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पुलिस वालों की टोटिंग से भी परेशान रहते थे Ex IPS, घर से दूर मिली थी लाश

रामसिंह बिश्नोई ने खैरमपुर के फार्म हाउस में रविवार को लाइसेंसी रिवॉल्वर से गोली मारकर खुदकुशी कर ली थी।

Danik Bhaskar | Jan 30, 2018, 06:10 AM IST

हिसार। रिटायर्ड एसपी रामसिंह बिश्नोई ने खैरमपुर के फार्म हाउस में रविवार को लाइसेंसी रिवॉल्वर से गोली मारकर खुदकुशी कर ली थी। सोमवार को पुलिस ने उनके शव का सिविल हॉस्पिटल में पोस्टमार्टम करवाया। वहीं दूसरी तरफ रिटायर्ड एसपी के भाई जगदीश का कहना था कि कोर्ट में पेंडिंग जमीन के विवाद के मामले में पेशी के दौरान लोगों द्वारा होने वाली टोंटिंग से भी रिटायर्ड एसपी रामसिंह बिश्नोई टेंशन में रहते थे, इसके चलते उन्होंने ऐसा कदम उठाया। क्या है पूरा मामला ...

- रिटायर्ड एसपी रामसिंह बिश्नोई का अपने रिश्तेदार से जमीन का विवाद चल रहा है। इससे हर कोई वाकिफ था। उनके भाई जगदीश का आरोप है कि रिश्तेदार देवीलाल ने उन्हें बदनाम कर रखा था।
- इसके साथ कोर्ट में पेशी पर जाने के दौरान लोग भी यहां तक कि पुलिस कर्मी पर उन पर तंज कसते थे।
- उन्हें यह नागवार गुजरती थी। इससे रिटायर्ड एसपी टेंशन में रहते थे। तनाव में उन्होंने आत्महत्या जैसा कदम उठाया। हालांकि इस मामले में उनके भाई रामराय ने रिश्तेदार के खिलाफ मामला दर्ज करवा रखा है। सिविल अस्पताल में शव का डॉक्टर ने पोस्टमार्टम किया।
- रिपोर्ट के मुताबिक उनके सिर में कनपटी के ऊपर दाएं तरफ लगी गोली बाएं तरफ फंसी थी। इससे जाहिर था कि उन्होंने राइट हैंड से गोली चलाई। सिर में लगी गोली ने अंदर काफी डेमेज किया हुआ था।

आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई
- रिटायर्ड एसपी के हाईप्रोफाइल सुसाइड केस में उनके परिजनों ने जमीन के विवाद को लेकर आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज करा रखा है।

- इस मामले में गंभीरता से तफ्तीश की जा रही है। अभी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया है।

रिवॉल्वर में फंसे खाली और जिंदा कारतूस की होगी जांच
एसओसी सहायक निदेशक डॉ. अजय सिंह ने बताया कि पुलिस को जांच के दौरान रिटायर्ड एसपी के पास उनका लाइसेंस रिवॉल्वर मिला था।

इस रिवॉल्वर में चार जिंदा और एक खाली कारतूस था। इसके साथ उनकी बॉडी से कारतूस मिला।

इन्हें जांच के लिए बैलेस्टिक लैब भेजकर मिलान किया जाएगा, ताकि यह पता चल सके कि बॉडी में मिला और रिवॉल्वर में फंसा खाली तथा जिंदा कारतूस एक ही है। जो गोली चली वह इसी रिवाॅल्वर से चलाई गई थी।

इसके अलावा उनके दाएं और बाएं हाथ के भी प्रिंट तथा रिवॉल्वर के भी प्रिंट जांच के लिए उठा गए हैं।'' एसओसी सहायक निदेशक डॉ. अजय सिंह