विज्ञापन

हां, मैं हिंदू राष्ट्रवादी हूं: मोदी

Dainik Bhaskar

Jul 13, 2013, 09:37 AM IST

2002 के दंगों पर पछतावे से जुड़े सवाल पर बोले गुजरात के सीएम- हम इंसान हैं, कुत्ते का बच्चा भी कार के नीचे आ जाए तो दुख होता है।

Modi says-Yes, I am Hindu Nationalist
  • comment
अहमदाबाद/नई दिल्ली. भाजपा चुनाव समिति का अध्यक्ष बनने के बाद पहली बार गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोई इंटरव्यू दिया है। समाचार एजेंसी रॉयटर्स को अपने गांधीनगर स्थित सरकारी आवास पर इंटरव्यू देते हुए उन्होंने कहा कि मैं पैदाइशी राष्ट्रवादी हिंदू हूं। सवाल-जवाब के दौरान पत्रकार ने जब पूछा कि क्या आपको 2002 में जो हुआ, उस पर पछतावा है? तो मोदी ने कहा कि यदि आप कार ड्राइव कर रहे हों, या पिछली सीट पर ही बैठे हों और कार के नीचे कुत्ते का बच्चा आकर मर जाए तो दुख होगा ही। आखिर हम इंसान हैं।
कांग्रेस महासचिव दिग्विजय सिंह ने मोदी के हिंदू राष्ट्रवादी वाले बयान पर ट्वीट कर कहा है कि क्या हमें हिंदू राष्ट्रवादी, मुस्लिम राष्ट्रवादी, सिख राष्ट्रवादी और ईसाई राष्ट्रवादी बनने की बजाए एक भारतीय राष्ट्रवादी नहीं बनना चाहिए? विरोधियों ने बयान को एक वर्ग विशेष की भावनाएं आहत करने वाला बताते हुए मोदी से फौरन माफी मांगने को कहा है। भाजपा ने कहा है कि विरोध करने वाले पहले पूरा इंटरव्यू पढ़ लें।
मोदी के दफ्तर ने किया बचाव
गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के दफ्तर ने पिल्ले वाले बयान को बेहद संवेदनशील बताया है। शुक्रवार देर रात जारी एक बयान में कहा, '2002 के दंगे से जुड़े एक सवाल के जवाब में मोदी ने जो जवाब दिया वह उनकी संवेदनशीलता की पराकाष्ठा को साबित करता है।' इससे पहले खुद मोदी ने ट्वीट कर कहा था, 'हमारी संस्कृति में जीवन के हर रूप की पूजा की जाती है।'
मोदी का पूरा इंटरव्यू इस प्रकार है:
सवाल : असली मोदी कौन, हिंदू नेता या कारोबार समर्थक मुख्यमंत्री?
मोदी ने कहा : मैं देशभक्त हूं। राष्ट्रभक्त हूं। मैं जन्म से हिंदू हैं। इस तरह मैं हिंदू राष्ट्रवादी हूं। जहां तक काम के प्रति जुनूनी जैसी बातें हैं, तो ये उनकी हैं जो ये कह रहे हैं। इसलिए दोनों का कोई विरोध नहीं है। यह एक ही है।
प्रश्न : लोग आपको अब भी 2002 के दंगों की नजरों से देखते हैं, क्या झुंझलाहट नहीं होती?
उत्तर : लोगों को आलोचना का अधिकार है। यहां हर किसी का अपना दृष्टिकोण है। मुझे परेशानी तब होती, जब मैंने कुछ गलत किया होता। झुंझलाहट तब होती, जब आप सोचते हैं कि मैं पकड़ा गया।
प्रश्न : 2002 में जो कुछ हुआ उस पर आपको अफसोस है?
उत्तर : भारत का सुप्रीम कोर्ट दुनिया में अच्छी अदालत के तौर पर जाना जाता है। सुप्रीम कोर्ट के बनाए विशेष जांच दल (एसआईटी) की रिपोर्ट में मुझे पूरी तरह क्लीनचिट दी गई। इससे अलग एक बात... कोई भी व्यक्ति जो कार ड्राइव कर रहा हो और हम पीछे बैठे हों। कुत्ते का एक छोटा बच्चा पहिए के नीचे आ जाए तो दुख होगा कि नहीं? जरूर दुख होगा। मैं मुख्यमंत्री हूं या नहीं, लेकिन मैं एक इंसान हूं... यदि कहीं कुछ बुरा होता है तो यह स्वाभाविक है कि बुरा लगेगा।
