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आगजनी की घटना रोकने के लिए निगम कृषि फीडरों को नहीं देगा दिन में बिजली

बिजली निगम के इस निर्णय से किसानों की बढ़ी चिंता भास्कर न्यूज | कुरुक्षेत्र गेहूं कटाई का कार्य शुरू हो गया है।...

Danik Bhaskar | Apr 01, 2018, 04:20 AM IST
बिजली निगम के इस निर्णय से किसानों की बढ़ी चिंता

भास्कर न्यूज | कुरुक्षेत्र

गेहूं कटाई का कार्य शुरू हो गया है। खेतों में तार ढीली होने के कारण लटक रही हैं। हवा चलने पर शॉर्ट सर्किट से गेहूं की फसल में आग लग जाती है। इसे देख निगम ने एक अप्रैल से एक माह के लिए कृषि फीडरों पर बिजली आपूर्ति बंद करने का निर्णय लिया है। नए शेड्यूल के अनुसार कृषि फीडरों पर रात को केवल एक से दो घंटे ही बिजली मिलेगी। दिन के समय बिजली आपूर्ति पूरी तरह से बाधित रहेगी। उधर, निगम के इस निर्णय से अन्य फसलों की सिंचाई को लेकर चिंता बढ़ गई है। उन्हें डीजल इंजन या फिर नहरी पानी पर निर्भर रहना पड़ेगा। किसान को खेत में बिजली आपूर्ति देने के लिए निगम ने अलग से कृषि फीडर बना रखे हैं।

कृषि फीडरों पर आठ घंटे सप्लाई का था शेड्यूल : निगम ने ग्रामीण और कृषि फीडरों के लिए बिजली आपूर्ति का अलग-अलग शेड्यूल बना रखा है। ग्रामीण फीडरों पर लाइन लॉस के हिसाब से 15 से 24 घंटे बिजली आपूर्ति देता है। वहीं कृषि फीडरों पर किसानों को केवल आठ घंटे ही बिजली आपूर्ति दी जाती है। गेहूं कटाई के सीजन में किसानों को शेड्यूल के अनुसार बिजली आपूर्ति नहीं मिलेगी। दिन के समय बिजली सप्लाई पूर्ण रूप से बंद रहेगी। अधिकारियों के अनुसार किसानों को देर रात करीब एक से दो घंटे तक ही कृषि फीडर पर बिजली आपूर्ति मिलेगी। इससे किसान दूसरी फसलों में सिंचाई कर सकेंगे।

दिन में स्पार्किंग से बढ़ जाती है आगजनी की घटनाएं

एसई जेके कंबोज ने कहा कि अप्रैल माह में गेहूं की फसल पक कर तैयार हो जाती है। स्पार्किंग की वजह से आगजनी जैसी घटनाएं होती है। फसल की सुरक्षा को देखते हुए अप्रैल माह में कृषि फीडरों पर कट लगाए जाएंगे। किसानों को रात के समय दो से तीन घंटे ही बिजली दी जाएगी।