अंतिम सफर:दुनिया का पहला तैरता होटल अब उत्तर कोरिया में लावारिस हाल में

सिडनीएक वर्ष पहले
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तैरता होटल समुद्री थपेड़ों में डगमगा जाता था इसलिए फ्लाॅप हो गया। - Dainik Bhaskar
तैरता होटल समुद्री थपेड़ों में डगमगा जाता था इसलिए फ्लाॅप हो गया।

ऑस्ट्रेलिया में 33 साल पहले दुनिया का पहला समुद्र में तैरता फाइव स्टार होटल फोर सीजंस रीफ रिसॉर्ट बनाया गया। इटली के उद्यमी डॉन्ग टारका ने इसकी परिकल्पना की थी। आज की दर के अनुसार इसके निर्माण पर लगभग 753 करोड़ रुपए की लागत आई। होटल में 176 कमरे थे और इसमें 350 मेहमान रह सकते थे। होटल में टेनिस कोर्ट भी था।

टारका का मानना था कि ऑस्ट्रेलिया की बैरियर रीफ को देखने आने वाले लोग इसमें रहने आएंगे। लेकिन ये होटल चंद साल ही चल पाया। इसका बड़ा कारण था कि ये होटल समुद्री थपेड़ों को नहीं झेल पाता था। लहरों के कारण ये बहुत हिलता डुलता था। इसके मेहमानों को सीसिकनेस की बीमारी होने लगी। अब ये होटल ऑस्ट्रेलिया से 10 हजार मील दूर उत्तर कोरिया में लावारिस हाल में है।

मर्डर के बाद बंद ही हो गया होटल
इस होटल को 1998 में उत्तर कोरिया ने खरीद लिया। इसे मांउट कुमगैंग के पास के समुद्र में खड़ा करना था। इसके बावजूद विदेशी पर्यटक उत्तर कोरिया में नहीं आए। इसके बाद एक दक्षिण कोरियाई कंपनी ने इसे खरीदा लेकिन इस तैरते होटल में मर्डर की एक घटना के बाद ये स्थायी रूप से बंद हो गया।