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सूरत एयरपोर्ट अथॉरिटी ने 18 बिल्डिंगों को बताया है खतरनाक!

सीवीसी ने चीफ सेक्रेटरी को लिखा पत्र, एयरक्राफ्ट के उतरने में बाधा बन रही 18 बिल्डिंगों की जांच के आदेश।

Danik Bhaskar | Jun 09, 2018, 02:56 PM IST
इनमें से कुछ बिल्डिंग को किया गया है चिह्नित। इनमें से कुछ बिल्डिंग को किया गया है चिह्नित।

सूरत। उड़ान में बाधा बनने वाली करीब 18 बिल्डिंगों की जांच के लिए केंद्रीय सतर्कता आयोग द्वारा गुजरात के चीफ सेक्रेटरी को पत्र लिखा गया है। सूरत एयरपोर्ट एक्शन कमेटी द्वारा की गई एक शिकायत पर यह कार्रवाई की गई है। कमेटी ने इसको लेकर केन्द्रीय सतर्कता आयोग को चिट्ठी लिखी थी, जिसको संज्ञान में लेते हुए गुजरात के चीफ सेक्रेटरी को एक पत्र लिखा गया है, जिसमें इस मामले की जांच करने को कहा गया है। इन बिल्डिंगों की ऊंचाई 12 मीटर से ज्यादा है…

उल्लेखनीय है कि एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने सूरत एयरपोर्ट के आस-पास बनाई गई 18 बिल्डिंगों को विमानों के लिए खतरा बताया था। एयरपोर्ट अथॉरिटी ने कहा है कि बिल्डिंगों की ऊंचाई 12 मीटर से ज्यादा है, जो एयरपोर्ट के रनवे में बाधा बन रही हैं। एयरपोर्ट अथॉरिटी की रिपोर्ट में पहले 12 बिल्डिंगें थी खतरनाक, बाद में 6 और बिल्डिंगें इसमें जुड़ीं डुमस एंड की तरफ सूरत एयरपोर्ट का रनवे, जहां ऊंची इमारतों की वजह से उतरने और उड़ान भरने के दौरान विमानों को खतरा रहता है एवेल्यूशन आपर्टमेंट की ऊंचाई 21.1 मीटर और सोवेन हेवन अपार्टमेंट की ऊंचाई 12.4 मीटर ज्यादा है, नंदिनी-3 अपार्टमेंट की ऊंचाई 0.4 मीटर अधिक है।

एयरक्राफ्ट और इमारतों के बीच की दूरी 605 मीटर से भी कम

सूरत एयरपोर्ट के निदेशक प्रमोद कुमार ठाकरे ने बताया है कि रनवे के नजदीक बिल्डिंगों के होने से बड़े एयरक्राफ्ट की लैंडिंग में दिक्कत आ रही है। अगर भविष्य में अंतरराष्ट्रीय विमान शुरू होता है तो यह समस्या और विकट हो सकती है। ऐसे में इन बिल्डिंगों को तोड़ने के अलावा दूसरा कोई रास्ता नहीं है। निदेशक प्रमोद कुमार ठाकरे ने सूरत महानगर पालिका के आयुक्त एम थेन्नारसन को पत्र लिख कर इन इमारतों के बढ़े हुए हिस्से को तत्काल तोड़ने के लिए भी कहा है। फिलहाल शहर और डूमस छोर की तरफ एयरक्राफ्ट और इन इमारतों के बीच की दूरी तय दूरी से 605 मीटर से भी कम है।