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बैठक में 5 पुराने मामलों सहित 13 पर होगा मंथन

एक वर्ष पहले
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जिला लोक संपर्क एवं परिवेदना समिति की मासिक बैठक 13 मार्च को जिला विकास भवन में हाेगी। अध्यक्षता गृह मंत्री अनिल विज करेंगे। बैठक में 13 शिकायतें रखी जाएगी। इसमें से 5 पुरानी शिकायतें शामिल हैं। अन्य नई शिकायतें भी पहुंची है। बैठक के एजेंडे को लेकर विस्तार से मंथन चल रहा है। डीसी आरएस वर्मा ने बताया कि पुराने सभी मामलों को लेकर गठित की गई कमेटियों और संबंधित विभागों के अधिकारियों से रिपोर्ट ली जा रही है। बैठक में सिर्फ शिकायतकर्ताओं को ही शामिल किया जाएगा। निर्धारित सदस्य व अधिकारी बैठक में समय से पहुंचेंगे। कहा कि परिवेदना समिति के गैर सरकारी सदस्यों से आग्रह किया है कि वे 10 मिनट पहले अपना स्थान ग्रहण कर लें। इसके साथ ही उन्होंने शिकायतकर्ता से भी अपील की कि वह भी समय से अपना स्थान ले लें। समिति के गैर सरकारी सदस्यों को अपने आईकार्ड भी साथ लाने होंगे। इसी प्रकार से शिकायत कर्ताओं को भी अपना पत्र साथ में लाना होगा। नई शिकायतों का अलग से रजिस्ट्रेशन किया जाएगा।

बैठक में ये 13 एजेंडे किए शामिल, डीसी का आदेश- शिकायतकर्ता, निर्धारित सदस्य और अधिकारी समय से पहुंचें

कृपाल नगर सुधार समिति ने अक्टूबर 2019 को कष्ट निवारण समिति को शिकायत की थी कि उनकी सीवरेज लाइन बंद पड़ी है, जिसे खोला जाए। साथ ही इसे महाबीर काॅलोनी की लाइन से जोड़ा जाए। हर 15 दिन में दिक्कत आती है। एक्सईएन ने पिछली गली से लाइन डालने का विकल्प दिया, लेकिन पिछली गली के लोगों ने विरोध कर दिया था। अब तक मामला अटका है।

केस 

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गांव सैमाण निवासी पवन कुमार ने शिकायत दी कि बैंक ने 12 जुलाई 2019 को पहली बार, 21 सितंबर को दूसरी बार व 4 फरवरी को तीसरी बार लोन पास कर दिया। एसडीएम महम ने जांच की। बैंक ने सेंक्शन लेटर पर मेरे से प्राप्तकर्ता के तौर पर हस्ताक्षर करवा लिए, जबकि मैंने अपनी शिकायत वापस नहीं ली। बैंक पिछले एक साल से तंग कर रहा है।

सुनारिया कला निवासी पूर्व सैनिक सत नारायण ने शिकायत दी कि हमारी जमीन 2010 में सेक्टर 21 के तहत अधिग्रहण हुई थी। हमारा एडीजे की अदालत से फैसला आ चुका है। जमीन के 4 हिस्से मेरे भाइयों को मिल चुके हैं। मेरा 5वां हिस्सा अभी तक नहीं मिला। एलए आॅफिस में पटवारी ने जो कागज मांगें वो सारे जमा करा दिए। अब 5वें हिस्से का मुआवजा दिलवाया जाए।

रिठाल फौगाट के अजमेर ने शिकायत दी कि गांव का विकास दिखाकर दुरुपयोग व गबन किया है। किसी भी पंचायत कार्य में की गई खरीद में कोई ओपन बिड न लगाई गई और न ही किसी खरीद में माल की कोटेशन की गई। जोहड़ चंदा एकत्र कर खुदवाए गए। जोहड़ पर कोई मिट्‌टी नहीं पहुंची। इस मिट्‌टी का कोई पता नहीं चल पाया है। मामले में सरपंच के खिलाफ जांच की मांग की गई है।

मध्यप्रदेश में तैनात हवलदार बृजेश ने अपने गांव सुनारिया कलां की पैतृक जमीन को लेकर शिकायत दी है। इसमें चाचा की ओर से आधा एकड़ जमीन का बयाना लेने के बाद भी जमीन को नहीं बेचा और ना ही बयाना की राशि को वापस दिया। इस मामले में शिकायत विज के सामने लगाई गई है। इसके लिए फौजी को अवकाश लेकर गांव में आना पड़ा है। ताकि मामले का समाधान कराया जा सके।

