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पेपर लेस होगा चालान, माैके पर ही मोबाइल या मशीन से करेंगे ई-चालान

ट्रैफिक नियम तोड़ने वाले वाहनों के कटने वाले चालान पेपरलेस होंगे। ई-चालान सिस्टम शुरू होगा। पुलिस से लेकर आरटीए...

Bhaskar News Network | Last Modified - Apr 02, 2018, 03:00 AM IST

पेपर लेस होगा चालान, माैके पर ही मोबाइल या मशीन से करेंगे ई-चालान
ट्रैफिक नियम तोड़ने वाले वाहनों के कटने वाले चालान पेपरलेस होंगे। ई-चालान सिस्टम शुरू होगा। पुलिस से लेकर आरटीए विभाग के अधिकारियों को ई-चालान के लिए ट्रेनिंग दी जाएगी। इसके बाद चालान की पॉवर रखने वाला अधिकारी मोबाइल के माध्यम से भी चालान कर सकेगा। इसके लिए उसके मोबाइल में एक एप डाउनलोड किया जाएगा। वहीं मौके पर ही नियम तोड़ने वाला जुर्माना अदा कर सकेगा। अप्रैल के अंत तक सभी चालान की पॉवर रखने वाले अधिकारियों को ट्रेनिंग दे दी जाएगी और मैनुअल चालान सिस्टम लगभग बंद हो जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि ई-चालान सिस्टम में चालान बुक साथ रखने की जरूरत नहीं होगी। जो ई-चालान एप तैयार किया गया है, उसमें सभी नियमों के प्वाइंट और उनका जुर्माना निर्धारित होगा। बता दें हर साल ट्रैफिक पुलिस तीन से साढ़े तीन हजार और आरटीए विभाग की टीम भी हजारों चालान करती है।

पुलिस के पास दो ई-चालान मशीनें: पिछले साल पुलिस ने ई-चालान सिस्टम की शुरुआत की थी। पुलिस को दो ही मशीनें मिलीं थीं। कुछ दिनों तक ही ट्रैफिक पुलिस ने ई-चालान मशीनें यूज की, लेकिन बाद में नेटवर्क व अन्य दिक्कतों के चलते ई-चालान सिस्टम पूरी तरह से चल नहीं पाया था। ट्रैफिक इंस्पेक्टर निर्मल सिंह का कहना है कि कुछ चालान उनकी तरफ से ई-चालान मशीन से किए गए हैं। ज्यादा चालान मैनुअल ही हो रहे हैं।

ई-चालानिंग बेहतर : डीसी

डीसी विजय कुमार ने बताया कि ई-चालानिंग बेहतर व कारगर तरीका है। ई-चालान करने से अधिकारी मैनुअल चालान में होने वाली दिक्कत से निजात मिलेगी। ई-चालान करना बहुत ही आसान व सरल तरीका है। इसके लिए चालानिंग पॉवर वाले अधिकारियों को ट्रेनिंग दी जाएगी। आने वाले दिनों में मैनुअल की जगह सिर्फ ई-चालान ही होंगे।

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