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इधर... पाक, बांग्लादेश और चीन के वैज्ञानिकों को नहीं मिला वीजा

हिसार | तीन देशों के वरिष्ठ पशु वैज्ञानिकों को हिसार आने के लिए वीजा नहीं मिल सका। इनमें पाकिस्तान, बांग्लादेश व...

Bhaskar News Network | Last Modified - Feb 02, 2018, 07:05 AM IST

हिसार | तीन देशों के वरिष्ठ पशु वैज्ञानिकों को हिसार आने के लिए वीजा नहीं मिल सका। इनमें पाकिस्तान, बांग्लादेश व चीन शामिल हैं। इनमें पाकिस्तान के 38, बांग्लादेश के 5 और चीन के 4 वरिष्ठ वैज्ञानिक शामिल हैं। हालांकि हिसार में उन वैज्ञानिकों के स्वागत में तैयारियां की हुई थीं। हिसार के केंद्रीय भैंस अनुसंधान संस्थान में चार दिवसीय नौवीं एशियन बफैलो कांग्रेस गुरुवार से शुरू हुई। इसमें कई देशों के पशु वैज्ञानिकों को आमंत्रित किया गया। लेकिन पाकिस्तान, बांग्लादेश और चीन के पशु वैज्ञानिकों को वीजा नहीं दिया गया, जबकि बाकी देशों के वैज्ञानिक पहुंच चुके हैं।

वीजा मामले में कुछ भी कहने से किया इनकार

एशियन कांग्रेस के आयोजक केंद्रीय भैंस अनुसंधान संस्थान के वरिष्ठ वैज्ञानिकों से बातचीत की गई तो उन्होंने तीन देशों के वैज्ञानिकों को वीजा न देने के बारे में किसी तरह की टिप्पणी से इनकार कर दिया। मगर इतना जरूर कहा कि यदि पाकिस्तान, बांग्लादेश व चीन के पशु वैज्ञानिक भाग लेने आते तो उनका स्वागत होता। संस्थान ने पूरी तैयारियां थी। वीजा देना या न देना भारत सरकार का काम है।

देशभर से भी 200 वैज्ञानिक पहुंचे

बुलगेरिया -19, नेपाल -13, ब्राजील -2, इटली-7, अमेरिका-3, फिलिपींस-2, श्रीलंका-2, नाजनीरिया-2, मिस्त्र-1 तथा शार्क देशों के पशु वैज्ञानिक इसमें शामिल हो रहे हैं। भारत के विभिन्न राज्यों से 200 पशु वैज्ञानिक व लैब वैज्ञानिक भाग ले रहे हैं। वीजा न मिलने के कारण पाकिस्तान के 38, बांग्लादेश के 5 और चीन के 4 पशु वैज्ञानिक भाग लेने नहीं आ सके।

गुरुवार को हुआ उद्घाटन

नौवीं एशियन भैंस कांग्रेस यानि एबीसी-2018 का उद्घाटन गुरुवार को नाबार्ड के चेयरमैन डॉ. हर्ष भनवाला की अध्यक्षता में हुआ। भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के वरिष्ठ वैज्ञानिक सदस्य डॉ. एसएस होनप्पागोल और डाॅ. जेके जैन बतौर विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे। केंद्रीय भैंस अनुसंधान संस्थान के निदेशक डॉ. इंद्रजीत सिंह स्वागताध्यक्ष रहे। आईएसबीडी के मुख्य संरक्षक डॉ. एसके रंजन समेत विभिन्न वैज्ञानिक इस मौके पर मौजूद थे।

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