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करोड़ों रु. का घपला: गुड़गांव के SRS ग्रुप के चेयरमैन समेत 7 डायरेक्टर्स पर छापा

60 पुलिसकर्मियों ने घरों अौर टॉवर से दस्तावेज, लैपटॉप व करोड़ों रुपए कब्जे में लिए।

Bhaskar News | Last Modified - May 16, 2018, 11:55 AM IST

करोड़ों रु. का घपला: गुड़गांव के SRS ग्रुप के चेयरमैन समेत 7 डायरेक्टर्स पर छापा

फरीदाबाद. एसआरएस ग्रुप के चेयरमैन और डायरेक्टर्स पर एफआईआर दर्ज करने के चार दिन बाद पुलिस की टीम ने ग्प के चेयरमैन स रु हित सात डायरेक्टरों और एसआरएस टॉवर पर रेड की। 60 पुलिसकर्मियों की टीम का नेतृत्व डीसीपी हेडक्वार्टर विक्रम कपूर कर रहे थे। टीमों ने प्रॉपर्टी व अन्य लेनदेन से संबंधित दस्तावेज, लैपटॉप व करोड़ों रुपए कब्जे में लिए गए हैं। चेयरमैन जिंदल की नेताओं से अच्छी पैठ है। यही कारण है कि 50 से अधिक एफआईआर और सैकड़ों कंप्लेंट होने के बावजूद इनकी गिरफ्तारी आज तक नहीं हो सकी है। अब सीपी अमिताभ ढिल्लो ने इस मामले में सख्त रवैया अपनाया है।

60 कंप्लेंट दी लेकिन दर्ज हुई 20

एसआरएस पीड़ित मंच के संयोजक व शिकायतकर्ता जनकराज गुप्ता के मुताबिक 2012 में एसआरएस ग्प रु के चेयरमैन अनिल जिंदल, डायरेक्टर प्रतीक जिंदल, विनोद गर्ग, विशन बंसल, नानक चंद तायल, पीके कपूर, जेके गर्ग, देवेंद्र अधाना व अन्य ने लोगों से उनके प्रोजेक्ट में निवेश करने के लिए कहा था। आरोपियों ने झांसा दिया था कि निवेश के बदले फ्लैट दिए जाएंगे। इससे लाखों का फायदा होगा। इसके बाद लोगों ने निवेश करना शुरू कर दिया था। इस दौरान लोगों को 1 से 1.5 प्रतिशत के हिसाब से उनके रुपयों का ब्याज भी दिया गया। तीन साल पहले अनिल जिंदल व विनोद गर्ग सहित अन्य निदेशकों ने सेक्टर-31 स्थित एसआरएस टॉवर में बुलाकर लोगों को चेक भी दिए। मगर जब चेक बैंक में डाले गए तो वे बाउंस हो गए।

प्री लॉन्चिंग के नाम पर की थी ठगी

एसआरएस ग्रुप पर फ्लैटों की प्री- लॉन्चिंग के नाम पर हजारों लोगों की जिंदगी भर की कमाई डकारने के आरोप हैं। पुलिस के पास पहुंची 60 शिकायतों में ही करीब 8 से 10 करोड़ रुपए की रकम बताई जा रही है। एसआरएस ग्रुप के खिलाफ पुलिस आयुक्त अमिताभ सिंह ढिल्लो के आदेश पर रविवार को सेक्टर-31 थाने में एक साथ 20 मामले दर्जकिए गए थे। बाकी 40 मामलों की जांच चल रही है। एफआईआर दर्ज होते ही ग्रुप के चेयरमैन अनिल जिंदल कहीं फरार हो गए।

बैंकों का है मोटा लोन

एसआरएस पीड़ित मंच के संयोजक जनकराज गुप्ता द्वारा निकलवाई गई जानकारी में दावा किया गया है कि विभिन्न बैंकों का करीब 7 हजार करोड़ रुपए लोन के रूप में बकाया है। इसके अलावा निवेशकों और ब्याज पर पैसा देने वालों का हजार करोड़ से अधिक बकाया है।

इनकम टैक्स की टीम भी आई

पता लगा है कि दो दिन पहले एसआरएस टॉवर में गाजियाबाद से इनकम टैक्स की टीम भी आई थी। इसमें 6 अधिकारी शामिल थे। इन अफसरों ने कई घंटे टॉवर में बिताए और ग्रुप के दस्तावेज खंगाले थे।

दक्षिण अफ्रीका में ट्रांसपोर्ट का काम

सूत्रों से पता लगा है कि एसआरएस ग्रुप का कारोबार देश से लेकर विदेश तक में फैला हुआ है। दक्षिण अफ्रीका में ग्रुप का ट्रांसपोर्ट का कारोबार है। इसने करीब 350 बसें वहां खरीदी हैं। इसके अलावा कुछ और देशों में भी कारोबार बताया जा रहा है।

पुलिस ने भागने का पूरा समय दिया

एसआरएस ग्रुप के चेयरमैन अनिल जिंदल सहित अन्य आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज करने वाली पुलिस ने आरोपियों को भूमिगत होने का पूरा समय दिया। इस मामले में एफआईआर 4 मार्च को दर्ज हुई थी लेकिन पुलिस ने रेड 8 मार्च को की। इस दौरान आरोपी समझ गए कि पुलिस कभी भी उन्हें गिरफ्तार कर सकती है। इतना ही नहीं आरोपियों को फ्राॅड से संबंधित दस्तावेज छिपाने का भी पूरा समय दिया गया।

बैंक वाले पहुंच गए 50 करोड़ लेने

चेयरमैन जिंदल के घर पर पुलिस की रेड के दौरान कॉरपोरेशन बैंक के अधिकारी भी आ धमके। बैंक के चीफ मैनेजर राजमोहन ने बताया कि इस ग्रुप ने 2011/12 में 50 करोड़ रुपए का लोन लिया था। इसका भुगतान न करने पर कई बार नोटिस दिए जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि जिंदल का घर भी बैंक ऑफ बड़ौदा के पास गिरवी रखा हुआ है। इसके अलावा अन्य काफी बैंकों का करोड़ों रुपया बकाया है। बैंक अधिकारियों ने गुरुवार को मौके पर प्रदर्शन भी किया।

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Web Title: karoड़on ru. ka ghplaa: gauड़gaaanv ke SRS garup ke cheyrmain smet 7 directors par chhaapaa
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

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