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युवाओं को अलर्ट करने वाली रिसर्च:20 से 30 साल की उम्र में मोटापे से जूझ रहे हैं तो भविष्य में याद्दाश्त घटने से परेशान हो सकते हैं, जानिए ऐसा क्यों

4 महीने पहले
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  • कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने रिसर्च में किया दावा
  • 15 हजार लोगों पर हुई रिसर्च के बाद जारी की रिपोर्ट

अगर 20 से 30 साल की उम्र में आप ओवरवेट हैं तो भविष्य में आपकी याद्दाश्त घट सकती है। सोचने-समझने की क्षमता पर बुरा असर पड़ सकता है। यह दावा अमेरिका के शोधकर्ताओं ने 15 हजार लोगों पर रिसर्च के बाद किया है। शोधकर्ताओं का कहना है, मोटापे से जूझने वाले युवाओं में हार्ट डिजीज का खतरा बना रहता है जिसका असर आगे चलकर दिमाग पर भी पड़ सकता है।

ऐसा क्यों होता है, इसकी वजह भी जानिए
रिसर्च करने वाले कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं का कहना है, ऐसे युवा जो मोटापे से जूझते हैं उनका बॉडी मास इंडेक्स
और ब्लड प्रेशर कम उम्र में बढ़ा हुआ रहता है। शरीर में चर्बी और ब्लड प्रेशर के कारण दिमाग पर दो गुना तक बुरा असर पड़ सकता है। इतना नहीं, इनका ब्लड ग्लूकोज लेवल 5 गुना तक बढ़ सकता है।

युवावस्था में ही मोटापे को कंट्रोल करना जरूरी
कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी के न्यूरोलॉजिस्ट क्रिस्टीन याफे कहते हैं, युवावस्था में ही मोटापा कंट्रोल करते हैं तो भविष्य में दिमाग पर पड़ने वाले बुरे असर को रोका जा सकता है। इसके लिए बेहतर है, बॉडी मास इंडेक्स, ब्लड ग्लूकोज लेवल, ब्लड प्रेशर और कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करें।

क्रिस्टीन के मुताबिक, किसी भी उम्र में कोलेस्ट्रॉल का लेवल का बढ़ना सोचने-समझने की क्षमता पर असर डालता है।

युवाओं में डायबिटीज और मोटापे के मामले बढ़ रहे
क्रिस्टीन कहते हैं, युवाओं में डायबिटीज, हार्ट डिसीज और मोटापे के मामले बढ़ रहे हैं। इस उम्र में इस पर ध्यान न देने पर ये कई दूसरी समस्याओं को बढ़ाने का काम करते हैं। इसलिए फिट रहकर कई दिक्कतों से बचा जा सकता है।

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