--Advertisement--

शंखनाद से महाकाल की बारात का आगाज, ढोल की थाप पर लड़कियों ने किया डांस

इसमें शामिल हुए देवी-देवताओं के साथ भूत, पिशाच व नागा बाबा स्वरूप नाचते गाते चल रहे थे।

Danik Bhaskar | Feb 14, 2018, 05:28 AM IST

पानीपत. उज्जैन के राजा महाकाल की बरात। इसमें शामिल हुए देवी-देवताओं के साथ भूत, पिशाच व नागा बाबा स्वरूप नाचते गाते चल रहे थे। बरात में शामिल भक्तों को शिव-पार्वती विवाह का साक्षी बताते हुए कहा गया कि जिस समय में शिव-पार्वती विवाह हुआ था, समय में भी हम से कोई हवा तो कोई पानी, कोई भूत तो कोई देवगण, कोई पत्ता तो कोई फूल के रूप में जरूर विवाह के साक्षी बने होंगे। इसलिए ही तो आज भी मौका मिला है।

शिव भक्ति में लीन होकर युवक युवतियों की टोलियां ढोल की थाप पर नाच गाकर शिव बाबा की बरात में शामिल होने की खुशियां बढ़ा रही थी। रास्तों में छतों पर मौजूद महिलाएं व बच्चे फूलों की वर्षा कर रहे थे।

ओम के जाप से किया जलाभिषेक
शिवालयों में महाशिवरात्रि की 4 पहर की पूजा करके भक्तों ने मन्नतें मांगी। शिवालयों में जहां ओम नम: शिवाय मंत्र का जाप गूंजा तो श्रद्धालु भोले बाबा के दर्शन पाकर निहाल हो गए। घंटे, घड़ियाल की धुन के बीच महाआरती हुई। कांवड़ियों ने महादेव का जलाभिषेक किया। शहर के सभी मंदिरों में सुबह से ही भक्त पहुंचे लगे थे।

श्री जगन्नाथ मंदिर से शुरू होकर श्री कैलाशी सेवा समिति की राजा महाकाल की 26वीं पालकी यात्रा एवं बरात श्री देवी मंदिर पहुंची। यहां पर कैलाश मानसरोवर की यात्रा करके आए 61 कैलाशी परिवारों ने वधू पक्ष बनकर बरात का स्वागत किया। इससे पहले राजा महाकाल का मंगल स्नान के बाद शृंगार कराया गया। सुंदर स्वरूप सजाकर पालकी पर सजे आसन पर विराजमान कराया गया।

हम बहुत बड़े भाग्यशाली : विज
कार्यक्रम में मुख्यातिथि रहे भाजपा जिलाध्यक्ष प्रमोद विज ने कहा कि हम बहुत बड़े भाग्‍यशाली हैं, इसलिए तो लाखों की जनसंख्या वाले शहर से हमें ही शिव बरात में शामिल होने का मौका मिला है। समिति प्रधान अशोक कैलाशी ने बताया कि बरात श्री जगन्नाथ मंदिर से शुरू होकर अमर भवन चौक, राजपूताना बाजार, गुड़मंडी, मैन बाजार, कलंदर चौक, परमहंस कुटिया, सालार गंज गेट, श्री देवी मंदिर रोड से होती हुई श्री देवी मंदिर पहुंची। इस अवसर पर पार्षद हरीश शर्मा, मंदिर प्रधान राजेंद्र गुप्ता, धनराज बंसल व अशोक गुप्ता मौजूद रहे।

शिवगणों ने अग्नि से दिखाए करतब
बरात चलने के साथ ही 7 युवतियों ने शंख ध्वनि से भक्तों में उत्साह भरा। शंख ध्वनि के सभी भक्तों को पता चल गया कि अब चलना है। भुविका, गीतू, हिमांशी, अंजली व किरन ने बताया कि यह उनका सौभाग्य है। वहीं शिव गण भी हाथों में लिए बज्र से भी अग्नि निकाल रहे थे।

रातभर भक्ति गीतों में किया गुणगान
बरात पहुंचने के साथ ही श्री देवी मंदिर में वधू पक्ष की ओर से भक्ति कार्यक्रम कराया गया। इसमें भजन गायक रमेश रमेश शिंगला व ललित वशिष्ठ ने भक्ति गीतों पर भक्तों को शिव भक्ति से जोड़ा। मैं रोज तेरे दर आता हूं भगवन, कभी आप भी आया करो..।