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GES का आज दूसरा दिन, वूमन इम्प्लॉई की भागीदारी बढ़ाने पर होगी चर्चा

GES 2017 30 नवंबर तक हैदराबाद में चलेगी। यह दूसरा मौका है जब यह समिट साउथ एशिया में हो रही है।

Danik Bhaskar | Nov 29, 2017, 07:24 AM IST
VIDEO: GES में इवांका ने महिलाओं के बारे में रखी अपनी राय। VIDEO: GES में इवांका ने महिलाओं के बारे में रखी अपनी राय।

हैदराबाद. यहां आज आठवीं ग्लोबल आंत्रप्रेन्योरशिप समिट (जीईएस) के दूसरे दिन महिलाओं से जुड़े मुद्दों पर एक प्लेनरी सेशन हुआ। इसमें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की बेटी इवांका ट्रम्प, आईसीआईसीआई बैंक की सीईओ चंदा कोचर और ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर की वाइफ चेरी ब्लेयर शामिल हुईं। इस मौके पर इवांका ने कहा, "वुमन आंत्रप्रेन्योर्स की तादाद इसलिए बढ़ रही है, क्योंकि ट्रेडिशनल वर्क प्लेस का माहौल बदल रहा है। उन्हें अपनी फैमिली और सोसाइटी से भी सपोर्ट मिल रहा है। महिलाओं को आगे लाने के लिए टेक्नोलॉजी भी अहम भूमिका निभा रही है।" बता दें कि ‘वुमन फर्स्ट, प्रॉस्पेरिटी फॉर ऑल’ थीम पर हो रही यह समिट 30 नवंबर तक चलेगी।

महिलाओं के बारे में तीन हस्तियों की तीन राय

1) हर महिला कामकाजी महिला है​

- यूएस प्रेसिडेंट की सीनियर एडवाइजर और बिजनेसवुमन, इवांका ट्रम्प (36) ने कहा, "महिलाओं को आगे लाने के लिए टेक्नोलॉजी भी अहम भूमिका निभा रही है। हमें कामकाजी महिलाओं को बढ़ावा देने के लिए पॉलिसी में बदलाव लाने की जरूरत है।"

- "मैं यह कहना चाहती हूं कि यह सिर्फ महिलाओं के मुद्दे नहीं हैं। हम दुनिया की आबादी का आधा हिस्सा हैं, इसलिए हमें इन्हें गंभीरता से लेना चाहिए और उन पर विचार करना चाहिए। हर महिला कामकाजी महिला है फिर वह चाहे घर पर काम करे या फिर ऑफिस में।"

- "महिलाएं अपनी कमाई का 90% हिस्सा परिवार को दे देती हैं।"

2) महिलाओं के लिए हर फील्ड में मौके

- ICICI की MD और CEO, चंदा कोचर (56) ने कहा, "दुनिया में भारत के अलावा कोई दूसरा देश नहीं है, जहां के बैंकिंग सेक्टर में 40% से ज्यादा महिलाएं अगुआई कर रही हैं।"

- "भारत का इकोनॉमिक स्ट्रक्चर बदल रहा है , जो भारत की महिलाओं को उनके करियर्स को शुरू करने की आजादी दे रहा है। आज हमारे पास ऐसी महिलाएं हैं जो स्पोर्ट्स फील्ड में हैं। वहीं, कई पायलट्स हैं, तो कई बैंकर हैं।"

3) महिलाएं अब पुरुषों की बराबरी में हैं

- ब्रिटेन के पूर्व पीएम टोनी ब्लेयर की पत्नी, वुमन फाउंडेशन की फाउंडर, चेरी ब्लेयर (63) ने कहा, "महिलाओं को तीन C- Confidence (आत्मविश्वास), Capabilities (काबिलियत) और Capital (पैसा) हासिल करने की जरूरत है। आदमियों को भी यह समझने की जरूरत है कि महिलाएं उनके बराबर हैं।"

- "हमें वर्कप्लेस पर जेंडर डायवर्सिटी को खुले दिल से स्वीकार करना चाहिए।"

इन मुद्दों पर बातचीत हुई

- बुधवार को इस समिट में स्किल ट्रेनिंग, एजुकेशन, टेक्नोलॉजी और मेंटरशिप के जरिए कामकाज को बेहतर बनाने को लेकर चर्चा हुई।

- इस बात पर भी विचार साझा किए गए कि वर्कप्लेस पर महिलाएं क्या जिम्मेदारी निभा रही हैं और इसे बढ़ाने के लिए क्या किया जा सकता है।

मंगलवार को क्या हुआ समिट में?