प्रश्न : लेकिन क्या आप समझते हैं कि 2002 में आपने सही किया?
उत्तर : बिलुकल। ईश्वर ने जितनी बुद्धि दी, जो भी मेरा अनुभव था और उन परिस्थितियों में जो संभव था वह मैंने किया। एसआईटी ने भी यही कहा।
प्रश्न : भारत को सेकुलर लीडर चाहिए?
उत्तर : जरूर... लेकिन सेकुलरिज्म की परिभाषा क्या हो? मेरे लिए धर्मनिरपेक्षता है इंडिया फस्र्ट। मेरी पार्टी की फिलॉसफी है ‘सभी के लिए न्याय, तुष्टिकरण किसी का नहीं’।
प्रश्न : अल्पसंख्यकों से वोट कैसे मांगेंगे?
उत्तर : हिंदुस्तान के नागरिक वोट करते हैं। हिंदू और मुस्लिम, मैं इसे बांटने के पक्ष में नहीं हूं। मैं इस पक्ष में भी नहीं हूं कि हिंदू और सिख को बांटा जाए। सभी नागरिक, वोटर मेरे देश के लोग हैं। धर्म आपके लोकतांत्रिक प्रकिया का हिस्सा नहीं होना चाहिए।
प्रश्न : विरोधी कहते हैं आप तानाशाह हैं, समर्थक कहते हैं निर्णायक नेता हैं। असली मोदी कौन है?
उत्तर : आप खुद को नेता कहते हैं तो आपको निर्णायक होना होगा। आप निर्णायक हैं तो आपके नेता बनने की संभावना अधिक है। लोग उनसे निर्णय चाहते हैं। तभी वह नेता स्वीकार्य होता है। यह गुण है, इसे बुरा नहीं मानना चाहिए। दूसरी बात यह है कि यदि कोई व्यक्ति तानाशाह है तो वह कई वर्षों तक सरकार कैसे चला सकता है।
सवाल : सहयोगी आपको विवादित मानते हैं?
उत्तर : इस बारे में अब तक मेरी पार्टी या मेरे सहयोगी दलों में से किसी का भी औपचारिक बयान न मैंने सुना है और न ही पढ़ा है। मीडिया में ऐसी बातें आती होंगी। लेकिन यदि आप किसी का नाम बताएं तो मैं इस सवाल का जवाब दे सकता हूं।
प्रश्न : आपकी पार्टी के लोग ही कहते हैं कि आप धु्रवीकरण करते हैं?
उत्तर : यदि अमेरिका में डेमोक्रेट और रिपब्लिकन के बीच ध्रुवीकरण न हो तो लोकतंत्र कैसे काम करेगा? यह होना ही है। यह लोकतंत्र की बुनियादी प्रवृत्ति है। यदि सब लोग एक ही दिशा में जाने लगे तो क्या आप इसे लोकतंत्र कहेंगे?
सवाल : कहा जाता है आप आलोचना पसंद नहीं करते।
उत्तर : मैं हमेशा कहता हूं कि लोकतंत्र की ताकत ही आलोचना है। यदि आलोचना नहीं है तो इसका मतलब है कि लोकतंत्र नहीं है। और यदि आप बढऩा चाहते हैं तो आलोचना को जरूर आमंत्रित करिए। और मैं उन्नति चाहता हूं, मैं आलोचनाओं को आमंत्रित करता हूं। लेकिन मैं आरोपों के खिलाफ हूं। आलोचना और आरोपों के बड़ा फर्क है। आलोचना के लिए आपको रिसर्च करना होगा। घटनाओं की तुलना करनी होगी। लेकिन आरोप लगाना आसाना है। लोकतंत्र में आरोप हालात बेहतर नहीं करते। इसलिए मैं आरापों के खिलाफ हूं। लेकिन आलोचना आमंत्रित करता रहता हूं।
सवाल : जनमत सर्वेक्षणों में आप अधिक लोकप्रिय बताए जा रहे हैं, कैसे?
