- Hindi News
- National
- Shimla News Deadline Is Only 22 Days In Full 97 Jobs Left Extension Of Amrut Mission Is Not Available Yet
डेडलाइन पूरा हाेने में हैं सिर्फ 22 दिन, बचे हैं 97 कराेड़ के काम, अम्रुत मिशन काे नहीं मिली अभी तक एक्सटेंशन
नगर निगम के अम्रुत मिशन काे एक्सटेंशन देने की नगर निगम लगातार केंद्र से मांग कर रहा है लेकिन इस प्राेजेक्ट के लिए अभी तक एक्टसेंशन नहीं मिली है। 31 मार्च काे यह प्राेजेक्ट पूरा हाे जाएगा। अम्रुत मिशन के तहत अभी भी वार्डाें में कई एेसे काम पड़े हैं जाे अधूरे हंै अाैर नगर निगम इन कामाें काे अगर पूरा करना है ताे कम से कम दाे साल का अतिरिक्त समय चाहिए। यही कारण है कि नगर निगम हर हाल में इसके लिए एक्सटेंशन चाह रहा है। नगर निगम की मानें ताे देश के अन्य शहराें में भी कई एेसे प्राेजेक्ट हैं जाे अम्रुत मिशन के तहत अभी तक पूरे नहीं हुए हैं एेसे में इन शहराें काे भी एक्सटेंशन की जरूरत है। केंद्र से इसमें हर हाल में एक्स्टेंशन मिलने की पूरी उम्मीद है अाैर इसके लिए नगर निगम कई बार मांग भी कर चुका है। लेकिन अब एक्सटेंशन न मिली ताे यह राशि भी नगर निगम खर्च नहीं कर पाएगा अाैर ग्रांट भी लैप्स हाे जाएगी। शहर में कई विकास के काम रुक जाएंगे।
47 प्राेजेक्ट हुए थे अप्रूव, 26 प्राेजेेक्ट पर अभी काम बाकी साल 2015 में 238 कराेड़ के प्राेजेक्ट अम्रुत मिशन के तहत शिमला शहर के लिए अप्रूव हुए थे। अब तक शहर में कराेड़ाें के काम करवाए भी जा चुके हैं। इसमें 21 प्राेजेक्ट पर नगर निगम काम पूरा कर चुका है अाैर 26 प्राेजेक्ट पर काम चल रहा है। 16 प्राेजेक्ट एेसे हैं जिनका काम मई माह तक पूरा हाे जाएगा। इन 26 प्राेजेक्टस काे पूरा करने के लिए नगर निगम काे कम से कम दाे साल का अतिरिक्त समय चाहिए। इसमें बड़े प्राेजेक्ट शामिल है। अम्रुत मिशन के तहत केंद्र की गाइडलाइन के मुताबिक 90 फीसदी िहस्सा केंद्र का जबकि 10 फीसदी हिस्सा स्टेट काे देना था।
अब तक शहर के विकास कार्याें पर खर्च हाे चुके हैं 141 कराेड़ नगर निगम शिमला शहर में कुल 238 कराेड़ में से 141 कराेड़ रुपए खर्च कर चुका है। हाल ही में नगर निगम काे प्रदेश सरकार से 15 से 20 कराेड़ जारी हुए थे। अब यूटिलाइजेशन सर्टिफिकेट देने के बाद नगर िनगम काे ग्रांट की अगली िकश्त जारी हाेगी। केंद्र सरकार द्वारा साल 2015 में शुरू किए गए अम्रुत मिशन (अटल मिशन रिजुवनेशन एंड अर्बन ट्रांसफॉर्मेशन) योजना के तहत चार साल बाद भी पार्क पार्किंग जैसे बड़े प्राेजेक्ट लटके हुए हैं। केंद्र सरकार की शर्ताें के मुताबिक प्राेजेक्ट के पूरा हाेने के लिए केंद्र ने निगम काे मार्च 2020 तक का समय दिया था। यानी जितने भी छाेटे-बड़े प्राेजेक्ट हैं उनकी कंप्लीशन मार्च 2020 तक हाे जानी चाहिए। इसमें टेंडर प्राेसेस लगभग सभी बड़े प्राेजेक्टस के लिए हाे चुके हैं लेकिन जमीनी स्तर पर काम नहीं हुअा है अाैर कुछ एक अधर में लटके हैं। एेसे में अब नगर निगम इन प्राेजेक्ट काे पूरा करने के लिए केंद्र सरकार से एक्सटेंशन की मांग करेगा। इसमें शहर की बड़ी पार्किंग, विकासनगर, अाईजीएमसी शामिल हैं, वहीं खलीणी, िहमलैंड अाैर टॉलेंड में फुट अाेवरब्रिज भी बनाए जाने हैं जिनका काम अभी चला है। एेसे में नगर निगम तीन से चार महीने में इन कामाें काे पूरा नहीं कर सकता।