Hindi News »Haryana »Hisar» दोस्तों के बेटों को नौकरी लगवाने का झांसा दे 15.38 लाख ठगी का कराया केस, खुद पर 7.10 लाख ठगी का आरोप

दोस्तों के बेटों को नौकरी लगवाने का झांसा दे 15.38 लाख ठगी का कराया केस, खुद पर 7.10 लाख ठगी का आरोप

मार्केट कमेटी में ऑक्शन रिकॉर्डर और शिफ्ट अटेंडेंट की नौकरी दिलवाने की एवज में मूलत: गांव सौथा और 12 क्वार्टर...

Bhaskar News Network | Last Modified - May 01, 2018, 03:15 AM IST

मार्केट कमेटी में ऑक्शन रिकॉर्डर और शिफ्ट अटेंडेंट की नौकरी दिलवाने की एवज में मूलत: गांव सौथा और 12 क्वार्टर निवासी जयदेव की शिकायत पर उसके दो दोस्तों के 15 लाख 38 हजार 500 रुपए ठगने के आरोप में पुलिस ने पिता-पुत्र समेत चार लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है।

चौकाने वाली बात यह कि 12 क्वार्टर वासी जितेंद्र ने जयदेव व एक अन्य पर उक्त तरीके से 7.10 लाख रुपए ठगने का अारोप लगा केस दर्ज करवाया है। पुलिस ने दोनों मामलों की जांच शुरू कर दी है।

पंचायत में 15.38 लाख रुपए लेने की हामी भरी, बाद में किया इनकार

पुलिस ने 12 क्वार्टर वासी जयदेव की शिकायत पर कोहली के दलीप सिंह और उसके पुत्र विजय, 12 क्वार्टर वासी गिरदावरी और भूना निवासी कृष्ण कुमार के खिलाफ केस दर्ज किया है। शिकायतकर्ता बिजली मैकेनिक ने आरोप लगाया है कि विजय सिंह अपनी रिश्तेदार गिरदावरी नामक महिला के घर में रहता था। इस कारण उसका घर आना-जाना शुरू हो गया था। फरवरी 2016 को विजय उनके घर आकर बोला कि सरकार में उसकी पहुंच है। अगर आपको कोई बच्चा नौकरी लगवाना है तो बता देना। शिकायककर्ता ने कहा कि दो दोस्त हैं, जिनके बेटों को नौकरी लगवानी है। उसने कहा कि 16 लाख रुपए देने पड़ेंगे। मार्केट में एचएसएससी के तहत उसके दोस्त बलवान के पुत्र अजय काे शिफ्ट अटेंडेंट और बलबीर के पुत्र जितेंद्र को ऑक्शन रिकॉर्डर लगवा देगा। ऐसे में 15 लाख रुपए बात पक्की हुई। 28 मार्च 2016 को जयदेव ने दोस्तों के बेटों को नौकरी लगवाने के लिए विजय को एडवांस 5 लाख रुपए ढांड हाल ढाणी किशनदत्त वासी रमेश की मौजूदगी में दिए थे। इसके अलावा 38 हजार 500 रुपए बतौर खर्चा दिया था। जब इंटरव्यू का समय आया तो विजय के कहने पर दोस्तों से 6 लाख रुपए नकद और 4 लाख रुपए का चेक 12 अक्टूबर, 2016 को उसकी व बलवान की मौजूदगी में पड़ोसन गिरदावरी के सामने दिए। महिला ने विश्वास दिलाया कि चिंता न करें। विजय आपका काम पक्का करवा देगा। इसकी मेरी गारंटी है। वहीं इंटरव्यू के बाद दोनों भर्तियों का परिणाम आया, जिनमें दोस्तों के बेटों का नाम नहीं था। तब विजय से रुपए लौटाने के लिए कहा तो टालमटोल करने लगा। पंचायत भी हुई थी, जिसमें 15,38,500 रुपए लेने की हामी भरी लेकिन फिर इनकार कर गया। आरोप है कि विजय के अलावा उसका पिता दलीप, कृष्ण व इनकी रिश्तेदार गिरदावरी भी धोखाधड़ी में शामिल है। इतना ही नहीं सीएम विंडो पर शिकायत दर्ज करवाई थी। तब विजय ने चेक दिया था, जोकि बाउंस हो गया था।

इधर, 12 क्वार्टर के जयदेव और कोहली वासी विजय पर केस

बारह क्वार्टर निवासी जितेंद्र की शिकायत पर पुलिस ने गांव सौथा हाल 12 क्वार्टर निवासी जयदेव और कोहली वासी विजय सिंह के खिलाफ 7.10 लाख रुपए की ठगी का केस दर्ज किया है। शिकायत में जितेंद्र ने आरोप लगाया है कि जयदेव के साथ पारिवारिक संबंध है। एक-दूसरे के घर आना-जाना है। दिसंबर 2014 को मार्केट कमेटी में एचएसएससी द्वारा ऑक्शन रिकॉर्डर की पोस्ट निकली थी। उसने उक्त पोस्ट के लिए आवेदन किया था। जयदेव को मामले बारे बताया तो बोला कि राजनीति में ऊंचे पद पर आसीन अधिकारियों से उसके अच्छे संबंध हैं। वह नौकरी लगवा देगा। इसके लिए 10 लाख रुपए देने होंगे। तब तय हुआ कि काम नहीं बना तो ब्याज सहित राशि लौटानी पड़ेगी। ऐसे में जितेंद्र ने अपनी माता के बैंक खाते से 3.10 लाख रुपए निकालकर जयदेव को नौकरी लगवाने के लिए दिए थे। उस दौरान शेर सिंह वर्मा भी वहां मौजूद थे। इसके बाद 4 लाख रुपए का चेक जयदेव को दिया था। 13 अक्टूबर 2016 को गुरुग्राम के बैंक में चेक लगाकर उक्त राशि को निकलवा लिया था। एचएसएससी ने अप्रैल 2017 मे ऑक्शन रिकॉर्डर का परिणाम घोषित किया था, लेकिन प्रार्थी का नाम लिस्ट में नहीं था। इस पर जितेंद्र व उसके पिता ने 20 मई 17 को जयदेव से रुपए लौटाने के लिए कहा तो इनकार कर दिया। तब सीएम विंडो में शिकायत दर्ज करवाई थी। 18 अक्टूबर 2017 और 10 नवंबर 2017 को फिर से रुपए लौटाने के लिए कहा तो जान से मारने की धमकी दी। तब अदालत में इस्तगासा दायर करके न्याय की गुहार लगाई थी।

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Hisar

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×