• Home
  • Haryana News
  • Sirsa
  • 20 दिन बंद रहेगी भाखड़ा नहर, पेयजल का संकट गहराने के आसार, राशनिंग की तैयारी
--Advertisement--

20 दिन बंद रहेगी भाखड़ा नहर, पेयजल का संकट गहराने के आसार, राशनिंग की तैयारी

मौसम के तेवर तीखे होने लगे हैं। गर्मी दिन-प्रतिदिन तेज होती जा रही है। इस बीच नहरबंदी प्रक्रिया भी शुरू हो रही है।...

Danik Bhaskar | Apr 01, 2018, 03:40 AM IST
मौसम के तेवर तीखे होने लगे हैं। गर्मी दिन-प्रतिदिन तेज होती जा रही है। इस बीच नहरबंदी प्रक्रिया भी शुरू हो रही है। जलदाय महकमे के मुताबिक 1 अप्रैल से पंजाब में भाखड़ा नहर में नहरबंदी शुरू कर दी जाएगी जिसका असर हरियाणा में खासतौर से अंतिम छोर पर स्थित सिरसा जिले में 4 अप्रैल से शुरू होगा। नहरबंदी 24 अप्रैल तक जारी रहेगी। अगर पंजाब में भाखड़ा नहर की मरम्मत का काम पूरा नहीं हुआ तो नहरबंदी की प्रक्रिया कुछ दिन और भी जारी रह सकती है। नतीजतन, नहरबंदी के दौरान शहर में कभी भी पेयजल संकट गहरा सकता है।

हालांकि जलदाय महकमे के संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों ने पेयजल संकट की संभावनाओं को देखते हुए अभी से पुख्ता से इंतजाम करने की तैयारी भी शुरू कर दी है। पेयजल संकट गहराने लगेगा तो पानी की राशनिंग भी शुरू कर दी जाएगी। राशनिंग शुरू होने के बाद केनाल बेस्ड पानी 24 घंटों में सिर्फ एक बार ही मिला करेगा। शहर के जिन इलाकों में ट्यूबवेल से पानी सप्लाई होता है वहां ट्यूबवेल के जरिए सुबह-शाम पानी सप्लाई किया जाता रहेगा ताकि पानी की कमी महसूस न हो।

शहर में ये हैं पेयजल सप्लाई के स्रोत

शहर में पेयजल सप्लाई के स्रोतों में तीन जलघर हैं जिनमें एक चतरगढ़पट्‌टी में है तो दूसरा लघु सचिवालय के पास और तीसरा पंजुआना गांव के पास स्थित है। चतरगढ़पट्‌टी जलघर में पानी स्टोरेज के लिए पांच टैंक हैं जिनमें 300 मिलियन लीटर पानी स्टोरेज करने की क्षमता है। उधर, पंजुआना जलघर में पानी स्टोरेज के लिए दो टैंक हैं जिनमें 439 मिलियन लीटर पानी की क्षमता है। जबकि लघु सचिवालय जलघर के दो टैंक की क्षमता 2.3 एमजीडी की है। शहर की आबादी करीब दो लाख है। जलदाय महकमे के अधिकारियों का कहना है आबादी के हिसाब से जलघरों में पानी की क्षमता पर्याप्त है और सभी टैंकों में पानी लबालब है। इनके अलावा शहर के विभिन्न वार्डों में कुल 80 ट्यूबवेल भी हैं जिनसे पानी सप्लाई होता है।

सिरसा। जलघर की डिग्गी में भरा पानी। आने वाले दिनों में पानी का संकट गहरा सकता है।

जल बचाएं तो नहीं होगी दिक्कत

जलदाय महकमे के उपमंडल अभियंता एनआर राणा ने कहा कि नहरबंदी के दौरान अगर पानी की फिजूलखर्ची नहीं की जाएगी तो पानी की क्षमता पर्याप्त रहेगी। अगर किसी ट्यूबवेल की मोटर खराब होती है तो उसे 24 घंटे में ठीक करा दी जाएगी। पानी की लीकेज को रोकने के लिए शिकायत मिलते ही उसे दूर की जाएगी और शहरवासियों से अपील भी की जा रही है कि वे नहरबंदी के दौरान कम से कम पानी का उपयोग करें। जहां कहीं भी व्यर्थ पानी बहता हो तो उसे तत्काल बंद कराएं।

पुख्ता इंतजाम किए गए हैं