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ब्रिटेन में वेट लॉस सर्जरी की तैयारी:पेट का आकार छोटा करके वजन को घटाने वाली सर्जरी, दावा; 30 किलो तक घटा सकेंगे वजन

10 महीने पहले
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  • ब्रिटेन की स्वास्थ्य एजेंसी नेशनल हेल्थ सर्विसेज (NHS) कर रही सर्जरी की तैयारी
  • एजेंसी का दावा, सर्जरी के बाद पेट पर किसी तरह के दाग या निशान नहीं छूटते

बढ़ते वजन से परेशान लोगों के लिए ब्रिटेन में जल्द ही अलग तरह की सर्जरी शुरू की जाएगी। ब्रिटेन की स्वास्थ्य एजेंसी नेशनल हेल्थ सर्विसेज (NHS) का कहना है, पेट की इस सर्जरी से 30 किलो तक वजन घटाया जा सकता है। इसके अलावा डायबिटीज, हार्ट अटैक और स्ट्रोक का खतरा घटाया जा सकता है।

क्यों खास है यह सर्जरी, 5 पॉइंट्स में समझें

  • NHS के मुताबिक, इस सर्जरी की मदद से पेट का आकार दो तिहाई तक छोटा किया जाता है।
  • पूरी सर्जरी में करीब 90 मिनट का समय लगता है। सर्जरी के बाद पेट पर किसी तरह के दाग या धब्बे नहीं नजर आते।
  • सर्जरी के लिए सबसे पहले मरीज के मुंह में एक एंडोस्कोप (इंस्ट्रूमेंट) डालते हैं। यह पेट तक पहुंचकर यहां की दीवार को सिलता है ताकि इसे छोटा किया जा सके। नतीजा, पेट का आकार घट जाता है।
  • सर्जरी के बाद पेट छोटा होने के कारण इंसान को भूख कम लगती है। मरीज को सलाह दी जाती है कि ज्यादा खाना न खाएं, वरना टांके खुल सकते हैं।
  • सर्जंस का कहना है, यह प्रक्रिया वजन घटाने वाले दूसरे इलाज के मुकाबले ज्यादा सफल है। इसके लिए मरीज की परमिशन जरूरी है।

प्राइवेट हॉस्पिटल में सर्जरी का खर्च 7.35 लाख रु.
इस सर्जरी का नाम एंडोस्कोपिक स्लीव गैस्ट्रोप्लास्टी है। अब तक इसे केवल प्राइवेट हॉस्पिटल्स में किया जाता रहा है। इस सर्जरी में 7.35 लाख रुपए का खर्च आता है। खर्च इससे अधिक भी हो सकता है।

इम्पीरियल कॉलेज हेल्थकेयर NHS के स्टमक एक्सपर्ट डॉ. देविंदर बंसी कहते हैं, अगर 10 फीसदी वजन भी कम करते हैं तो डायबिटीज से बचाव कर सकते हैं। हार्ट डिजीज, स्ट्रोक, आर्थराइटिस, एसिड रिफ्लक्स और स्लीप एप्निया का खतरा भी घटा सकते हैं। सर्जरी के 4 दिन बाद मरीज ऑफिस जा सकता है।

सर्जरी शुरू करने की नौबत क्यों पड़ी?
NHS के आंकड़े कहते हैं, ब्रिटेन में 20 लाख लोग मोटापे से जूझ रहे हैं। इनका वजन इतना ज्यादा है कि सेहत पर बुरा असर पड़ रहा है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, मोटापा हार्ट डिजीज, डायबिटीज, स्ट्रोक के अलावा हड्डियों के डैमेज होने का खतरा बढ़ाता है। कई बार वजन अधिक होने के कारण हिप और नी-रिप्लेसमेंट की जरूरत पड़ती है। कई बार रिप्लेसमेंट से पहले वजन घटाने को भी कहा जाता है।