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UPA ही नहीं NDA के राज में भी हुआ PNB घोटाला, CBI की सेकंड FIR में खुलासा

PNB घोटाला:NDA के शासन (2017-18) में लगभग 5000 करोड़ रुपए के LoU जारी किए गए।

Dainik Bhaskar

Feb 17, 2018, 11:14 AM IST
PNB fraud started under UPA grew during NDA

नेशनल डेस्क. PNB घोटाले की आंच NDA के कार्यकाल तक पहुंच गई है। पीएनबी घोटाला मामले की दूसरी FIR में खुलासा हुआ है कि एनडीए के शासनकाल में साल 2017-18 में करीब 5000 करोड़ का घोटाला हुआ। FIR में कहा गया है कि पिछले साल लगभग 5000 करोड़ रुपए के LoU(लेटर ऑफ अंडरटेकिंग) जारी किए गए। जांच एजेंसियों ने इस मामले में बैंक से और दस्तावेज मांगे हैं। बता दें कि 11,394 करोड़ रुपए के बैंक घोटाले में शुक्रवार को 4 एजेंसियों ने कार्रवाई की। विदेश मंत्रालय ने नीरव और मेहुल के पासपोर्ट 4 हफ्ते के लिए सस्पेंड कर दिए।

दूसरी FIR में क्या है?
PNB घोटाले में सीबीआई ने जो दूसरी एफआईआर दर्ज की है उसके मुताबिक ज्यादातर एलओयू साल 2017 में जारी किए गए। इस एफआईआर में कई और बैकों के नाम भी सामने आए हैं जिन्होंने पीएनबी के कहने पर मॉरिशस, बहरीन, हांगकांग, फ्रैंकफर्ट जैसे देशों में घोटालेबाजों के लिए करोड़ों की रकम दी। बता दें कि घोटाले का खुलासा होने के बाद बीजेपी का कहना था कि ये UPA का घोटाला है जिसे NDA ने पकड़ा है।

- इलाहाबाद बैंक के इंडिपेंडेंट डायरेक्टर रह चुके दिनेश दुबे का दावा है कि घोटाला यूपीए सरकार के वक्त से जारी है। एनडीएन सरकार में यह 10 से 50 गुना बढ़ गया। गीतांजलि जेम्स को गलत तरीके से कर्ज देने का विरध करने पर इस्तीफा देना पड़ा था। 2013 में सरकार और आरबीआई को डिसेन्ट नोट भेजने पर आदेश मिला कि लोन देना है। वित्त सचिव ने दबाव बनाया था।

क्या होता है एलओयू?
पीएनबी घोटाले को लेटर ऑफ अंडरटेकिंग (एलओयू) के जरिए अंजाम दिया गया। यह एक तरह की गारंटी होती है, जिसके आधार पर दूसरे बैंक अकाउंटहोल्डर को पैसा मुहैया करा देते हैं। अब यदि अकाउंटहोल्डर डिफॉल्ट कर जाता है तो एलओयू मुहैया कराने वाले बैंक की यह जिम्मेदारी होती है कि वह संबंधित बैंक को बकाये का भुगतान करे। पीएनबी के कुछ अफसरों ने नीरव मोदी को गलत तरीके से लेटर ऑफ अंडरटेकिंग (एलओयू) दी। इसी एलओयू के आधार पर मोदी और उनके सहयोगियों ने दूसरे बैंकों से विदेश में कर्ज ले लिया। पीएनबी ने भले ही दूसरे लेंडर्स के नाम का उल्लेख नहीं किया, लेकिन समझा जाता है कि पीएनबी द्वारा जारी एलओयू के आधार पर यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, इलाहाबाद बैंक और एक्सिस बैंक ने भी क्रेडिट ऑफर कर दिया था।

छापे में क्या मिला था?
ED ने हीरा कारोबारी नीरव मोदी और गीतांजलि जेम्स के 17 ठिकानों पर छापे मारकर मुंबई स्थित 6 प्रॉपर्टियां सील कर दीं। सर्च के दौरान 5100 करोड़ रुपए के स्टॉक्स, हीरे और सोने के जेवर जब्त किए गए। अब तक की कार्रवाई में 5649 करोड़ रुपए के हीरे-जवाहरात और सोना जब्त किया गया है।

नीरव न्यूयॉर्क में; सरकार बोली भाग नहीं पाएगा
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, नीरव मोदी न्यूयॉर्क में है। हालांकि, विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने कहा- उसका ठिकाना पता नहीं। पर वह जहां भी होगा, वहां से भाग नहीं सकता। बताया जा रहा है कि नीरव अपने परिवार के साथ न्यूयॉर्क की एक होटल में ठहरा हुआ है। इसका एक सुइट 90 दिन के लिए बुक किया गया है। इसका एक दिन का किराया 75000 रुपए है। इसके हिसाब से 90 दिन का किराया 67.5 लाख रुपए होगा।

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