इमरान खान के पैर में फंसे थे गोली के टुकड़े:पूर्व PM का ऑपरेशन डेढ़ घंटे चला, हड्डी कटी

इस्लामाबाद/गुजरांवाला3 महीने पहले

पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री की हालत अब स्थिर है। उनका ऑपरेशन डेढ़ घंटे चला। पैर में गोली के कुछ टुकड़े फंसे हुए थे, जिन्हें निकाल दिया गया है। शौकत खानम हॉस्पिटल के डॉ. फैजल सुल्तान के मुताबिक, गोली लगने से उनके पैर की हड्‌डी टिबिया दाहिनी ओर से कट गई है।

उधर, हमले के विरोध में देशभर में प्रदर्शन हो रहे हैं। गुरुवार की देर रात इमरान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) के उग्र प्रदर्शनकारी सड़कें जामकर मार्च करते दिखे। कई जगहों पर आगजनी और नारेबाजी की गई। PTI ने आज पाकिस्तान बंद का ऐलान किया है। इस खबर को आगे पढ़न से पहले नीचे दिए गए पोल में हिस्सा लेकर अपनी राय दें...

गुरुवार को गुजरांवाला में लॉन्ग मार्च के दौरान खान पर हुए हमले में सांसद फैसल जावेद समेत कुल 13 लोग घायल हुए। एक व्यक्ति की मौत हो गई। हमले के बाद इमरान ने कहा है कि अल्लाह ने उन्हें नई जिंदगी बख्शी है। इंशाअल्लाह हम फिर वापसी करेंगे और अपनी लड़ाई जारी रखेंगे।

PTI के सांसद फैसल जावेद भी इस हमले में जख्मी हो गए।
PTI के सांसद फैसल जावेद भी इस हमले में जख्मी हो गए।

अब इस घटनाक्रम को सिलसिलेवार समझते हैं...

1. इमरान लॉन्ग मार्च क्यों निकाल रहे हैं?
इमरान ने 28 अक्टूबर को शाहबाज शरीफ सरकार के इस्तीफे और जल्द से जल्द जनरल इलेक्शन की मांग को लेकर लॉन्ग मार्च शुरू किया था। इस लॉन्ग मार्च के शुरू होने के बाद अलग-अलग वजहों से एक महिला पत्रकार समेत तीन लोगों की मौत हो चुकी है। मई में भी इमरान ने लॉन्ग मार्च निकाला था और उस दौरान जबरदस्त हिंसा हुई थी। पूरी खबर पढ़ें...

2. हमला कब और कहां हुआ?
इमरान खान का मार्च गुरुवार को गुजरांवाला पहुंचा। यहां वे रैली कर रहे थे। वे कुछ नेताओं के साथ कंटेनर की छत पर अभिवादन करते हुए आगे बढ़ रहे थे। तभी शाम के वक्त एक व्यक्ति ने उन पर कई फायर किए।

इमरान खान का यह फोटो हमले के पहले का है। वे कंटेनर पर खड़े होकर लोगों का अभिवादन कर रहे थे।
इमरान खान का यह फोटो हमले के पहले का है। वे कंटेनर पर खड़े होकर लोगों का अभिवादन कर रहे थे।

3. इमरान को कहां गोलियां लगीं?
फायरिंग में पूर्व PM जख्मी हो गए। उन्हें पैर में गोलियां लगीं। कितनी गोली लगीं, इसे लेकर अब तक आधिकारिक बयान नहीं आया है। पहले मीडिया रिपोर्ट्स में 3 से 4 और अब दो गोली लगने की बात सामने आ रही है।

4. हमलावर कौन था और क्या चाहता था?
हमले के बाद सुरक्षाकर्मियों ने इसे गिरफ्तार कर लिया। उसके सही नाम को लेकर पुलिस ने अभी तक जानकारी नहीं दी है। कुछ खबरों में उसका नाम फैसल और कुछ में जावेद इकबाल बताया गया है।

