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महिला का सीडीपीओ पर आरोप; एक साल से वश में कर रखा है मेरा पति

शहर के सेक्टर-7 में कपड़ों की दुकान चलाने वाली महिला ने एक महिला अधिकारी पर उसके पति को वश में करने का आरोप लगाते हुए...

Danik Bhaskar | May 18, 2018, 03:20 AM IST
शहर के सेक्टर-7 में कपड़ों की दुकान चलाने वाली महिला ने एक महिला अधिकारी पर उसके पति को वश में करने का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। दोनों में हाथापाई व मारपीट तक नौबत पहुंची। सूचना मिलते ही सेक्टर-5 से पुलिस मौके पर पहुंची। बाद में दोनों ने एक दूसरे के खिलाफ पिपली थाने में शिकायत कर दी। हालांकि पुलिस ने समझौता करा दिया। पति को दुकानदार महिला के साथ भेज दिया। हिदायत दी कि दोबारा उसके खिलाफ कोई शिकायत नहीं आनी चाहिए। दुकानदार महिला के मुताबिक उसका पति एनजीओ चला रहा है। इसके चलते पति का महिला एवं बाल विकास विभाग की एक सीडीपीओ से संपर्क हुआ। आरोप लगाया कि उक्त अधिकारी ने उसके पति को अपने वश में कर लिया। इसके चलते पति उसके साथ अक्सर झगड़ा करता। करीब छह माह पहले वह हुडा सेक्टर में उक्त सीडीपीओ के साथ ही रहने लगा। सीडीपीओ शादीशुदा हैं, लेकिन पति से अनबन चल रही है।

घर पहुंच किया हंगामा

महिला दुकानदार ने पहले तो महिला एवं बाल सरंक्षण अधिकारी के पास शिकायत की। बुधवार रात को वह हुडा सेक्टर में उक्त अधिकारी के घर पहुंची। सीडीपीओ यहां उसके पति के साथ करीब छह महीने से किराये के मकान में रह रही है। हालांकि उस दौरान महिला का पति यहां नहीं मिला। लेकिन महिला व उक्त अधिकारी के बीच नौबत हाथापाई तक पहुंच गई। महिला अधिकारी ने पुलिस को सूचित किया। सेक्टर-5 चौकी प्रभारी जगदीशचंद्र ने किसी तरह शांत कराया। बाद में थाना सदर में सीडीपीओ ने महिला के खिलाफ गालीगलौज व मारपीट करने की शिकायत दी।

सीडीपीओ बोलीं-महिला दुकानदार ने मारपीट की पुलिस ने कराया समझौता पति को भेजा साथ

पुलिस ने कराया समझौता

एसएचओ निर्मल सिंह के मुताबिक दंपती के बीच घरेलू विवाद था। दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया है। महिला का पति उसके साथ चला गया है। महिला दुकानदार ने भी अब लिख कर दिया है कि वह विवाद दूर करेगी।

दोनों का था झगड़ा: सीडीपीओ

सीडीपीओ का कहना है कि उक्त महिला ने उन पर गलत लांछन लगाए। उसके पति के साथ उनकी सिर्फ जान पहचान है। महिला खुद सही नहीं है। उल्टे उन पर आरोप लगाए। साथ ही घर पहुंच कर हंगामा किया। इन आरोपों से उन्हें मानसिक आघात लगा। जिसके चलते उन्हें अस्पताल में भर्ती होना पड़ा।