• Hindi News
  • Haryana
  • Jhajjar
  • Bahadurgarh News haryana news dtp will make two reports of illegal occupancy ground for illegal occupation of land in the northern glass for making transport nagar milan

ट्रांसपोर्ट नगर बनाने के लिए नार्दर्न ग्लास में कम रह गई जमीन, अवैध कब्जों की दोनों रिपोर्ट का सप्ताह में डीटीपी करेगी मिलान

Jhajjar News - गांव सांखोल में नार्दर्न ग्लास वाली 44 एकड़ जमीन में से करीब बीस एकड़ पर कब्जों के कारण बची जमीन पर भी कब्जों के चलते...

Bhaskar News Network

Feb 14, 2019, 03:20 AM IST
Bahadurgarh News - haryana news dtp will make two reports of illegal occupancy ground for illegal occupation of land in the northern glass for making transport nagar milan
गांव सांखोल में नार्दर्न ग्लास वाली 44 एकड़ जमीन में से करीब बीस एकड़ पर कब्जों के कारण बची जमीन पर भी कब्जों के चलते बहादुरगढ़ के ट्रांसपोर्ट नगर बनाने की योजना के लिए जमीन कम पड़ गई है। ऐसे में बहादुरगढ़ में सरकार के पास केवल 20 एकड़ के करीब ही जगह बची है, जिसमें ट्रांसपोर्ट नगर कैसे बनेगा इसे लेकर अधिकारी सकते में है। रही-सही कसर यहां दो साल में हुए अवैध निर्माणों ने पूरी कर दी है। अब सरकार ने गत दिनों ड्रोन सर्वें को दो साल पहले हुए सर्वें से मिलान करने और अवैध कब्जों की पहचान करने के लिए डीटीपी बबीता शर्मा को जिम्मेदारी सौंपी है। इसके साथ-साथ नार्दन ग्लास फैक्ट्री की पूरी जिम्मेदारी एचएसआीआईडीसी के जीएम राजीव कुमार को सौंप दी गई है। जिससे बची हुई पूरी जमीन पर छोटा बड़ा कैसे भी हो एक ट्रांसपोर्ट नगर जरूर बना दिया जाए।

नार्दर्न ग्लास की जमीन पर लगा एचएसआईआईडीसी का बोर्ड।

शुक्रवार को ड्रोन से करवाई वीडियोग्राफी

एक ट्रांसपोर्ट नगर बनाने के लिए करीब पचास एकड़ स्थान की जरूरत है, जिसमें पंप से लेकर गेस्ट हाउस और दुकानों व ट्रांसपोर्ट के कार्यालयों के साथ-साथ करीब 40 एकड़ में ट्रकों की पार्किंग भी हो सके। दिल्ली में संजय गांधी ट्रांसपोर्ट नगर करीब 250 एकड़ मैं है, जबकि उसके साथ लगते बहादुरगढ़ में ट्रांसपोर्ट नगर के केवल 20 एकड़ जमीन ही मिलने की संभावना है। इसी कारण ट्रांसपोर्ट नगर के निर्माण को लेकर संशय बन गया है और अधिकारी इस मामले में कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है। फिलहाल अभी तो वे केवल वे बची हुई अपनी जमीन पर कब्जा लेने का प्रयास कर रहे हैं। गौरतलब है कि इसके लिए शुक्रवार को ड्रोन कैमरे की सहायता से वीडियोग्राफी करवाया जा चुका है। फैक्टरियों के अलावा शेष बची करीब 20 एकड़ जमीन पर ट्रांसपोर्ट नगर बसाने के लिए एचएसआइआइडीसी के अधिकारियों की मौजूदगी में पूरे क्षेत्र की वीडियोग्राफी भी करवाई।

हाईकोर्ट ने 2015 में सरकार के हक में दिया था फैसला

गौरतलब है तत्कालीन बंसी लाल सरकार ने वर्ष 1971-72 में दिल्ली-रोहतक रोड पर सांखोल की पंचायती जमीन में करीब 44 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया था और यह जमीन नार्दर्न ग्लास फैक्टरी को इस शर्त पर दी गई थी कि वह यहां पर फैक्टरी की स्थापना करें। सरकार के उद्योग विभाग और फैक्टरी प्रबंधन के बीच हुए करार में यह शर्त रखी गई थी कि अगर इस जमीन का प्रयोग किसी अन्य उद्देश्य के लिए किया गया या फिर बेचा गया तो सरकार इस जमीन को रिज्यूम कर लेगी। जमीन फैक्ट्री लायक नहीं होने के कारण कई सालों तक यह जमीन ऐसे ही पड़ी रही और यहां पर कोई फैक्ट्री नहीं लगाई गई और कुछ साल बाद इस जमीन को टुकड़ों में रातों-रात बेच दिया गया। वहां पर कुछ ही दिनों बाद दर्जनों फैक्ट्री भी लग गई। जब जमीन रिज्यूम करने की कार्रवाई शुरू हुई तो जमीन के तत्कालीन मालिक हाईकोर्ट चले गए थे और हाईकोर्ट ने जमीन मालिकों के हक में फैसला सुना दिया था कि सरकार को बिना नोटिस दिए इस तरह जमीन को वापस लेना उचित नहीं। इस फैसले के खिलाफ सरकार सुप्रीम कोर्ट चली गई थी और वर्ष 2015 में सुप्रीम कोर्ट ने सरकार के हक में फैसला सुना दिया और सरकार के निर्णय को सही करार दिया। सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद उद्योग विभाग ने इस जमीन पर कब्जा ले लिया। जो आज तक कायम है।

कमेटी गठित करके गिराए जाएंगे अवैध निर्माण

अब दो साल पहले उद्योग विभाग के अधिकारियों की ओर से की गई वीडियोग्राफी से शुक्रवार को गई वीडियोग्राफी में मिलान किया जाएगा। जो एक सप्ताह में पूरा होगा। इस अवधि के दौरान जो भी छोटे से बड़े कैसे भी निर्माण पाए गए उन्हें अवैध मानते हुए गिराने के लिए कमेटी तैयार करके सभी अवैध निर्माण तोड़े जाएंगे जिससे क्षेत्रफल को 20 एकड़ से कुछ बढ़ाया जा सके।

अब अवैध कब्जों को कराया जाएगा खाली


X
Bahadurgarh News - haryana news dtp will make two reports of illegal occupancy ground for illegal occupation of land in the northern glass for making transport nagar milan
COMMENT