यह फोटो फायरिंग के वक्त का है। जैसे ही हमलावर ने फायरिंग की पीछे खड़े युवक (लाल-नीली टी शर्ट में) ने उसका हाथ पकड़कर रोक दिया।
यह फोटो फायरिंग के वक्त का है। जैसे ही हमलावर ने फायरिंग की पीछे खड़े युवक (लाल-नीली टी शर्ट में) ने उसका हाथ पकड़कर रोक दिया।

इधर, घटना के बाद एक वीडियो सामने आया है, जिसमें हमलावर हथियार लिए भीड़ से बचकर भागने की कोशिश कर रहा है। हालांकि एक शख्स ने उसे पीछे से दबोच लिया, लेकिन वो उससे बचकर भागने लगा, लेकिन मौके पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने हमलावर को फौरन पकड़ लिया।

हमलावर का ये वीडियो सामने आया है, जिसमें वह रैली में भीड़ के बीच भागने की कोशिश कर रहा है। हालांकि उसे बाद में सुरक्षाकर्मियों की मदद से अरेस्ट कर लिया गया।
हमलावर का ये वीडियो सामने आया है, जिसमें वह रैली में भीड़ के बीच भागने की कोशिश कर रहा है। हालांकि उसे बाद में सुरक्षाकर्मियों की मदद से अरेस्ट कर लिया गया।

5. हमलावर बोला- अजान के दौरान डीजे बजने से नाराज था
पाकिस्तान के कई सीनियर जर्नलिस्ट्स ने इस हमलावर के पुलिस कस्टडी में दिए गए बयान का वीडियो शेयर किया है। इसमें आरोपी कहता कि वो अकेला ही हमला करने आया था। वो इमरान को जान से मारना चाहता था, क्योंकि खान के लॉन्ग मार्च में अजान के दौरान भी डेक (DJ) बजता रहता था। पुलिस ने ऑफिशियली अब तक इस बारे में कोई जानकारी नहीं दी है। पूरी खबर पढ़ें...

यह फोटो हमलावर का है। उसने अपना अपराध कबूल कर लिया है।
यह फोटो हमलावर का है। उसने अपना अपराध कबूल कर लिया है।

6. दावा- हमले में PM, गृहमंत्री और सीनियर मिलिट्री ऑफिसर शामिल
PTI के सेक्रेटरी जनरल असद उमर ने गुरुवार को दावा किया कि पार्टी अध्यक्ष इमरान खान को संदेह है कि उनकी हत्या के प्रयास के पीछे प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ, गृह मंत्री राणा सनाउल्लाह और एक सीनियर मिलिट्री ऑफिसर अधिकारी का हाथ है।

7. घटनास्थल से गोलियों के 11 खोखे मिले
एक पुलिस अधिकारी ने कहा- घटनास्थल पर 11 बुलेट शेल (खोखे) मिले हैं। इनमें से 9 पिस्टल की गोलियों के शेल हैं और दो किसी बड़ी बंदूक की गोलियों के शेल थे। उन्होंने कहा- पिस्टल की गोलियां जमीन से कंटेनर की ओर चलाई गईं, जबकि कंटेनर से जमीन पर बड़ी बंदूक से फायर किया गया। वहीं, PTI नेताओं का कहना है कि हमला AK-47 से किया गया।

घायल इमरान ने समर्थकों का अभिवादन किया
मार्च में गोली लगने के बाद घायल हुए इमरान खान ने अस्पताल जाने से पहले समर्थकों का हाथ हिलाकर अभिवादन किया। इसके बाद सुरक्षाकर्मियों और समर्थकों की घेरेबंदी में उन्हें अस्पताल भेजा गया।

घटनास्थल पर मौजूद अन्य लोगों की मदद से इमरान को कंटेनर से दूसरे वाहन में ले जाया गया। फिर उन्हें अस्पताल भेजा गया।
घटनास्थल पर मौजूद अन्य लोगों की मदद से इमरान को कंटेनर से दूसरे वाहन में ले जाया गया। फिर उन्हें अस्पताल भेजा गया।