- नरेंद्र मोदी और इवांका ट्रम्प ने यहां मंगलवार को भारतीय रोबोट 'मित्र' को लॉन्च किया। दोनों ने इस रोबोट के स्क्रीन पर इंडिया और अमेरिका के फ्लैग्स का बटन पुश करके समिट का इनॉगरेशन किया।

- मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह रोबोट बेंगलुरु की कंपनी इन्वेंटो रोबोटिक ने तैयार किया है।

क्या कहा इवांका ने?
- इवांका ने कहा, "शुक्रिया। यूएस और 150 देशों की ओर से मैं भारत और हैदराबाद का शुक्रिया अदा करती हूं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का भी शुक्रिया। जब से आप प्रधानमंत्री चुने गए हैं, आपने ट्रांसफॉर्मेशन को साबित किया है। आपने जो अचीव किया, वो बेमिसाल है। यही बदलाव आप देश के करोड़ों लोगों में ला रहे हैं।"
- इस इवेंट में मोदी ने इवांका के साथ फलकनुमा पैलेस होटल में डिनर किया।

2 साल में महिलाओं की भागीदारी 10% बढ़ी
- मंगलवार को समिट में इवांका ने कहा कि 2014-16 के दौरान विश्व में आंत्रप्रेन्योरिशप में महिलाओं की भागीदारी में 10 फीसदी का इजाफा हुआ है।
- उन्होंने कहा कि अमेरिका में पिछले दशक में महिलाओं मालिकाना हक वाली फर्म्स की तादाद 45 फीसदी बढ़ी है। इसके अलावा अल्पसंख्यक महिलाओं ने करीब आठ से दस फीसदी अपने मालिकाना हक वाले कारोबार शुरू किए हैं।
- इवांका ने बताया कि इस वक्त अमेरिका में 1 करोड़ 10 लाख से ज्यादा महिलाओं के अपने कारोबार हैं। करीब 90 लाख इम्प्लॉई हैं और ये कई अरब डॉलर कमा रही हैं।

आगे की स्लाइड में पढ़ें, क्या खास है इस समिट में...

क्या है खास इस GES में

 

पहली बार यूएस प्रेसिडेंट नहीं, उनकी बेटी हैं खास मेहमान


- 2010 से लेकर 2016 तक जहां-कहीं यह ग्लोबल समिट हुई, यूएस डेलिगेशन की अगुआई बराक ओबामा ने प्रेसिडेंट होने के नाते या जॉन कैरी ने विदेश मंत्री होने के नाते की। इस बार यूएस डेलिगेशन को इवांका लीड कर रही हैं। इसे लेकर अमेरिका में कॉन्ट्रोवर्सी भी हुई है। इवांका के साथ अमेरिका के 38 राज्यों से 350 लोग आए हैं।

 

साउथ एशिया में पहली बार हो रही GES
- 2010 में इस समिट की शुरुआत बराक ओबामा ने की थी। इसके बाद यह पहला मौका है जब किसी साउथ एशियाई देश में यह समिट हो रही है।
- भारत-अमेरिका इस समिट के को-होस्ट हैं। समिट की अगुआई नीति आयोग कर रहा है। इसमें 127 देशों से 1500 आंत्रप्रेन्योर्स और 300 इन्वेस्टर्स समेत करीब 2000 लोग हिस्सा ले रहे हैं।

ग्लोबल आंत्रप्रेन्योर समिट में बुधवार को इवांका, ICICI बैंक की MD-CEO चंदा कोचर और चेरी ब्लेयर शामिल हुईं। ग्लोबल आंत्रप्रेन्योर समिट में बुधवार को इवांका, ICICI बैंक की MD-CEO चंदा कोचर और चेरी ब्लेयर शामिल हुईं।

क्या है खास इस GES में

 

पहली बार यूएस प्रेसिडेंट नहीं, उनकी बेटी हैं खास मेहमान
- 2010 से लेकर 2016 तक जहां-कहीं यह ग्लोबल समिट हुई, यूएस डेलिगेशन की अगुआई बराक ओबामा ने प्रेसिडेंट होने के नाते या जॉन कैरी ने विदेश मंत्री होने के नाते की। इस बार यूएस डेलिगेशन को इवांका लीड कर रही हैं। इसे लेकर अमेरिका में कॉन्ट्रोवर्सी भी हुई है। इवांका के साथ अमेरिका के 38 राज्यों से 350 लोग आए हैं।

 

साउथ एशिया में पहली बार हो रही GES
- 2010 में इस समिट की शुरुआत बराक ओबामा ने की थी। इसके बाद यह पहला मौका है जब किसी साउथ एशियाई देश में यह समिट हो रही है।
- भारत-अमेरिका इस समिट के को-होस्ट हैं। समिट की अगुआई नीति आयोग कर रहा है। इसमें 127 देशों से 1500 आंत्रप्रेन्योर्स और 300 इन्वेस्टर्स समेत करीब 2000 लोग हिस्सा ले रहे हैं।

GES 2017 30 नवंबर तक हैदराबाद में चलेगी। यह दूसरा मौका है जब यह समिट साउथ एशिया में हो रही है। -फाइल GES 2017 30 नवंबर तक हैदराबाद में चलेगी। यह दूसरा मौका है जब यह समिट साउथ एशिया में हो रही है। -फाइल