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चंडीगढ़ में ओलिंपियन मिल्खा सिंह की पत्नी के साथ ऑनलाइन लूट; अकाउंट से निकाले एक लाख रुपए

एक वर्ष पहले
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मिल्खा सिंह की पत्नी निर्मल कौर ने मामले में शिकायत दर्ज कराई है। - Dainik Bhaskar
मिल्खा सिंह की पत्नी निर्मल कौर ने मामले में शिकायत दर्ज कराई है।
  • पेट डाॅग को एमसी में रजिस्टर करवाने के लिए कर रहे थे पेमेंट
  • कोलकाता के अकाउंट में गई थी नकदी, उसे सीज कर दिया गया

चंडीगढ़. फ्लाइंग सिख मिल्खा सिंह की पत्नी निर्मल कौर के अकाउंट से किसी अज्ञात शख्स ने 99 हजार 900 रुपए की ठगी कर ली। साइबर सेल ने जांच शुरू कर दी है और जिस अकाउंट में यह नकदी गई है, उसे सीज करवा दिया गया है।

मिल्खा सिंह के घर में दो पेट डॉग हैं। तीन दिन पहले सेक्टर-30 में एक पालतू कुत्ते ने एक लड़की पर हमला कर दिया था। यह खबर पढ़कर निर्मल कौर ने अपने ड्राइवर से बोला कि वह अपने पेट डॉग को एमसी ऑफिस में जाकर रजिस्टर करवा दे। ड्राइवर ने जवाब दिया कि वह ऑनलाइन पेमेंट कर देगा। उसने निर्मल कौर के फोन से ऑनलाइन पेमेंट करनी शुरू कर दी। ड्राइवर ने गूगल पर ऑनलाइन पेट रजिस्ट्रेशन चंडीगढ़ लिखा। इस पर उनके सामने एक लिंक आ गया।

फोन पर मैसेज आया तब समझ आया ठगी हो गई
ड्राइवर ने लिंक के आधार पर जो डिटेल मांगी गई थी, वह भर दी। थोड़ी देर बाद उन्हें एक ओटीपी आया, उसने वह भी दे दिया। इसके तुरंत बाद बैंक अकाउंट से नकदी निकल गई। जैसे ही निर्मल कौर के फोन पर इसका मैसेज आया तो वे समझ गई कि उनके साथ ठगी हो गई है। उन्होंने पहले अपने बैंक को फोन कर अपने क्रेडिट कार्ड व अन्य डेबिट कार्ड को ब्लॉक करवाया। फिर साइबर सेल में शिकायत दी।

कोलकाता के अकाउंट में गई नकदी
कोलकाता के अकाउंट में यह नकदी गई है। उस अकाउंट को ऑपरेट करने वाले भी कोलकत्ता से ही है। निर्मल कौर ऑनलाइन पेमेंट नहीं करती हैं। उनका ड्राइवर ही ऑनलाइन पेमेंट करता है। उन्होंने अपने ड्राइवर से पहले बोला था कि वह एमसी ऑफिस जाकर फॉर्म लेकर आए और फिर उसे भर दे। लेकिन ड्राइवर ने बोला कि वह ऑनलाइन पेमेंट कर देगा।

दो गलतियों की वजह से हुई ठगी
यदि आप ऑनलाइन कोई पेमेंट करना चाहते हैं तो पहले सीधा संबंधित साइट ही खोलें। इस केस में निर्मल कौर के ड्राइवर ने एमसी की साइट नहीं खोली। उसने गूगल पर लिखा ‘ऑनलाइन पेट रजिस्ट्रेशन’। जो लिंक आए वे क्लिक कर दिए। ऐसा बिल्कुल न करें। 

ओटीपी नंबर किसी को न दें...
कभी भी कोई दूसरा ओटीपी मांगे तो उसे न दें। इस केस में ओटीपी शेयर किया गया है। ड्राइवर को ऐसा नहीं करना चाहिए था। अभी पेट रजिस्ट्रेशन के लिए सिर्फ आप ऑनलाइन फॉर्म निकालकर उसे खुद जमा करवाना होता है। चंडीगढ़ में ऑनलाइन पेमेंट का सीधा कोई लिंक नहीं है।

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