गांव टिटौली निवासी सुरेश शर्मा ने शिकायत दी कि मेरे घर से के ऊपर से हाई पावर की बिजली की लाइन गुजर रही है। इसकी ऊंचाई 9 फीट है। इस कारण से घर की छत नहीं बन पा रही है। बिजली लाइन हटाने के लिए शिकायत पत्र दिया था, लेकिन कोई हल नहीं निकला। एसडीओ ने 17 जनवरी को आधे बने हुए मकान को तोड़ने का नोटिस भेजा है। मकान के ऊपर से गुजरी लाइन को घर से 200 मीटर दूरी से गुजर रही लाइन के साथ निकाला जाए। ताकि मकान का निर्माण पूरा हो सके।


गांव सैमाण निवासी रामफल ने शिकायत दी है कि गांव के ही दो लोगों ने खाल मोगा नंबर 32300 एबी जुई फीडर पर गिराकर बंद कर दिया। इससे फसल को समय पर सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल सका और नुकसान हो गया। ऐसे में खाल को खुलवाने की मांग की है। ताकि फसल की सिंचाई की जा सके।


गढ़ी बलभ निवासी लखमी व अन्य निवासियों ने शिकायत दी कि 1976 में हरिजनों को 20 सूत्री कार्यक्रम के जरिए 100-100 गज के प्लाट अलाॅट किए थे। कुछ की रजिस्ट्री हो गई और कुछ की बाकी है। यहां 64 प्लाटों की निशानदेही के बाद कब्जे हो गए हैं। अभी 16 बाकी आदमियों के नाम रह गए हैं। ऐसे में रजिस्ट्री कराने की मांग की है।

गांव बनियानी के ओेमप्रकाश सिंह ने शिकायत दी कि 23 फरवरी 2016 को उसके बेटों पर 22 लोगों ने हमला कर दिया। इसमें धारा 307 बोर्ड ने बाद में जोड़ी। पुलिस ने 22 की जगह 23 लोगों का चालान कर दिया। कुल 22 में से 11 आदमी हाईकोर्ट के आदेश पर तड़ीपार है, लेकिन गांव में ही रहते हैं। 27 जुलाई 2018 को फिर हमला किया। इस मामले में दोषियों की गिरफ्तारी व न्याय दिलाने की मांग की है।

यह शिकायत आजादगढ़ निवासी डीआरओ युद्धवीर सिंंह ने जनवरी 2020 में समिति को दी थी। शिकायत में गिरदवार राजबाला, पारूल व समरजीत पुत्र दिलवार सिंह पर धोखाधड़ी से उनकी जमीन धोखाधड़ी बेचने का आरोप लगाया है। साथ ही तत्कालीन हलका पटवारी, गिरदवार, मौजा पहाडा, तत्कालीन तहसीलदार रोहतक पर इसमें मिली भगत का आरोप लगाया है। दोषियों पर धमकी देने का केस दर्ज करने की मांग की है। अब केस दर्ज कर लिया।

विद्या गोयल व बिमला देवी ने शिकायत दी कि 4 फरवरी 1981 को 3 कनाल 7 मरले जमीन खसरा नंबर 61//20/3 खतोनी नंबर 23 खेवट नंबर 22 हदवस्त नंबर 67 गांव पाड़ा मोहल्ला में खरीदी थी। यह जमीन हुडा की ओर से नवंबर 2006 में सेक्टर 6 में अधिकृत की गई है। 2015-2016 की जमाबंदी में जमीन हुडा के नाम है, उस पर अज्ञात लोगों ने कब्जा किया हुआ है। जमीन से कब्जा हटवाकर मालिकाना हक दिलाया जाए।

आजाद विकास कल्याण समिति के प्रधान ने जन परिवेदना समिति को शिकायत दी है कि आजादगढ़ में श्मशान की 75 साल पुरानी जमीन को रिलीज कराया जाए। तत्कालीन अध्यक्ष के सामने इस्टेट ऑफिसर शहरी प्राधिकरण ने 9680 वर्ग गज के बदले 2200 वर्ग गज जमीन श्मशान घाट वाली भूमि में मुस्तल नं 42 से किला नंबर 25 में 12 मीटर रेाड के दक्षिण-पश्चिम चिह्नित करके अलॉट करने के आदेश दिए थे, लेकिन कार्रवाई नहीं है।

दिल्ली बाईपास के पास ओमेक्स सिटी निवासी आशीष, सोमबीर व सुमित ने समिति को शिकायत दी है कि तीन साल से ओमेक्स सिटी में कोई सफाई कर्मचारी नहीं है। सीवरेज लाइन बंद पड़ी रहती है। पार्कों की हालत खराब है। बिजली निगम के सरकारी मीटर नहीं लगे हैं। निगम को प्रॉपर्टी टैक्स भी रहे हैं। इसके बावजूद सिटी के लोगों को सुविधाएं नहीं मिल रही। इसमें बिल्डर के लाइसेंस लेने से अब तक की कामों की जांच करनी है। पानी के सैंपल फेल आने पर एफआईआर दर्ज की जा चुकी है।
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