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ये है वेट लिफ्टर बेटियों वाला गांव, नेशनल लेवल प्लेयर जीत चुकी हैं कई मेडल

मोरखेड़ी गांव की नई पहचान वेट लिफ्टर खिलाड़ियों वाली बेटियों वाले गांव से बन चुकी है।

प्रवीन दातौड़ | Last Modified - Jan 29, 2018, 07:08 AM IST

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    सांपला.रोहतक शहर से 22 किलोमीटर की दूरी पर स्थित मोरखेड़ी गांव की नई पहचान वेट लिफ्टर खिलाड़ियों वाली बेटियों वाले गांव से बन चुकी है। यहां की लड़कियां राष्ट्रीय स्तर पर वेट लिफ्टिंग स्पर्धाओं में कई मेडल अपने नाम कर चुकी हैं। आज गांव की 6 बेटियां राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में प्रदेश का नेतृत्व करतीं हैं। कई नेशनल टीम में भी खेल चुकी हैं। इसके अलावा कई अन्य लड़कियां भी हैं जिन्होंने राज्य स्तर पर अपनी खेल प्रतिभा का लोहा मनवाया है।

    गांव को ये नई पहचान दिलाई गांव के ही सरकारी स्कूल में कार्यरत डीपीई नीरज मलिक ने। मूल रूप से गांव अटायल के रहने वाले नीरज मलिक ने वर्ष 2014 में अपने एक दोस्त से इस खेल में इस्तेमाल होने वाले कई उपकरण उधार लेकर स्कूली की छात्राओं को प्रशिक्षण देना शुरू किया। वर्ष 2015 में उसका ये प्रयास तब अभियान बना जब तीन छात्राओं ने राज्य स्तर की प्रतियोगिता में दो गोल्ड और एक सिल्वर मेडल जीता। इसके बाद से ग्रामीणों ने अपनी बेटियों को इस खेल में शामिल होने की इजाजत दी और आज मोरखेड़ी गांव के करीब हर घर से एक बेटी वेट लिफ्टिंग का प्रशिक्षण ले रही है।


    वर्ष 2015 में राज्य स्तर पर हिसार में स्कूल वेट लिफ्टिंग प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। तब तक इस खेल में लड़कियों की संख्या बढ़ चुकी थी। कर्णम मल्लेश्वरी का हरियाणा से बहू का नाता इस खेल को नई पहचान दिला रहा था। इसी प्रतियोगिता में मोरखेड़ी की तीन बेटियों प्रीति, सविता और दीक्षा ने दो गोल्ड और एक सिल्वर मेडल जीता। ये गांव की बेटियां का पहले मेडल थे। इसी प्रदर्शन पर तीनों का चयन नेशनल स्तर की प्रतियोगिता के लिए हुआ।

    पहले राजी नहीं थे ग्रामीण
    डीपीई नीरज मलिक को गांव के राजकीय सीनियर सेकंडरी स्कूल की छात्राओं को वेट लिफ्टिंग खेल में लाने के लिए कई बाधाएं पार करनी पड़ी। शुरू में गांव वाले इस खेल में बेटियों को उतारने को राजी नहीं थे। कोई अपनी बेटी को प्रशिक्षण के लिए भी नहीं भेजना चाहता था। तब नीरज ने गांव के एक पूर्व नेवी अधिकारी राजेश सांगवान से मदद मांगी। उसने गांव वालों को राजी करना शुरू किया। अपने घर से बेटियों को प्रशिक्षण के लिए भेजा।


    नीरज के इस काम में स्कूल की जेबीटी राजबाला ने भी खूब मदद की। वो स्कूल समय के बाद बेटियों के प्रशिक्षण के दौरान वहीं पर रुकती।


    खेलो इंडिया में 3 खिलाड़ी
    खेलो इंडिया प्रतियोगिता में भी स्कूल की तीन छात्राओं को चयन वेट लिफ्टिंग स्पर्धा में हुआ है। यूथ नेशनल प्रतियोगिता में भी प्रदेश की आठ सदस्यीय टीम में से 5 खिलाड़ी मोरखेड़ी की है। ये प्रतियोगिता विशाखापट्नम में 20 फरवरी से शुरू होगी।

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Web Title: Weight Lifter Daughters Morekhedi Village
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