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BSF के DG पंकज कुमार सिंह का इंटरव्यू:कार्रवाई का दायरा 50 किमी बढ़ने पर बोले- हम राज्य को ही मजबूत करेंगे, आरोपी को पुलिस को ही सौंपेंगे

2 महीने पहलेलेखक: बिजेंद्र सिंह शेखावत
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केंद्र सरकार ने सीमा सुरक्षा बल का अधिकार दायरा पश्चिम बंगाल, पंजाब और असम में बढ़ा दिया है। तीन राज्यों में BSF का क्षेत्र अंतरराष्ट्रीय सीमा से 50 किलोमीटर भीतर तक होगा। पहले यह दायरा 15 किमी था। इस आदेश से राजनीति भी गरमा गई है और विपक्ष ने इसे सरकार का मनमाना कदम बताया है। भास्कर ने BSF के डीजी पंकज कुमार सिंह से इस आदेश के बारे में पूछा। उन्होनें कहा कि BSF का दायरा और बढ़ाने के बाद अब हम खतरनाक घुसपैठियों के खिलाफ बेहतर कार्रवाई कर पाएंगे। पढ़िए इंटरव्यू के प्रमुख अंश-

सवाल : BSF के अधिकार बढ़ाने को कैसे देखते हैं?
जबाव :
पहले नोटिफिकेशन को समझना होगा। इसके अनुसार, BSF के पास सिर्फ पासपोर्ट एक्ट, NDPS एक्ट, कस्टम्स एक्ट के तहत तलाशी, जब्ती और गिरफ्तारी का अधिकार होगा। हम घुसपैठियों के खिलाफ बेहतर कार्रवाई कर पाएंगे।

सवाल : कुछ राज्य उनके अधिकारों में कटौती मान रहे हैं?
जबाव :
राज्यों की पुलिस-प्रशासन को परेशानी नहीं होगी, उल्टा उन्हें अपराधियों से निपटने में मदद ही मिलेगी। BSF किसी भी शख्स को यदि गिरफ्तार करेगी, तो वह उसे संबंधित राज्य की पुलिस को ही सौंपेगी और स्थानीय पुलिस उसके खिलाफ आरोप पत्र कोर्ट के सामने पेश करेगी।

सवाल : जम्मू-कश्मीर के लिए नई रणनीति क्या है?
जबाव :
BSF पश्चिम थिएटर में पाकिस्तान के साथ लगी 2289.6 किमी की अंतरराष्ट्रीय सीमा और 85 किमी की तट रेखा को संभाल रहा है। सीमा पर उन्नत तकनीक की मदद से अभेद्य निगरानी ग्रिड बनाने की योजना अंतिम चरण में है। दुश्मन देश से परिंदा भी पर नहीं मार सकेगा।

सवाल : पंजाब में पाक ड्रोन को रोकने की क्या रणनीति है?
जबाव :
पश्चिमी सीमा पर 'रोग' (Rogue) ड्रोन का खतरा वास्तविक चुनौती बन गया है। निगरानी के साथ सीमावर्ती क्षेत्रों में नशीली दवाओं, हथियारों और विस्फोटक की तस्करी भी ड्रोन से करने के उदाहरण सामने आए हैं। इस खतरे से मुकाबले के लिए हम सर्वोत्तम तकनीक प्राप्त कर रहे हैं।

सवाल : BSF में महिलाओं की क्या स्थिति है?
जबाव :
BSF में सबसे पहले 1972 में महिलाओं को चिकित्सीय सेवा में भर्ती किया गया था। बाद में जनरल ड्यूटी काडर में भी महिलाओं की भर्ती को जरूरी बना दिया। आज देश की सभी सीमाओं पर ये वीरांगनाएं तैनात हैं।