आईआरसीटीसी प्राइवेट पार्टी काे अलॉट कर रही रिटायरिंग रूम, कांट्रेक्टर नहीं दिखा रहे रुचि
9 वर्ष के लिए सौंपे जाएंगे 8 एसी रिटायरिंग रूम और एक नॉन-एसी डोरमेट्री रूम
कैंट रेलवे स्टेशन पर रिटायरिंग रूम का संचालन आईआरसीटीसी प्राइवेट हाथों में 9 वर्ष के लिए सौंपना चाह रही है, मगर कांट्रेक्टर इसमें दिलचस्पी नहीं दिखा रहे। रिटायरिंग रूम को अलॉट करने के लिए जब पहला टेंडर निकाला गया तो किसी ने इसके लिए अप्लाई नहीं किया। अब दूसरी बार आईआरसीटीसी ने टेंडर कॉल किए हैं। आगामी दिनों में इस पर निर्णय हो सकता है।
रेल मंडल ने कैंट स्टेशन पर रिटायरिंग रूम के लिए नए कमरे बनाए हैं जोकि सुविधाजनक हैं। कुल 8 एसी सिंगल रूम हैं जबकि एक बड़ा नॉन-एसी डोरमेट्री रूम है जोकि 20 बेड की क्षमता का है। रेल मंडल द्वारा इन्हें आईआरसीटीसी के सुपुर्द किया जाना है। मगर इससे पहले आईआरसीटीसी द्वारा प्राइवेट कंपनी को इनकी अलॉटमेंट की जानी है। कंपनी द्वारा यहां पर बेड, खाने-पीने, सफाई व अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। रिजर्व प्राइज एक वर्ष के लिए 9 लाख रुपए रखा गया है। जनवरी में पहला टेंडर कॉल किया गया था, मगर किसी भी पार्टी ने इस टेंडर को लेने में दिलचस्पी नहीं दिखाई। इसके बाद आईआरसीटीसी ने अब दोबारा से टेंडर कॉल किए हैं। अब दूसरे टेंडर से आईआरसीटीसी को उम्मीद है। कुल 9 वर्ष के लिए कंपनी को रिटायरिंग रूम के संचालन का टेंडर अलॉट होगा जबकि 3 वर्ष इसे और एक्सटेंड किया जा सकता है। बता दें कि कैंट रेलवे स्टेशन उत्तर भारत का व्यस्त रेलवे स्टेशन है जहां यात्रियों को विश्राम करने व ठहरने के लिए रिटायरिंग रूम की मांग रहती है।
ठेका न हुआ तो रेलवे भी रिटायरिंग रूम को चला सकता है
आईआरसीटीसी रिटायरिंग रूम के टेंडर कर रही है, टेंडर होने के बाद प्राइवेट पार्टी ही इनका संचालन करेगी। यदि ज्यादा देरी होती है तो रेलवे भी रिटायरिंग रूम को चला सकता है और इस पर विचार किया जा रहा है।
बीएस गिल, स्टेशन डायरेक्टर, अम्बाला कैंट।