चीन में रिकॉर्ड केस के साथ लौटा कोरोना:11 शहरों में 3 करोड़ लोग घरों में कैद; एक्सपर्ट बोले- यह झूठ बोलने का वक्त नहीं

बीजिंग3 महीने पहले

चीन में कोरोना संक्रमण की वजह से एक बार फिर से हालात बिगड़ते जा रहे हैं। 'जीरो कोविड पॉलिसी' पर सख्ती से अमल के बाद भी कोरोना बेकाबू रफ्तार से बढ़ रहा है। पिछले 24 घंटे के भीतर चीन में आज तक के सबसे ज्यादा कोरोना केस दर्ज किए गए। इसके बाद सरकार ने 11 शहरों में लॉकडाउन लगाकर 3 करोड़ लोगों को घरों में कैद कर दिया।

नीचे दिए पोल में हिस्सा लेकर आप इस मामले पर अपनी राय दे सकते हैं।

चीन के नेशनल हेल्थ कमीशन के मुताबिक, बीते 24 घंटे में कोरोना के 5,280 नए केस रजिस्टर किए गए। यह पिछले दिन के मुकाबले दोगुने से ज्यादा हैं। इनमें 3,000 से ज्यादा मामले अकेले जिलिन प्रांत में सामने आए। चीन ने जिन शहरों में लॉकडाउन का ऐलान किया है कि उनमें 1.70 करोड़ की आबादी वाला शेंजेन भी शामिल है।

चीन की जीरो कोविड पॉलिसी के बाद भी देश में बीते दिन अब तक के रिकॉर्ड केस दर्ज किए गए हैं। इसके बाद 11 शहरों में लॉकडाउन लगा दिया गया।
चीन की जीरो कोविड पॉलिसी के बाद भी देश में बीते दिन अब तक के रिकॉर्ड केस दर्ज किए गए हैं। इसके बाद 11 शहरों में लॉकडाउन लगा दिया गया।
जिलिन प्रांत में कोरोना वायरस के खात्मे के लिए ड्रोन से छिड़काव किया जा रहा है। बीते दिन मिले 5,000 मामलों में से अकेले जिलिन में ही 3,000 से ज्यादा केस मिले हैं।
जिलिन प्रांत में कोरोना वायरस के खात्मे के लिए ड्रोन से छिड़काव किया जा रहा है। बीते दिन मिले 5,000 मामलों में से अकेले जिलिन में ही 3,000 से ज्यादा केस मिले हैं।

एक्सपर्ट बोले- यह बहस करने का वक्त नहीं
कोरोना के बेकाबू रफ्तार के बीच इन्फेक्शियस डिसीज एक्सपर्ट और वायरोलॉजिस्ट झेंग वेनहोंग ने चेतावनी देते हुए कहा है कि चीन के लिए बहुत मुश्किल वक्त है। ग्लोबल टाइम्स के मुताबिक, वेनहोंग ने कहा यह चीन के लिए झूठ बोलने और जीरो-कोविड पॉलिसी पर बहस करने का वक्त नहीं है। इससे बेहतर होगा कि इस तरह की रणनीति बनाई जिससे कोरोना को काबू किया जा सके। चीन के लिए यह सबसे मुश्किल वक्त है, क्योंकि दो साल पहले COVID-19 महामारी फैल गई थी।

हांगकांग में पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) के ऑफिस के बाहर सैनिक को PPE किट पहनाकर तैनात किया गया है। जिलिन प्रांत हांगकांग के नजदीक ही स्थित है, जहां बड़ी संख्या में कोरोना केस मिले हैं।
हांगकांग में पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) के ऑफिस के बाहर सैनिक को PPE किट पहनाकर तैनात किया गया है। जिलिन प्रांत हांगकांग के नजदीक ही स्थित है, जहां बड़ी संख्या में कोरोना केस मिले हैं।

महामारी के प्रकोप से शेयर मार्केट भी धड़ाम
महामारी के बढ़ते प्रकोप के असर से हांगकांग के शेयर मार्केट में आज सुबह 3% से ज्यादा की गिरावट आई। दूसरी तरफ बीजिंग और शंघाई के हवाई अड्डों पर दर्जनों घरेलू उड़ानों को रद्द कर दिया गया। शंघाई समेत कई शहरों में इमारतों को पूरी तरह से सील कर दिया गया।

फुजियान प्रांत में न्यूक्लिक एसिड टेस्टिंग साइट पर कोरोना टेस्ट करवाने वालों का स्वाब इकट्ठा किया जा रहा है।
फुजियान प्रांत में न्यूक्लिक एसिड टेस्टिंग साइट पर कोरोना टेस्ट करवाने वालों का स्वाब इकट्ठा किया जा रहा है।
कभी 24 घंटे भीड़ भाड़ से पटी रहने वाले शंघाई की सड़कें एक सुनसान हो गई हैं। सरकार कोरोना के खिलाफ निपटने में किसी भी तरह की ढिलाई नहीं बरत रही है।
कभी 24 घंटे भीड़ भाड़ से पटी रहने वाले शंघाई की सड़कें एक सुनसान हो गई हैं। सरकार कोरोना के खिलाफ निपटने में किसी भी तरह की ढिलाई नहीं बरत रही है।

जिलिन प्रांत के बाहर ट्रैवल पर बैन
उत्तर कोरिया बॉर्डर पर स्थित जिलिन प्रांत के लोगों पर प्रांत से बाहर और आसपास के इलाकों पर ट्रैवल बैन लगा दिया गया। जिलिन के गवर्नर ने सोमवार रात इमरजेंसी मीटिंग में एक हफ्ते के भीतर जीरो कोविड का टारगेट तय किया।

आम लोग और सरकार दोनों ही कोरोना को काबू करने के लिए टेस्टिंग पर जोर दे रहे हैं। शंघाई में एक टेस्टिंग सेंटर के बाहर टेस्ट करवाते लोग।
आम लोग और सरकार दोनों ही कोरोना को काबू करने के लिए टेस्टिंग पर जोर दे रहे हैं। शंघाई में एक टेस्टिंग सेंटर के बाहर टेस्ट करवाते लोग।