पाकिस्तान के कई शहरों में प्रदर्शन, आगजनी

इमरान पर हमले के बाद कराची के कई इलाकों में PTI के कार्यकर्ता सड़कों पर उतर आए।
इमरान पर हमले के बाद कराची के कई इलाकों में PTI के कार्यकर्ता सड़कों पर उतर आए।
रावलपिंडी में इमरान खान के समर्थकों ने प्रदर्शन किया। यहां से आगजनी की भी खबरें आईं।
रावलपिंडी में इमरान खान के समर्थकों ने प्रदर्शन किया। यहां से आगजनी की भी खबरें आईं।

15 साल पहले इसी तरह हुई थी बेनजीर भुट्टो की हत्या

इमरान से पहले 27 दिसंबर 2007 को पूर्व प्रधानमंत्री बेनजीर भुट्टो पर भी ऐसे ही हमला हुआ था, जिसमें उनकी मौत हो गई थी। भुट्टो तब रावलपिंडी से रैली कर लौट रही थीं, तभी हमलावर उनके पास आया और उनकी गोली मारकर हत्या कर दी थी। इसके बाद हमलावर ने खुद को भी बम से उड़ा लिया था। बता दें कि बेनजीर भुट्टो दो बार पाकिस्तान की प्रधानमंत्री बनी थीं, लेकिन कभी भी अपना कार्यकाल पूरा नहीं कर सकी थीं। बेनजीर के बेटे बिलावल भुट्‌टो इस समय शाहबाज सरकार में विदेश मंत्री हैं। पूरी खबर पढ़ें...

इमरान खान के मार्च से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें...

इमरान बोले- नवाज की तरह मुल्क नहीं छोड़ूंगा, ISI की पोल खोल दूंगा; भारत को सराहा

इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ ( PTI) ने 28 अक्टूबर को शाहबाज शरीफ सरकार के खिलाफ लाहौर से इस्लामाबाद तक लॉन्ग मार्च शुरू किया। इसे हकीकी आजादी मार्च नाम दिया गया। खान ने इस दौरान पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ और खुफिया एजेंसी ISI पर निशाना साधा। वहीं भारत की एक बार फिर से सराहना की। पढ़ें पूरी खबर...

30 अक्टूबर को महिला पत्रकार कंटेनर के नीचे आई, मौत

लॉन्ग मार्च को कवर करने से पहले सदफ ने अपनी फोटो सोशल मीडिया पर शेयर की थी।
लॉन्ग मार्च को कवर करने से पहले सदफ ने अपनी फोटो सोशल मीडिया पर शेयर की थी।

इमरान खान के लॉन्ग मार्च में पिछले रविवार यानी 30 अक्टूबर को कंटेनर से कुचलकर एक महिला पत्रकार की मौत हो गई थी। कहा जा रहा है कि उन्हें धक्का दिया गया। इससे सवाल उठ रहा है कि यह कहीं हत्या तो नहीं। जान गंवाने वाली सदफ नईम चैनल 5 की रिपोर्टर थीं। वे इस लॉन्ग मार्च को कवर कर रहीं थीं। उन्होंने एक दिन पहले ही इमरान का इंटरव्यू भी लिया था। पूरी खबर पढ़ें...

इमरान का लॉन्ग मार्च रोकने से SC का इनकार; खान बोले- मेरे साथ जिहाद में शामिल हो मुल्क

पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान के इस्लामाबाद मार्च रोकने के लिए प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ की सरकार ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने मार्च पर रोक लगाने से इनकार कर दिया। सुप्रीम कोर्ट ने कहा- हम इमरान के शान्तिपूर्ण लॉन्ग मार्च पर रोक नहीं लगाएंगे। सरकार को जो दिक्कतें हैं, वो इमरान खान से बातचीत करे। पढ़ें पूरी खबर...