कोरोनावायरस:डब्ल्यूएचओ ने कहा- यह साफ है कि वायरस के फैलने में वुहान के मार्केट की भूमिका थी, लेकिन अभी और रिसर्च जरूरी 

जेनेवा2 वर्ष पहले
वुहान की मीट मार्केट से ही कोरोनावायरस फैला था। चीन ने 31 दिसंबर को डब्ल्यूएचओ को इस वायरस की जानकारी दी थी।
  • वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गनाइजेशन ने कहा- अभी यह नहीं पता की वायरस मार्केट से निकला है कि नहीं
  • डब्ल्यूएचओ समेत दुनिया के कई वैज्ञानिकों ने वायरस के नेचर से विकसित होने की बात कही है

वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गनाइजेशन ने कहा है कि यह साफ है कि कोरोनावायरस में वुहान की मीट मार्केट ने भूमिका रही है, लेकिन इस मामले में अभी और रिसर्च की जरूरत है। डब्ल्यूएचओ ने कहा कि या तो वुहान के मार्केट से यह वायरस विकसित हुआ या फिर यहां से इसका फैलाव हुआ है।  चीन के अधिकारियो ने जनवरी में इस मार्केट को बंद कर दिया था, इसके साथ ही वन्यजीवों के व्यापार में अस्थायी प्रतिबंध भी लगा दिया था। डब्ल्यूएचओ के फूड सेफ्टी और जोनोटिक वायरस एक्सपर्ट पीटर बेन एम्बार्क ने कहा, ‘‘महामारी फैलने में वुहान मार्केट की भूमिका साफ है, लेकिन हम यह नहीं जानते की किस तरह की भूमिका है। क्या यह वायरस का सोर्स है या केवल यहां से वायरस का फैलाव हुआ है?’’ एक न्यूज ब्रीफिंग के दौरान उन्होंने कहा कि यह साफ नही हैं मार्केट में वायरस कौन लाया, जानवर, दुकानदार या ग्राहक। 

वैज्ञानिकों ने कहा- वायरस वुहान की लैब से नहीं निकला 
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने कहा है कि उनके पास सुबूत हैं कि वायरस वुहान की लैब से ही निकला है। हालांकि, उन्होंने अभी तक सुबूत नहीं दिखाए हैं। जर्मनी की एक रिपोर्ट ने अमेरिका के दावे का खंडन किया है। वैज्ञानिकों ने कहा है कि यह वायरस नेचर में विकसित हुआ है। 
पीटर बेन ने कहा कि जब 2012 में सऊदी अरब से मर्स फैला था तो वैज्ञानिकों को इसका सोर्स ढूंढने में सालभर लग गया था। वैज्ञानिकों ने ऊंटों को इसका सोर्स बताया था। 

जर्मनी ने चीन के एंबेसडर ने कहा- हम अंतरराष्ट्रीय जांच के लिए तैयार हैं 
अमेरिका के लगातार आरोपों के बीच जर्मनी में चीन के एंबेसडर वु केन ने कहा, ‘‘हमने अंतरराष्ट्रीय जांच के लिए अपने दरवाजे खोले हुए हैं। हम दुनियाभर के वैज्ञानिकों के बीच रिसर्च की लेनी-देनी करना चाहते हैं।’’ एक जर्मन पत्रिका से बातचीत में उन्होंने कहा बिना सुबूतों के चीन पर आरोप लगाना गलत है। ऑस्ट्रेलिया और अमेरिका चीन के वुहान की लैब में अंतरराष्ट्रीय जांच की मांग कर चुके हैं।