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घोड़ों में बीमारी जानने और इलाज के लिए बनाया ऐप, पशुपालकों का बचेगा समय और पैसा

Bhaskar News | Last Modified - Jan 02, 2018, 08:09 AM IST

घोड़े और खच्चरों में रोगों के लक्षणों के बारे में जानने और उनके उपचार के लिए पशुपालकों को अब भटकना नहीं पड़ेगा।
घोड़ों में बीमारी जानने और इलाज के लिए बनाया ऐप,  पशुपालकों का बचेगा समय और पैसा

हिसार.घोड़े और खच्चरों में रोगों के लक्षणों के बारे में जानने और उनके उपचार के लिए पशुपालकों को अब भटकना नहीं पड़ेगा। इसके लिए राष्ट्रीय अश्व अनुसंधान केन्द्र के वैज्ञानिकों ने एप तैयार किया है। न केवल प्रगतिशील किसान अपितु छोटे पशुपालक भी इसका लाभ उठा सकेंगे।


शहर में सिरसा रोड स्थित राष्ट्रीय अश्व अनुसंधान केंद्र में इंफो-इक्वाइन नामक मोबाइल एप्लिकेशन तैयार हाेने के बाद से ही हरियाणा समेत विभिन्न प्रदेशों से पशुपालक अनुसंधान केंद्र में संपर्क कर रहे हैं। घोड़ों और खच्चरों के रोगों का इलाज कराने के लिए पशुपालक हजारों रुपए खर्च कर अश्व अनुसंधान केंद्र आते हैं। इसके आने-जाने में रुपए और समय की दोनों बर्बादी होती है। मगर अब एप बनने से समय और पैसों की बचत हो सकेगी। पशुपालक एप के माध्यम से घोड़ों और खच्चरों में पनपने वाले रोगों की फोटो व समस्या वैज्ञानिकों को भेज सकते हैं। इसके बाद इन फोटो और लक्षणों के बारे में जानकर डॉक्टर इलाज की सलाह दे सकते हैं। किसान चाहे तो पीड़ित घोड़े या खच्चर को जांच के लिए भी केंद्र में ला सकता है। केंद्र के वैज्ञानिकों के अनुसार पहाड़ी इलाकों में घोड़ों को ज्यादा बीमारियां पकड़ती हैं। एप में अश्व आहार एवं रख-रखाव का विवरण के साथ-साथ कृत्रिम गर्भाधान द्वारा उत्तम/सर्वोत्तम नस्ल के अश्वों की उत्पत्ति के बारे में भी जानकारी दी गई है।

इन वैज्ञानिक का रहा योगदान

अश्व अनुसंधान केंद्र के निदेशक डॉ. बीएन त्रिपाठी के निर्देशन में डॉ. अंजू मनूजा, डॉ. हेमा त्रिपाठी एवं डॉ. राजेन्द्र कुमार ने इंफो-इक्वाइन मोबाइल एप्लीकेशन तैयार किया है। यह अश्व के मालिकों, पशु चिकित्सा अधिकारी, पशुु स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों, छात्रों, अश्व उद्योग के पेशेवरों और अन्य हितधारकों के लिए एक उपयोगी-अनुकूल द्विभाषी (हिन्दी और अंग्रेजी) मोबाइल एप है। एप उपयोगकर्ता को नस्लों, प्रबंधन, पोषण, रोगों, कृत्रिम गर्भाधान, गर्भावस्था निदान आदि के संबंध में अपने ज्ञान को बढ़ाने के लिए सहायक है। अश्वों के समग्र विकास के लिए अश्व प्रबंधन के साथ-साथ अश्व रोगों के लक्षण, निदान व रोकथाम के लिए विभिन्न जानकारी उपलब्ध कराई गई है। एप को संचालित करने के लिए मूल आवश्यकता इंटरनेट के साथ एक एंड्रॉइड डिवाइस मोबाइल रखना है और इंफो-इक्वाइन लिखते ही यह एप सीधे स्क्रीन पर दिखाई देगा।

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Web Title: ghodeon mein bimaari jaanne aur ilaaj ke liye banayaa aip, pshupaalkon ka bchegaaa smy aur paisa
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

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