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CBI ने हाईकोर्ट में कहा, होशियार केस की जांच में DSP स्तर के अफसरों की कमी

स्टेट्स रिपोर्ट की पेश, कोर्ट ने कहा-एसआईटी में बदलाव को दायर करें आवेदन।

Danik Bhaskar | Nov 23, 2017, 04:34 AM IST
डेमो फोटो डेमो फोटो

शिमला. हाईकोर्ट में होशियार सिंह फॉरेस्ट गार्ड की मौत व इससे जुड़े अवैध वन कटान के मामलों में सीबीआई ने बुधवार को अपनी स्टेट्स रिपोर्ट पेश की। कोर्ट ने इस रिपोर्ट को देखने के पश्चात इसे सीबीआई को वापस लौटते हुए कहा कि सीबीआई कोर्ट के पिछले आदेशानुसार स्टेट्स रिपोर्ट हाईकोर्ट में दायर करे। सीबीआई ने कोर्ट को बताया कि इस मामले में कोर्ट के आदेशानुसार 3 प्राथमिकियां दर्ज की गई है।


जांच के लिए एसआईटी का गठन किया गया है। सीबीआई ने बताया कि इस मामले में गठित एसआईटी में 3 डीएसपी रेंक के अधिकारियों को शामिल नहीं किया जा सका क्योंकि उनके पास स्टाफ की कमी है। शिमला में केवल एक ही डीएसपी रेंक का अधिकारी है। कोर्ट ने सीबीआई को उपयुक्त आवेदन के माध्यम से एसआईटी में बदलाव करने के लिए आवेदन दायर करने को कहा। 13 सितंबर को कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश संजय व न्यायाधीश संदीप शर्मा की खंडपीठ ने एक जनहित याचिका की सुनवाई के दौरान इस मामले की जांच सीबीआई को सौंपने के आदेश दिए थे। कोर्ट ने सीबीआई को एसआईटी गठन करने के निर्देश दिए थे। इसमें एसपी व डीएसपी रेंक के 3 अधिकारी शामिल हो। कोर्ट ने सरकार को निर्देश दिए थे कि वह मामले की जांच में सीबीआई की हर संभव सहायता करें एवं सीआईडी ने मामले में जो भी सबूत इकट्ठे किए हैं उन्हें सीबीआई को सौंप दे।

नौ जून को मिला था होशियार सिंह का शव

9 जून को होशियार सिंह का शव गुरजब जंगल मे पेड़ में उल्टा लटका हुआ मिला था। उसी दिन 302 के तहत हत्या का मामला दर्ज किया गया था, लेकिन पुलिस ने जल्दबाजी में इसे आत्महत्या के मामले में बदल दिया। हाईकोर्ट के संज्ञान लेने के पश्चात मामले में नियुक्त एमिक्स क्यूरी एलएस मेहता ने एसआईटी व पुलसिया जांच पर कई गंभीर सवाल उठाए थे। एमिक्स क्यूरी ने जांच पर सवालिया निशान लगाते हुए कहा कि होशियार द्वारा खाया गया जहर कहां से आया, किसने बेचा यह जांच के विषय में नहीं जोड़ा गया। जांच में पाया गया कि होशियार सिंह ने 5 जून को टीजीटी मास्टर के घर दाल चावल, स्लाद व आलू मटर खाये थे जबकि 10 तारीख को पोस्मार्टम रिपोर्ट में भी होशियार सिंह के पेट में यही पाए गए।

डायरी में था अवैध कटान का जिक्र

होशियार सिंह की डायरी में लिखी अवैध कटान की घटनाओं पर वन विभाग की टीम ने सेरी कतांडा बीट का निरीक्षण भी किया था। इस दौरान यहां वन विभाग की टीम को करोड़ों की कीमत के देवदार के 68 पेड़ों के ताजे ठूंठ मिले। इसके अलावा टीम द्वारा सड़क के नजदीक छिपाए 20 से अधिक देवदार के स्लीपर भी बरामद किए। इसी तरह डायरी में बताई गई अन्य जगहों पर भी टीम ने दबिश दी और लोटरानाला के पास भी कई पेड़ों के ठूंठ बरामद किए।