस रेलवे स्टेशन पर टिकट कटता है महाराष्ट्र में तो ट्रेन रुकती है गुजरात में
    +1और स्लाइड देखें

    सूरत.देश में ऐसे गिने-चुने रेलवे स्टेशन हैं, जो अपनी भौगोलिक स्थिति के लिए जाने जाते हैं। उनमेें से एक स्टेशन गुजरात और महाराष्ट्र के बार्डर पर है नवापुर। पश्चिम रेलवे के इस स्टेशन की खासियत यह है कि इसका आधा हिस्सा महाराष्ट्र में और आधा गुजरात में पड़ता है। तकनीकी तौर पर इससे यात्रियों की यात्रा पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता है, लेकिन मजेदार बात यह है कि वर्षों पूर्व बनाए गए इस स्टेशन के बारे में पश्चिम रेलवे के यात्रियों को जानकारी ही नहीं है कि उनके मंडल का नवापुर स्टेशन दो प्रदेशों के बीचो-बीच है।

    दरअसल इसको लेकर पश्चिम रेलवे द्वारा 20 नवम्बर को एक प्रश्नोत्तरी जारी कर ऑनलाइन यात्रियों से पूछा था कि पश्चिम रेलवे का ऐसा कौन सा स्टेशन है जो महाराष्ट्र और गुजरात राज्य के बीचो-बीच है। पश्चिम रेल के जनसंपर्क अधिकारी सी डेविड ने बताया कि मुंबई मंडल में सफर करने वाले लंबी दूरी के यात्रियों के लिए क्विज हमने रखा था। इस पर यात्रियों ने रुचि दिखाई। इस तरह के स्टेशनों के लिए हम आगे भी क्विज करते रहेंगे, जिससे यात्रियों को रोचक जानकारियां मिल सकें।

    रोमांचक तथ्य के लिए किया था क्विज

    स्टेशन उमरगांव को लोगों ने 40 प्रतिशत वोट देते हुए उसे दोनों राज्यों की सीमा में बताया, जबकि यह स्टेशन गुजरात में पड़ता है। इसी तरह जलगांव को 12 प्रतिशत वोट मिले, संजाण स्टेशन को 13 प्रतिशत और नवापुर स्टेशन को 35 प्रतिशत यात्रियों ने वोट दिया। इसमें 608 यात्रियों ने हिस्सा लिया।

    नवापुर की अलग पहचान

    पश्चिम रेलवे के जनसंपर्क विभाग ने बताया कि अधिकतर यात्रियों को अभी नहीं पता कि मुंबई मंडल में ऐसा भी स्टेशन है। पश्चिम रेलवे के मुंबई-अहमदाबाद और सूरत-भुसावल के दोनों सेक्शन मुंबई मंडल में आते हैं। उमरगांव स्टेशन भी बॉर्डर पर है, लेकिन पूरी ट्रेन गुजरात में खड़ी होती है। वहीं सूरत-भुसावल लाइन पर नवापुर ऐसा स्टेशन है, जहां स्टेशन के बीचो-बीच दो राज्यों की सीमाएं लगती हैं। आधा स्टेशन महाराष्ट्र के नंदुरबार जिले में आता है और आधा गुजरात के तापी जिले में पड़ता है। इस स्टेशन पर टिकट बुकिंग क्लर्क स्टाफ महाराष्ट्र में बैठता है, जबकि प्लेटफार्म पर यात्रियों की सिटिंग स्टैंड गुजरात में है।

    जब स्टेशन बना था तब मुंबई प्रांत में था
    जब नवापुर स्टेशन बनाया गया था तब महाराष्ट्र और गुजरात का बंटवारा नहीं हुआ था। तब नवापुर स्टेशन संयुक्त मुंबई प्रांत में पड़ता था, लेकिन जब महागुजरात आंदोलन के जरिए अगल गुजरात राज्य बनाने की मांग हुई तो 1961 में भारत सरकार ने दोनों राज्यों का बंटवारा कर महाराष्ट्र और गुजरात बनाया। बंटवारे में नवापुर स्टेशन दोनों राज्यों के बीचो-बीच आ गया।

  • इस रेलवे स्टेशन पर टिकट कटता है महाराष्ट्र में तो ट्रेन रुकती है गुजरात में
    +1और स्लाइड देखें
आगे की स्लाइड्स देखने के लिए क्लिक करें
दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Surat

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×