उत्तर : 2003 के बाद से कई सर्वे हुए। लोगों ने मुझे सबसे बेहतर मुख्यमंत्री चुना। सबसे अच्छे मुख्यमंत्री के तौर पर सिर्फ गुजरात के लोगों ने नहीं चुना, राज्य के बाहर लोगों ने भी वोट दिए। एक बार तो मैंने इंडिया टुडे समूह के अरुण पुरी को चिट्ठी भी लिखी। मैंने उनसे कहा हर बार मैं ही विजेता होता हूं। इसलिए अगली बार से गुजरात को छोड़ दिया जाए। ताकि किसी और को भी जीतने का अवसर मिले। नहीं तो मैं ही जीतता रहूंगा। कृपया मुझे प्रतियोगिता से बाहर करिए।
सवाल : यदि आप प्रधानमंत्री बने तो किस नेता का अनुकरण करेंगे?
उत्तर : पहली बात तो ये कि मेरी लाइफ की एक फिलॉसफी है मैं कभी कुछ बनने के सपने नहीं देखता। मैं कुछ करने के सपने देखता हूं। मुझे रोल मॉडल से प्रेरणा लेने के लिए मुझे कुछ बनने की जरूरत नहीं है। यदि मैं वाजपेयी से कुछ सीखना चाहूंगा तो मैं उसे फौरन गुजरात में अमल में लाऊंगा। इसके लिए मुझे दिल्ली के सपने देखने की जरूरत नहीं है। यदि मुझे सरदार पटेल की कोई बात अच्छी लगेगी तो मैं उसे गुजरात में लागू कर सकता हूं। यदि मुझे गांधीजी में कुछ बात अच्छी लगेगी तो मैं उसे लागू कर सकता हूं। प्रधानमंत्री पद के बारे में बहस करने के बदले हमे इस पर बात करनी चाहिए कि हम हर किसी से कुछ सीख सकते हैं।
सवाल : अगली सरकार के सामने क्या लक्ष्य होना चाहिए?
उत्तर : जो कोई भी नई सरकार बनाए, उसका पहला लक्ष्य होना चाहिए लोगों के टूटे हुए भरोसे को फिर से कायम करना। नीतियों में निरंतरता होनी चाहिए। यदि लोगों से कोई वादा किया है तो उसका सम्मान करना चाहिए। उसे पूरा करना चाहिए। तब आप खुद को वैश्विक स्तर पर स्थापित कर सकेंगे।
सवाल : लोग कहते हैं कि गुजारत की आर्थिक तरक्की हवा बनाई गई है...
उत्तर: लोकतंत्र में फाइनल जज कौन है? सिर्फ वोटर। यदि यह सिर्फ हवाई बातें होतीं तो लोग रोज देख रहे हैं। मोदी कहते हैं कि उन्होंने पानी पहुंचाया। तो लोग कहते मोदी झूठ बोल रहा है। पानी नहीं मिला। तो वे मोदी को क्यों पसंद करते? भारत जैसे जीवंत लोकतंत्र में इतने सारे सक्रिये पार्टियों के बीच यदि कोई तीसरी बार जीत कर आता है, दो-तिहाई बहुमत हासिल करने के करीब पहुंचता है तो इसका मतलब है कि लोग महसूस करते हैं कि जो कहा गया वह सही था। सड़कें बनी हैं, कम हुआ है, बच्चों को शिक्षा मिल रही है, सेहत सुधरी है। 108 सेवा हर कहीं दिख रही है। कोई कह सकता है कि हवा बनाई जा रही है, लेकिन लोग इस पर भरोसा नहीं करेंगे। और उनमें बहुत ताकत है।
विरोधियों ने कहा-असली चेहरा सामने आ ही गया
क्या मोदी यह सोचते हैं कि भारत में मुस्लिमों की स्थिति कुत्ते के बच्चों से भी बदतर है? वह अपना बयान वापस ले, नहीं तो इसका अंजाम बहुत बुरा होगा।
- कमाल फारुकी, सपा
बयान विकृत मानसिकता की पहचान है। मोदी अपने शब्दों के लिए फौरन देश से माफी मांगें।
-अजय माकन, कांग्रेस
मोदी दिमागी रूप से बीमार हैं। वे अगर प्रधानमंत्री बनते हैं तो खतरनाक होगा।
- शिवानंद तिवारी, जदयू
संबंधित खबरें:

