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आप पर किसी ने लगाया सेक्शुअल हैरेसमेंट का झूठा आरोप तो ऐसे करें खुद का बचाव

बॉलीवुड एक्टर जितेंद्र के खिलाफ सेक्शुअल असॉल्ट का आरोप लगा है।

dainikbhaskar.com | Last Modified - Feb 08, 2018, 01:17 PM IST

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    यूटिलिटी डेस्क।बॉलीवुड एक्टर जितेंद्र के खिलाफ सेक्शुअल असॉल्ट का आरोप लगा है। जिस महिला ने यह आरोप लगाया है, वे खुद को एक्टर का रिलेटिव बता रही है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। यह पहला मामला नहीं है, जबकि ऐसे आरोप किसी पर लगे हों। इस तरह के कई मामले भी पहले भी सामने आ चुके हैं, और इनमें कई केसों में आरोप झूठे भी पाए गए हैं। इस मामले की सच्चाई तो बाद में सामने आएगी लेकिन हम आपको बता रहे हैं ऐसे आरोप लगने पर पुरुष क्या कर सकते हैं। dainikbhaskar.com ने इस बारे में हाईकोर्ट एडवोकेट संजय मेहरा से बात की।

    आरोप लगने के बाद क्या होता है
    आरोप लगने के बाद पुलिस विवेचना शुरू करती है। इसमें आरोप लगाने वाले और जिस पर आरोप लगाए हैं, उन दोनों ही पक्षों को जरूरत पड़ने पर बयान के लिए बुलाया जाता है। पुलिस घटना स्थल का भी इन्वेस्टिगेशन कर सकती है। जरूरत पड़ने पर मेडिकल जांच करवाई जाती हैं। पुलिस जब चालान जमा करने की स्थिति में होती है, तभी आरोपी को अरेस्ट किया जा सकता है। हालांकि जांच के दौरान पूछताछ के लिए जरूरत दोनों पक्षों में से किसी को भी बुलाया जा सकता है।

    झूठे आरोप लगे हों तो क्या कर सकते हैं पुरुष, देखिए अगली स्लाइड में...

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    झूठे आरोप लगे हों तो क्या कर सकते हैं पुरुष...


    - पुरुष पर यदि कोई ऐसे झूठे आरोप लगाता है तो उसे सबसे पहले अपनी बेगुनाही के सबूत इकट्ठा करना चाहिए।


    - ऐसे में पुरुष अपनी बात पुलिस के सामने प्रूफ के साथ रख सकता है।


    - आरोप झूठे हों तो आरोप लगाने वाले के खिलाफ मानहानी का केस किया जा सकता है।


    - इसमें आईपीसी के सेक्शन 499 और 500 के तहत सजा और जुर्माने का प्रावधान है।


    - सुप्रीम कोर्ट का आदेश है कि 7 साल तक के सजा के केस में सीधे गिरफ्तारी नहीं की जा सकती।


    - बहुत लंबे समय बाद कोई आरोप लगाता है तो समय अवधि आरोप की गंभीरता को कम कर देता है।

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