हार नहीं बनने दूंगी कमजोरी,1 सप्ताह में प्रैक्टिस शुरू करूंगी: शेफाली
महिला टी-20 क्रिकेट वर्ल्ड कप में दमदार प्रदर्शन से नाम कमाने वाली भारतीय टीम की सुपरस्टार ओपनर शेफाली वर्मा रोहतक में अपने घर पहुंच चुकी हैं। यहां पर उनका जोरदार स्वागत किया गया। उन्होंने कहा कि फाइनल मैच नहीं जीत पाने का बेहद दुख है, लेकिन मैं इसे अपनी कमजोरी नहीं बनने दूंगी। अभी हार पर मंथन कर रही हूं। इसी सप्ताह हाथ में बल्ला लेकर मैदान में वापस प्रैक्टिस करने के लिए उतरूंगी। उनके पिता संजीव वर्मा ने कहा कि शेफाली अपनी एकेडमी में कोच के साथ अब दोगुनी ताकत के साथ मेहनत करेगी। ऑस्ट्रेलिया से घर पर लौटी शेफाली वर्मा और उनके पिता संजीव वर्मा ने दैनिक भास्कर के साथ अपनी बात साझा की। घर वापसी पर परिजनों ने फूल-मालाओं के साथ शेफाली का जोरदार स्वागत किया। उन्होंने कहा कि इस मैच में शामिल खिलाड़ियों से काफी कुछ सीखने को मिला और हम अच्छे दोस्त भी बने। अभी मेरा पूरा फोकस क्रिकेट पर ही होगा, 10वीं बोर्ड की परीक्षाएं ओपन से दूंगी।
वॉलीबॉल खेलने का भी रखती हूं शौक : क्रिकेट जान तो है ही, पर वॉलीबॉल खेलने का भी शौक रखती हूं। प्रैक्टिस के दौरान जब कभी घर पर थोड़ा वक्त मिले तो मां के साथ घरेलू कामों में सहयोग देती हूं। वहीं, शेफाली ने कहा कि होली पर्व के दौरान मैं सफर में थी। आस्ट्रेलिया से भारत आ रही थी और इसलिए इस अब की बार होली नहीं मना पाई।
मां खिला रही पसंदीदा पनीर के परांठे
मां प्रवीण बाला ने कहा कि बेटी जब से आई है, वह अपसेट है। इसलिए मन हल्का करने के लिए भाइयों को बुलाया है। शेफाली को पनीर खाना बहुत पसंद है। इसके अलावा बेटी का जो भी खाने का मन हो, वह बनाकर दे रही हूं।
िपता बोले-शेफाली ओपन से देगी 10वीं के पेपर
शेफाली ने बताया कि महिला टी-20 वर्ल्ड कप के दौरान 10वीं बोर्ड परीक्षाएं भी चल रही थी। अभी 4 विषयों की परीक्षाएं हो चुकी है। शेफाली के पिता संजीव वर्मा ने बताया कि वे आेपन बोर्ड से शेफाली के पेपर दिलवाएंगे। शेफाली अपनी पढ़ाई पर भी क्रिकेट के साथ-साथ फोकस करेगी। अभी वह थोड़ी निराश है, लेकिन हम सब उसका हौसला बढ़ा रहे हैं। कुछ ही दिन में दोबारा प्रैक्टिस करने के लिए उतरेगी।
क्रिकेटर शेफाली वर्मा का घर पहुंचने पर स्वागत करते परिजन।।