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काबुल एयरपोर्ट से चौंकाने वाली तस्वीर:पूर्व ब्रिटिश कमांडो की पत्नी ने खाली प्लेन में उड़ान भरी; बाहर जगह पाने के लिए हजारों की भीड़, कई लोग जान भी गंवा चुके

काबुल2 महीने पहले

जिस काबुल एयरपोर्ट पर 6 दिन से लगातार हजारों लोगों की भीड़ है, लोग चलते प्लेन से लटक जा रहे हैं, आसमान से गिरकर उनकी मौत हो रही है और जिन्हें संभालने के लिए फायरिंग तक करनी पड़ रही है, उसी काबुल एयरपोर्ट से एक चौंकाने वाली तस्वीर सामने आई है। यहां पूर्व ब्रिटिश कमांडो की पत्नी को लेकर एक विमान ने उड़ान भरी और 3-4 लोगों के अलावा पूरा विमान खाली था।

तस्वीर खुद ब्रिटिश कमांडो पॉल पेन फार्थिंग ने ट्वीट की है। उन्होंने कहा कि पत्नी कैसा नार्वे की निवासी हैं। जब वे उन्हें छोड़ने के लिए एयरपोर्ट पहुंचे तो कैसा को एक ब्रिटिश ग्लोबमास्टर विमान में बैठाया गया। इस विमान की तस्वीर फार्थिंग ने ट्वीट की। उन्होंने आश्चर्य जताया कि विमान करीब-करीब पूरी तरह खाली था।

फार्थिंग ने कहा कि बहुत से लोग एयरपोर्ट के बाहर विमानों में जगह मिलने का इंतजार कर रहे हैं। अभियान सही से नहीं चलाया जा रहा है। अगर ऐसा होता तो बहुत सारे लोगों को सुरक्षित निकाला जा सकता था।

फार्थिंग ने कहा- काबुल में बहुत भयावह हालात हैं
फार्थिंग ने स्काई न्यूज को बताया कि एयरपोर्ट पर लगातार अफरातफरी का माहौल है। ऐसे में कई प्लेन पूरी तरह से नहीं भरे जा रहे हैं। हर घंटे विमान उड़ान भर रहे हैं, भले वो भरे हों या नहीं। लोग एयरपोर्ट के भीतर ही नहीं आ पा रहे हैं। हम निश्चित तौर पर कुछ लोगों को पीछे छोड़ रहे हैं। ये लोगों को बाहर निकालने के अभियान में बहुत बड़ी खामी है। हम निश्चित तौर पर बहुत बुरी तस्वीरें देखने जा रहे हैं। काबुल में वाकई भयावह, बहुत भयावह हालात हैं।

काबुल एयरपोर्ट के बाहर इस तरह से हजारों की भीड़ जमा है। लोगों को अंदर नहीं जाने दिया जा रहा है।
काबुल एयरपोर्ट के बाहर इस तरह से हजारों की भीड़ जमा है। लोगों को अंदर नहीं जाने दिया जा रहा है।

पहले कोशिश की थी, पर पत्नी भगदड़ में फंस गईं
फार्थिंग की पत्नी ने पहले भी अफगानिस्तान के बाहर जाने की कोशिश की, लेकिन तब वो भगदड़ में फंस गई थीं। इस बार फार्थिंग और उनकी पत्नी ने काबुल एयरपोर्ट जाने के लिए सुबह होने से पहले का वक्त चुना। फार्थिंग ने बताया कि हम भारी भीड़ से बचना चाहते थे। रात को जाने के अपने खतरे थे, लेकिन हम एयरपोर्ट तक पहुंच गए। फार्थिंग अपनी एक साथी कर्मचारी, जो प्रेग्नेंट थीं और उनके लड़के को भी एयरपोर्ट पर पहुंचाने में सफल रहे।

फार्थिंग ने बताया कि कुछ और लोगों ने भी एयरपोर्ट जाने की कोशिश की, पर वो लोग हमसे बाद में निकले थे और फिर वो लोग नहीं पहुंच पाए। फार्थिंग पश्चिमी सरकारों के रवैये से नाराज हैं, जबकि काबुल में हालात बदतर होते जा रहे हैं। उन्होंने कहा, "मुझे नहीं लगता कि सरकारें और ऊंचे पदों पर बैठे लोग इस बात का जरा सा भी अंदाजा लगा पा रहे हैं कि यहां हर मिनट किस तरह से हालात हो रहे हैं।"

लोग बच्चों को लेकर पहुंचे हैं। कई तो खुद रुक गए पर वहां मौजूद अमेरिकी सैनिकों को अपने बच्चे सौंप दिए, ताकि कम से कम वो सुरक्षित हो सकें।
लोग बच्चों को लेकर पहुंचे हैं। कई तो खुद रुक गए पर वहां मौजूद अमेरिकी सैनिकों को अपने बच्चे सौंप दिए, ताकि कम से कम वो सुरक्षित हो सकें।

पूर्व कमांडो ने साथियों बगैर अफगानिस्तान छोड़ने से इंकार किया
पत्नी को सुरक्षित अफगानिस्तान से बाहर भेजने के बाद फार्थिंग वापस लौट आए। वो काबुल में एक एनिमल शेल्टर चलाते हैं, जो उन्होंने 15 साल पहले बनाया था। उन्होंने कहा कि जब तक उनके साथ काम करने वाले 71 लोगों को स्टाफ सुरक्षित बाहर नहीं भेजा जाता, तब तक वो भी नहीं जाएंगे। उन्होंने ब्रिटिश सरकार से भी मदद मांगी है।

तालिबानी दस्तावेज ही नहीं पढ़ पा रहे, इसलिए एयरपोर्ट के भीतर नहीं जाने दे रहे
AP की रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि जो अफगानी बाहर जाने के लिए जरूरी दस्तावेज लेकर एयरपोर्ट पहुंचे हैं, उन्हें भी भीतर नहीं जाने दिया जा रहा है। वजह ये कि तालिबानी ये दस्तावेज ही नहीं पढ़ पा रहे हैं। अफगानी ही नहीं, विदेशी नागरिकों को भी तालिबानी लड़ाके इसी वजह से रोक रहे हैं।

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