इस तरह बढ़ी मोदी से दूरी और अंतत: आडवाणी ने दिया इस्‍तीफा

मोदी: इंटरव्यू देने के लिए चिरौरी करने से लेकर मीडिया से दूरी बनाने तक का सफर

मोदी नहीं हैं पीएम के दावेदार! प्रचार समिति का अध्‍यक्ष कभी पीएम बनने की दौड़ में नहीं रहा

मोदी का नाम तय होते ही दुनिया चौंकी, किसी ने कट्टरपंथी तो किसी ने विवादास्पद नेता बताया

आडवाणी के राजनीतिक सफर में ये रहे 10 मील के पत्‍थर

जानिए, कौन हैं मोदी खेमे में और कौन आडवाणी के पक्ष में

RARE: देखें लालकृष्ण आडवाणी की निजी जिंदगी की झलक

मोदी की नियुक्ति से नाराज आडवाणी ने दिया इस्‍तीफा

..तो इन कारणों से आडवाणी को 'हरा कर' आज बीजेपी में नंबर 1 हैं नरेंद्र मोदी

एक समय मोदी थे आडवाणी के खास, देखें यादगार पलों की कुछ तस्वीरें...

आडवाणी ने की 6 गलतियां, जिसकी वजह से उन्हें आज देखना पड़ा ऐसा दिन!

अन्‍य अहम खबरें

50 FACTS: उनमें थी वो बात कि फिल्म में आ जाते थे 'प्राण'

टीम इंडिया दुनिया की नंबर-1 वन डे टीम, कोहली तीसरे स्‍थान पर पहुंचे

लाहौर में फोटोग्राफी सीखते-सीखते खुद फिल्‍म बन गए थे प्राण, पान की दुकान पर बदली किस्‍मत

प्रियंका ने खरीदा एक और बंगला, जानिए स्‍टार्स के बंगले की दिलचस्‍प बातें

एक रात की कमाई 60 हजार, 30 की उम्र में ही कॅरियर खत्‍म

नेट पर अभिनेत्री की आपत्तिजनक तस्वीरें अपलोड, मामला दर्ज

पिल्ला भी गाड़ी के नीचे आए तो दुख होता है- मोदी

जेल जाने से डरे लालू ने बनाया प्लान 'बी'

1 रुपए 62 पैसे में फेसबुक लाइक

ये हैं प्राण से जुड़े वो खास फैक्ट, जिनके बारें में नहीं जानते होंगे आप !

वर्जिनिटी बेचने के नाम पर हुआ करोड़ों का घपला, लड़की की दावा- मैं अब भी कुंवारी!

राम रहीम के अनुयायियों की 'नजर' पहाड़ की विधवाओं पर?

पढ़ी-लिखी महिला लव के दौरान सेक्‍स करे और ब्रेक अप के बाद रेप कहे, यह कैसे हो सकता है: हाईकोर्ट

जेल जाने से डरे लालू ने बनाया प्लान 'बी'

X
Modi says-Yes, I am Hindu Nationalist
COMMENT
Astrology

Recommended

Click to listen..
विज्ञापन
विज्ञापन