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आरएसपी हादसे से नहीं ली सीख, करोवन पोली फैक्ट्री में गैस का रिसाव, मुश्किल से बच पाई 18 मजदूरों की जान

कुलताना मार्ग स्थित औद्योगिक क्षेत्र में गत सप्ताह पहले आरएसपी फैक्टरी में तेल टैंक फटने से हुए हादसे से अन्य...

Bhaskar News Network | Last Modified - Jan 17, 2018, 04:45 AM IST

कुलताना मार्ग स्थित औद्योगिक क्षेत्र में गत सप्ताह पहले आरएसपी फैक्टरी में तेल टैंक फटने से हुए हादसे से अन्य फैक्टरी मालिक सीख लेते नहीं दिख रहे है। इस हादसे में एक मजदूर की मौत हो गई थी तथा दो मजूदर गंभीर रूप से घायल हो गए थे। वहीं मंगलवार को भी औद्योगिक क्षेत्र में करोवन पोली प्राइवेट लि. फैक्टरी में कंप्रेशर गैस का रिसाव हो गया। गैस के रिसाव से कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। हादसे की सूचना मिलने पर फायर ब्रिगेड आधे घंटे देरी से पहुंची, लेकिन कर्मचारियों ने अपने स्तर पर रिसाव बंद किया। फैक्टरी के सुपरवाइजर राजू ने बताया कि फैक्टरी में मंगलवार दोपहर 2 बजकर 15 मिनट पर बायलर के पास कंप्रेशर गैस का रिसाव शुरू हो गया। उस समय फैक्टरी में करीब 18 मजदूर काम कर रहे थे। गैस का रिसाव होने से कर्मचारियों में भगदड़ मच गई। गैस रिसाव के समय फैक्टरी में बायलर के पास करीब एक दर्जन मजदूर काम कर रहे थे। वहीं आधा दर्जन ठेके पर काम कर रहे मजदूर काम कर रहे थे। गैस रिसाव के बाद मजदूरों में भगदड़ मच गई। वहीं अंदर काम कर रहे मजदूरों के साथ सुपरवाइजर राजू ने रिसाव को बंद करने का प्रयास किया। इसकी जानकारी 2 बजकर 25 मिनट पर फायर ब्रिगेड को दी। सूचना पाकर फायर ब्रिगेड की गाड़ी लगभग 3 बजे पहुंची, तब तक कर्मचारियों ने बायलर के पास लगी आग को स्वयं पानी डालकर बुझा दिया। अगर गैस का रिसाव ज्यादा हो जाता तो जान व माल का बड़ा हादसा हो सकता था। गैस का रिसाव बंद होने के कारण मजूदरों के साथ आसपास के लोगो ने भी राहत की सांस ली। करीब 4 बजे के बाद फायर ब्रिगेड की गाड़ी फैक्टरी से बाहर निकली थी। वहीं फैक्टरी ने फायर ब्रिगेड से लाइसेंस भी रिन्यूअल नहीं करवाया है। क्षेत्र में ऐसी काफी फैक्टरियां चल रही है, जो मानकों पर खरी नहीं उतर रही है या फिर कहें कि अवैध रूप से चल रही हैं।

राेहतक. करोवन फैक्ट्री परिसर में गैस के रिसाव से फैला धुआं।

आग लग जाती तो मजदूर बाहर भी नहीं निकल पाते

करोवन पोली प्राइवेट लि. फैक्टरी में फैक्टरी में गैस रिसाव के साथ अगर एक चिंगारी भी निकल जाती तो बड़ा हादसा हो सकता था। गैस रिसाव के दौरान 18 मजदूर फैक्टरी में काम कर रहे थे। फैक्टरी में पुराने टायरों का भारी भंडार भरा हुआ था तथा कार्बन के कीट भी पड़े हुए थे। आग लगने की सूरत में मजदूरों का बाहर निकलना नामुकिन था। वहीं गैस का ज्यादा रिसाव होने पर मजदूरों का अचेत होना भी लाजमी था।

सुरक्षा उपकरण भी नहीं लगे

मजदूरों के पास किसी प्रकार के सुरक्षा उपकरण नहीं है। ना तो सेफ्टी जैकेट, न ही पैरों में जूते व सिर पर किसी प्रकार के खतरों से बचने के लिए हेल्मेट। फैक्टरी के अंदर आग बुझाने के लिए पर्याप्त पानी का भंडार भी नहीं है। फायर ब्रिगेड से एनओसी को भी नहीं रिन्यू अल करवा रखा हैै।

4 फैक्ट्रियों के पास नहीं दमकल की एनओसी

औद्योगिक क्षेत्र में पुराने टायरों से तेल निकालने वानी चार फैक्ट्री है। किसी भी फैक्ट्रीमालिक ने फायर ब्रिगेड से एनओसी नहीं ले रखी है। प्रदूषण विभाग से भी ज्यादातर को मजूरी नहीं मिली है।

फैक्टरी में गैस का हल्का रिसाव हो गया था जिसे तत्काल से बंद कर लिया गया। फैक्टरी में कोई जान व सामान का नुकसान नहीं हुआ है। फायर ब्रिगेड को सुरक्षा के लिए बुलाया गया था। वहीं एनओसी को लेकर उनका कहना था कि एक वर्ष से फायर ब्रिगेड से एनओसी रिन्यू अल नहीं करवाई है। -अशोक शर्मा, फैक्टरी प्रबंधक।

कमल के परिजनों ने प्रबंधकों पर जड़ा पैसे न देने का आरोप

रोहतक. फैक्ट्री प्रबंधन के खिलाफ प्रदर्शन करते मृतक कमल के परिजन व साथी मजदूर।

सांपला | आरएसपी रबड़ फैक्ट्ररी में मजदूर कमल साहनी की मौत के मामले में प्रबंधक की कार्यप्रणाली के प्रति परिजनों व अन्य मजदूरों ने मंगलवार को प्रदर्शन किया। मृतक की प|ी दुर्गावती का कहना है कि उसके तीन छोटे बच्चे हैं। फैक्ट्ररी मालिक ने वादा किया था उसे पांच लाख रुपए की सहायता राशि दी जाएगी। आरोप है कि फैक्ट्ररी प्रबंधक वादे से मुकर रहा है। कमल के बड़े भाई हीरा साहनी ने बताया मंगलवार दोपहर दो आदमी फैक्ट्ररी में आए और चले जाने का दबाव बनाने लगे। जब उन्होंने विरोध किया तो देख लेने की धमकी देकर चले गए। वहीं सीटू के जिला सचिव कामरेड विनोद ने कहा कि मजदूरों के साथ अन्याय नहीं होने देंगे।

वेतन भी नहीं मिला

फैक्ट्ररी में काम करने वाले मजदूर जितेंद्र, वीरबहादुर, कपिल देव प्रसाद, विकास, हेमंत आदि का कहना है कि फैक्ट्री प्रबंधक ने उनका वेतन तक नहीं दिया है। न ही घायलों के इलाज का पैसा दिया है।

जांच करेंगे

थाना प्रभारी जगदीश चंद्र शर्मा का कहना है कि मजदूरों के साथ घटी घटना संज्ञान में नहीं है। यदि कोई शिकायत आती है तो तत्काल कार्रवाई करेंगे।

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