शिमला और धर्मशाला स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के लिए बनाई बीअाेडी भंग

Shimla News - शिमला अाैर धर्मशाला स्मार्ट सिटी प्राेजेक्ट के संचालन के लिए सरकार ने मंडलायुक्त की अध्यक्षता में गठित की गई...

Bhaskar News Network

Jun 14, 2019, 07:30 AM IST
Shimla News - breast disorders created for shimla and dharamshala smart city project
शिमला अाैर धर्मशाला स्मार्ट सिटी प्राेजेक्ट के संचालन के लिए सरकार ने मंडलायुक्त की अध्यक्षता में गठित की गई स्पेशल पर्पज व्हीकल (एसपीवी) की बीओडी काे भंग कर दिया गया है। दाेनाें शहराें में इस प्राेजेक्ट के धीमी गति से चल रहे कार्याें काे देखते हुए सरकार ने पुरानी एसपीवी काे भंग करके मुख्य सचिव की अध्यक्षता वाली नई एसपीवी की बीओडी का गठन किया है। वीरवार काे इस संबंध में अधिसूचना जारी कर दी गई है।

इस एसपीवी में 18 अन्य सदस्याें काे भी शामिल किया गया है। रि-काॅस्टीटयूट की इस कमेटी में विभिन्न विभागाें के अतिरिक्त मुख्य सचिव से लेकर दाेनाें नगर निगमाें के मेयर अाैर दाे स्वतंत्र निदेशक तक के अधिकारियाें काे शामिल किया गया है।
नई गठित बीओडी में इन अधिकारियाें काे किया शामिल

शिमला अाैर धर्मशाला दाेनाें शहराें काे स्मार्ट बनाने के लिए सरकार ने मुख्य सचिव काे इसकी कमान साैंपी है। इसके अलावा इस कमेटी में जिन अधिकारियाें काे शामिल किया गया है उनमें एसीएस से लेकर सचिव शहरी विकास, वित्त, बिजली, अाईटी, वन, परिवहन, गृह, स्वास्थ्य शामिल हैं। इसके अलावा केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय के संयुक्त सचिव, निदेशक शहरी विकास, एमडी कम सीईअाे धर्मशाला स्मार्ट सिटी, धर्मशाला अाैर शिमला नगर निगम अायुक्त, डीसी, महापाैर अाैर दाे स्वतंत्र निदेशकाें काे इस नई गठित एसपीवी का मेंबर नियुक्त किया गया है। पुरानी एसपीवी में एसीएस रैंक के अधिकारी नहीं थे।

प्राेजेक्ट में इन मुख्य बिंदुअाें पर हाेना है काम

प्राेजेक्ट के तहत शिमला में 31 किमी सड़क काे चाैड़ा करने के साथ सड़क के किनारे पैदल चलने के लिए अलग से रास्ताें का निर्माण किया जाना है।





प्राेजेक्ट चलाने के लिए स्टाफ की व्यापक कमी

दाेनाें शहराें में इस प्राेजेक्ट काे चलाने के लिए सरकार अभी तक सेंक्शन पदाें काे भी नहीं भर पाई है। शिमला स्मार्ट सिटी प्राेजेक्ट काे चलाने के लिए सरकार ने 50 पद स्वीकृत किए थे, इसमें से अभी तक महज 6 पदाें काे ही भरा गया है। यहां तक कि इस प्राेजेक्ट काे चलाने के लिए शिमला में अलग से कार्यालय तक की सुविधा नहीं दी गई है। इसी तरह धर्मशाला में भी स्टाफ की भर्ती न हाेने से स्मार्ट सिटी का यह प्राेजेक्ट रफ्तार नहीं पकड़ पा रहा है।

X
Shimla News - breast disorders created for shimla and dharamshala smart city project
COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना