पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • Jharkhand Hazaribagh Case: 8 Proof Which Proof It's Murder Not Mass Suicide

भास्कर पड़ताल: 8 सबूत जिनसे शक कि झारखंड में व्यापारी परिवार के 6 लोगों की हत्या हुई

3 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक

- नरेश की रीढ़ की हड्डी में चोट लगी थी, वे छत पर नहीं जा सकते थे

- अमन की गर्दन काटने के बाद ब्लेड को सिंक में धोया गया था

 

हजारीबाग.  खजांची तालाब के पास सीडीएम अपार्टमेंट में शनिवार रात एक ही परिवार के 6 सदस्यों की मौत के मामले में पुलिस और फॉरेंसिक एक्सपर्ट की राय बंटी हुई है। पुलिस का मानना है कि नरेश माहेश्वरी ने अपने माता-पिता, पत्नी और दो बच्चों की हत्या करने के बाद खुदकुशी कर ली। वहीं, फॉरेंसिक एक्सपर्ट नरेश की मौत को भी आत्महत्या नहीं मान रहे। उनका कहना है कि वे अगर बिल्डिंग से कूदे होते तो उसके सिर में चोट होनी थी और शव के पास खून मिलना चाहिए था। 

 

हत्या की तरफ इशारा करते 8 सबूत

  1. फांसी के बाद गर्दन की हड्डी टूटने से गर्दन बाएं या दाएं मुड़ जाती है। लेकिन नरेश की मां किरण की गर्दन पीछे की ओर लटकी हुई थी? 
  2. जिंदा आदमी ऊंचाई से गिरता है, तो उसका सिर जमीन से टकराता है। नरेश के सिर पर चोट के निशान नहीं मिले, एक हाथ टूटा मिला, दोनों पैर के तलवे में छेद के निशान थे।
  3. 15 दिन पहले एक दुर्घटना में नरेश की रीढ़ की ह्ड्डी में चोट लगी थी। वे सीढ़ी नहीं चढ़ पा रहे थे, फिर छत पर कैसे गए?
  4. शव में इथर की महक थी, यानी बेहोश कर हत्या की गई, गला काटने के बाद ब्लेड को सिंक में धोया गया। यदि आत्महत्या ही करनी थी तो साक्ष्य मिटाया क्यों?
  5. जिस कुर्सी पर चढ़कर फंद पर झूले वह आग की ओर रखी थी। जबकी कुर्सी पीछे की ओर पलट जानी थी। लुंगी में खून कैसे लगा?
  6. पुलिस के अनुसार प्रीति ने फांसी लगाई फिर उसके शव को उतार किरण फंद पर झूली। वहीं इथर की शीशी भी मिली। यदि प्रीति को बेहोश किया गया तो वह फंदे पर कैसे झूली।
  7. कुल 6 सुसाइड नोट मिले। सभी एक जगह क्यों नहीं रखे गए थे?
  8. सुसाइड नोट में तीन तरह के रंगों और तीन तरह की राइटिंग क्यों थी?

जिस नाम पर पावर ऑफ अटॉर्नी उस पर भी शक : कमरे से बरामद पॉवर ऑफ एटॉर्नी में लिखा है कि हमारी मौत के बाद फ्लैट के मालिक उमेश साव होंगे, जो एलआईसी ईएमआई का भुगतान करेंगे। उसी अपार्टमेंट की दूसरी मंजिल पर रह रहे उमेश साव का कहना है कि उन्हें कोई जानकारी नहीं है। इधर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है कि किस उमेश साव के साथ पावर ऑफ एटॉर्नी का मामला जुड़ा है।

 

खबरें और भी हैं...