• Hindi News
  • Haryana
  • Faridabad
  • नगर निगम से नहीं जाना चाहते अधिकारी, ट्रांसफर होते ही स्टे ऑर्डर ले आते हैं, अब खुलेगी पोल
--Advertisement--

नगर निगम से नहीं जाना चाहते अधिकारी, ट्रांसफर होते ही स्टे ऑर्डर ले आते हैं, अब खुलेगी पोल

Faridabad News - नगर निगम बेशक आर्थिक तंगी से गुजर रहा है लेकिन यहां अधिकारी खूब मौज ले रहे हैं। अवैध निर्माण, सीएलयू, ठेकेदारों से...

Dainik Bhaskar

May 03, 2018, 02:00 AM IST
नगर निगम से नहीं जाना चाहते अधिकारी, ट्रांसफर होते ही स्टे ऑर्डर ले आते हैं, अब खुलेगी पोल
नगर निगम बेशक आर्थिक तंगी से गुजर रहा है लेकिन यहां अधिकारी खूब मौज ले रहे हैं। अवैध निर्माण, सीएलयू, ठेकेदारों से मिलीभगत से लेकर अन्य कामों में मोटा कमीशन का खेल चल रहा है। यही कारण है कि पिछले दिनों सरकार द्वारा कई अधिकारियों के यहां से तबादला आदेश जारी हुए। इससे खफा होकर अधिकारी कोर्ट से स्टे ले आए और फिर यहीं जमकर बैठ गए। इसी मामले की पोल खोलने के लिए निगम के डिप्टी मेयर मनमोहन गर्ग ने कमिश्नर मोहम्मद शाइन को एक शिकायत भेजी है। उन्होंने इसमें पूछा है कि ऐसे कौन से अधिकारी हैं और इनका स्टे कब तक मान्य है। गर्ग के मुताबिक इस जानकारी के हाथ में आते ही वे एक शिकायत सरकार को भेजेंगे और ऐसे अधिकारियों की पोल खोलेंगे जो निगम को कंगाल कर रहे हैं।

पिछले दिनों कई गड़बड़ी आईं सामने

निगम में पिछले दिनों कई गड़बड़ी सामने आईं। इन पर बड़ी कार्रवाई भी की गई। सबसे अधिक गड़बड़ी प्लानिंग ब्रांच में सामने आईं। इसके एसटीपी सतीश पाराशर को न केवल सस्पेंड कर दिया गया बल्कि उनके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज करा दी गई। सतीश पाराशर का तबादला भी कर दिया गया। लेकिन ये स्टे ऑर्डर ले आए और यहीं जमकर बैठ गए। मोहम्मद शाइन के आने के बाद सबसे पहले इनका यहां से सफाया किया गया। सतीश पाराशर पर गलत तरीके से सीएलयू के लिए एलआेआई देने का आरोप है। इसके अलावा नगर निगम में प्लानिंग ब्रांच के ओएसडी रतनलाल रोहिल्ला का भी तबादला पिछले दिनों हो गया था लेकिन ये भी कोर्ट से स्टे ले आए। इससे पहले रोहिल्ला स्थापना अधिकारी थे लेकिन एसटीपी पर कार्रवाई के बाद इन्हें प्लानिंग ब्रांच का ओएसडी बना दिया गया। पता लगा है ऐसे और भी अधिकारी हैं जो नगर निगम से जाना ही नहीं चाहते। कई अधिकारी ऐसे हैं जिन्हें यहां काम करते हुए 20 साल हो गए हैं। इन पर सत्ताधारियों की कृपा बताई जा रही है।



फरीदाबाद. नगर निगम मुख्यालय। (फाइल फोटो)

मांगों को लेकर कर्मचारियों ने निगम मुख्यालय पर की भूख हड़ताल

फरीदाबाद|मांगों
को लेकर बुधवार को निगम मुख्यालय के बाहर कर्मचारियों ने भूख हड़ताल कर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। कर्मचारी यूनियन के नेताओं के अनुसार उनकी मांगों में कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने, पुरानी पेंशन स्कीम लागू करने, ठेकेदारी प्रथा समाप्त करने, समान काम समान वेतन देने, पंजाब के समान वेतन देने, पक्के कर्मचारियों को 100-100 गज के प्लाट देना आदि शामिल हैं। भूख हड़ताल में नगर निगम की तरफ से 186 कर्मचारी बैठे। यह भूख हड़ताल 3 मई तक जारी रहेगी।

मांगों को लेकर नगर परिषद के सफाई कर्मचारी रहे भूख हड़ताल पर

पलवल|मांगों को लेकर बुधवार को नगर परिषद के सफाई कर्मचारियों ने एक दिवसीय भूख हड़ताल की। इसकी अध्यक्षता नगरपालिका कर्मचारी संघ के जिलाध्यक्ष कैलाशचंद ने की। उन्होंने प्रदेश सरकार को चेतावनी देते हुए कहा अगर सरकार ने उनकी मांगों को जल्द पूरा नहीं किया तो यह हड़ताल अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल में तब्दील कर दी जाएगी। इसकी जिम्मेदारी प्रदेश सरकार की होगी। कैलाश चंद ने कहा कि हरियाणा सरकार ने अपने चुनावी घोषणा पत्र में जो वादे कर्मचारियों से किए थे उन्हें आज तक पूरा नहीं किया। प्रदेश सरकार कर्मचारियों की मांगों की अनदेखी कर रही है व जायज मांगों को भी लागू नहीं कर रही है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की मुख्य मांगें समान काम समान वेतन, समय पर वेतन देने व ठेका प्रथा बंद करना है। उन्होंने कहा कि अगर सरकार ने उनकी मांगों को जल्द पूरा नहीं किया तो 9, 10 व 11 मई को तीन दिवसीय भूख हड़ताल की जाएगी। अगर सरकार ने इसके बाद भी उनकी मांगों की तरफ ध्यान नहीं दिया तो उनकी हड़ताल अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल में बदल जाएगी। सर्व कर्मचारी संघ के नेता बनवारी लाल ने कहा यदि सफाई कर्मचारियों की मांगें पूरी नहीं हुई तो सर्व कर्मचारी संघ भी उनके साथ इस आंदोलन में हिस्सा लेगा।

पलवल. मांगों को लेकर नगर परिषद कार्यालय में भूख हड़ताल पर बैठे सफाई कर्मचारी।

नगर निगम से नहीं जाना चाहते अधिकारी, ट्रांसफर होते ही स्टे ऑर्डर ले आते हैं, अब खुलेगी पोल
नगर निगम से नहीं जाना चाहते अधिकारी, ट्रांसफर होते ही स्टे ऑर्डर ले आते हैं, अब खुलेगी पोल
X
नगर निगम से नहीं जाना चाहते अधिकारी, ट्रांसफर होते ही स्टे ऑर्डर ले आते हैं, अब खुलेगी पोल
नगर निगम से नहीं जाना चाहते अधिकारी, ट्रांसफर होते ही स्टे ऑर्डर ले आते हैं, अब खुलेगी पोल
नगर निगम से नहीं जाना चाहते अधिकारी, ट्रांसफर होते ही स्टे ऑर्डर ले आते हैं, अब खुलेगी पोल
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..