• Hindi News
  • Interesting
  • Multinational company leaves the job of leaving for ponds, now he is Pondman, so far has already completed more than 12

नोएडा / मल्टीनेशनल कंपनी की नौकरी छोड़ तालाबों को जिंदा करने में लगा पॉन्डमैन, अब तक 12 को संवारा



दिल्ली की भलस्वा झील। दिल्ली की भलस्वा झील।
X
दिल्ली की भलस्वा झील।दिल्ली की भलस्वा झील।

  • ग्रेटर नोएडा के इंजीनियर रामवीर तंवर ने गिरते भूजल स्तर को बचाने के लिए मल्टीनेशनल कंपनी की नौकरी छोड़ी
  • नवंबर में यूएन की ओर से मिलेगा रेक्स कर्मवीर ग्लोबल फेलोशिप अवॉर्ड, पैडमैन की तर्ज पर कनाडा के डायरेक्टर शॉर्ट मूवी पॉन्डमैन बनाएंगे

Dainik Bhaskar

Jul 22, 2019, 10:56 AM IST

नोएडा.  ग्रेटर नोएडा के इंजीनियर रामवीर तंवर ने तेजी से गिरते भूजल स्तर को बचाने के लिए मल्टीनेशनल कंपनी की नौकरी छोड़ दी। अब वह तालाबों की सफाई और उनके पुनर्जीवन के काम में लगे हैं। अपनी इस अनूठी मुहिम के लिए लोग उन्हें 'पॉन्डमैन' के नाम से जानते हैं। रामवीर, अभी दिल्ली की भलस्वा झील को पुनर्जीवित करने में जुटे हैं। 

 

रामवीर को इस साल नवंबर में यूएन के सहयोग से दिए जाने वाला रेक्स कर्मवीर ग्लोबल फेलोशिप व कर्मवीर अवॉर्ड भी दिया जाएगा। इसके अलावा, फिल्म पैडमैन की तर्ज पर कनाडा के एक डायरेक्टर ने शॉर्ट मूवी पॉन्डमैन बनाने के लिए भी कॉन्ट्रैक्ट साइन किया है। यह फिल्म 2021 में रिलीज होगी।

अभियान से देश-विदेश के 1800 लोग जुड़े

  1. उनकी सेल्फी विद द पॉन्ड अभियान से देश-विदेश के 1800 लोग जुड़ चुके हैं। रामवीर ने यह अभियान 2017 में शुरू किया था। इसे यूएस, कनाडा और इंडोनेशिया से काफी सपोर्ट मिला।

  2. रामवीर बताते हैं कि तालाब को पुनर्जीवित करना आसान है पर हमेशा उसी तरह रखना मुश्किल। इसलिए किसी गांव में तालाब को सुधारने से पहले वहां एक हफ्ते तक जल चौपाल लगाते हैं और लोगों को जागरूक करते हैं।

  3. नल से पानी आना बंद हुआ तो शुरू की पहल

    रामवीर ने बताया कि वह 12वीं की पढ़ाई कर रहे थे। इसके कुछ समय बाद घर में लगे नल से पानी आना बंद हो गया। पता चला कि भूजल 2 मीटर नीचे चला गया, इसलिए पानी नहीं आ रहा है। यहीं से पर्यावरण को लेकर जागरुकता आई। फिर समझा तालाब, झील जैसे छोटे-छोटे वैटलैंड से भूजल रिचार्ज होता है और पानी का स्तर बना रहता है।

COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना